अमरूद के बाग में उगाया करेला, एक ही खेत से होगी दो फसलों की कमाई, किसान ने अपनाया ये तरीका

अमरूद के बाग में उगाया करेला, एक ही खेत से होगी दो फसलों की कमाई, किसान ने अपनाया ये तरीका


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अमरूद के पौधे छोटे थे, खाली जमीन में लगा दिया करेला, 40 दिन में आने लगे फल

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गोंडा के प्रगतिशील किसान सर्वेश तिवारी ने अमरूद के छोटे पौधों के बीच खाली पड़ी जमीन में करेले की खेती शुरू की है. करीब 4 बीघे में की जा रही इस खेती में उन्होंने हाइब्रिड करेला लगाया है. किसान के मुताबिक, इससे अमरूद की फसल तैयार होने से पहले ही सब्जी से आमदनी की उम्मीद है.

गोंडा. यूपी के गोंडा में एक किसान अब एक ही खेत में अलग-अलग फसलें उगाकर अपनी आमदनी बढ़ाने में जुटे हैं. गोंडा के प्रगतिशील किसान सर्वेश तिवारी ने अमरूद के बाग में करेले की खेती शुरू की है. इससे उन्हें एक ही खेत से दो फसलों से कमाई की उम्मीद है.

लोकल 18 से किसान सर्वेश तिवारी बताते हैं कि वे करीब 4 बीघे में अमरूद के साथ करेले की खेती कर रहे हैं. अमरूद के पौधे अभी छोटे हैं, इसलिए पौधों के बीच खाली पड़ी जमीन में उन्होंने करेले की फसल लगा दी. करेले की खेती में करीब 7 हजार रुपये की लागत आई है. उन्होंने हाइब्रिड किस्म का करेला लगाया है. करेला लगाने के करीब 40 से 45 दिन बाद ही उसमें फल आना शुरू हो गया है. किसान को उम्मीद है कि इस फसल से अच्छी कमाई होगी.

सर्वेश तिवारी कहते हैं कि जब अमरूद के पौधे छोटे होते हैं तो उनके बीच काफी जगह खाली रहती है. इस खाली जगह में किसान दूसरी फसल लगा सकते हैं. इससे जमीन खाली नहीं रहती और किसान को अतिरिक्त कमाई भी हो सकती है.

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उनके बाग में ताइवान पिंक किस्म का अमरूद लगा हुआ है. अमरूद की फसल तैयार होने में समय लगता है. ऐसे में बीच की खाली जगह में करेला जैसी सब्जी लगाने से किसान को पहले ही आमदनी मिल सकती है.

किसान सर्वेश ने बताया कि अमरूद के बाग में करेले की खेती करने से एक तरफ बाग तैयार होगा और दूसरी तरफ सब्जी से कमाई होती रहेगी. इससे किसान को खेती में लगी लागत निकालने में भी मदद मिल सकती है.

सर्वेश कहते हैं कि किसान अगर सही तरीके से खेती करें और खाली जगह का इस्तेमाल करें तो एक ही खेत से अलग-अलग समय पर कमाई की जा सकती है. उनके मुताबिक, जिन किसानों ने अमरूद की बागवानी शुरू की है और अभी पौधे छोटे हैं, वे पौधों के बीच की खाली जमीन को बेकार न छोड़ें. वहां मौसम के हिसाब से दूसरी फसल लगा सकते हैं. इससे किसान को बाग से अमरूद की कमाई शुरू होने से पहले ही आमदनी मिलने लगेगी.



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