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JDU UP Election 2027: वर्ष 2020 बिहार विधानसभा चुनाव में कमजोर प्रदर्शन करने के बाद जेडीयू ने 2025 मजबूती के साथ वापसी की, और अब पार्टी की नजर उत्तर प्रदेश पर है. नीतीश कुमार की अगुवाई में जेडीयू ने यूपी चुनाव लड़ने की तैयारी की है और 2027 के विधानसभा चुनाव के लिए अभी से कमर कस ली है. जानकारी के अनुसार, पार्टी यूपी में 60 सीटों पर चुनाव लड़ने की तैयारी कर रही है. इसके लिए नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार 25 अक्टूबर को यूपी दौरे पर रहेंगे और काशी से चुनावी शंखनाद करेंगे. पूरी खबर विस्तार से आगे पढ़िए.
यूपी में 60 सीटों पर चुनाव की तैयारी में JDU, 25 अक्टूबर को वाराणसी में निशांत कुमार करेंगे बड़ा ऐलान
पटना. बिहार की राजनीति में अपनी भूमिका के साथ नीतीश कुमार की पार्टी जनता दल यूनाइटेड अब उत्तर प्रदेश में भी संगठन और चुनावी तैयारी को विस्तार देने में जुटी है. पार्टी ने 2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर करीब 60 सीटों पर तैयारी शुरू करने की बात कही है. इसी सिलसिले में 25 अक्टूबर को वाराणसी में जेडीयू का कार्यकर्ता सम्मेलन प्रस्तावित है, जिसमें निशांत कुमार के पहुंचने की बात कही जा रही है. जदयू के प्रवक्ता कुंवर अजय सिंह ने कहा है कि पार्टी उत्तर प्रदेश में करीब 60 विधानसभा सीटों पर चुनाव की तैयारी कर रही है. जदयू के प्रवक्ता ने कहा है कि पार्टी NDA के साथ मिलकर चुनाव लड़ना चाहती है और इसके लिए सम्मानजनक सीटों की हिस्सेदारी की अपेक्षा रखती है. हम 60 सीटों पर तैयारी कर रहे हैं. पार्टी का फोकस पूर्वांचल और कुर्मी, कुशवाहा बहुल सीटों पर है. दरअसल, जदयू का मानना है कि यूपी में ओबीसी वोटों में सेंध लगाकर वह अपनी जगह बना सकती है.
UP में विधानसभा चुनाव लड़ने की तैयारी में लगी जेडीयू
वहीं, उतर प्रदेश के प्रभारी मंत्री श्रवण कुमार ने भी जानकारी साझा करते हुए बताया कि जेडीयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय झा और निशांत कुमार उतर प्रदेश जाएंगे और एक चुनावी सभा को संबोधित करेंगे. उतर प्रदेश में चुनाव को लेकर पार्टी की तैयारी है और गठबंधन को लेकर भी बातचीत चल रही है. अगर बातचीत नहीं बनती है तो पार्टी पचास के आसपास सीट पर चुनाव लड़ेगी. जदयू सांसद रामप्रीत मंडल ने यूपी में जेडीयू की चुनावी तैयारी पर कहा कि जेडीयू और नीतीश कुमार का प्रभाव पूरे यूपी में है. खास तौर पर पूर्वी यूपी में ज्यादा प्रभाव है. पार्टी के प्रभारी श्रवण कुमार लगातार लगे हुए हैं और राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष भी सक्रिय हैं. वहीं, जल्दी ही निशांत कुमार का भी दौरा होने वाला है
काशी से होगा चुनावी अभियान का आगाज
इस बीच मिली जानकारी के अनुसार निशांत कुमार 25 अक्टूबर को वाराणसी पहुंचेंगे. बनारस में जेडीयू का बड़ा कार्यकर्ता सम्मेलन होगा और उसी मंच से निशांत कुमार उत्तर प्रदेश चुनाव अभियान की शुरुआत करेंगे. दरअसल, काशी को चुनने के पीछे बड़ी रणनीति है. जदयू इसे पूर्वांचल में अपनी पकड़ मजबूत करने के मौके के तौर पर देख रही है. बिहार से सटे जिलों में JDU का अपना वोट बैंक रहा है.
UP में JDU का कितना जनाधार?
आपको बता दें कि जदयू पहले भी उत्तर प्रदेश में चुनाव लड़ती रही है. वर्ष 2022 के विधानसभा चुनाव में जेडीयू ने कई सीटों पर प्रत्याशी उतारे थे, लेकिन उसे सफलता नहीं मिली थी. यह भी एक तथ्य है कि बिहार के पड़ोस में होने और नीतीश कुमार के प्रभाव के कारण गाजीपुर, बलिया, चंदौली और सोनभद्र जैसी सीटों पर जदयू को कुछ वोट मिलते रहे हैं. हालांकि, फिलहाल एनडीए में सीट शेयरिंग पर कोई आधिकारिक बात नहीं हुई है, लेकिन जदयू ने 60 सीटों का दावा करके दबाव बनाना शुरू कर दिया है.
जदयू में नीतीश के बाद निशांत प्लान
दूसरी ओर पार्टी नीतीश कुमार के बाद निशांत कुमार को नये नेता के तौर पर प्रोजेक्ट करना शुरू कर रही है. इसी कड़ी में जदयू में निशांत कुमार की राजनीतिक सक्रियता हाल के दिनों में बढ़ी है. सितंबर में पटना में पार्टी के कार्यक्रम में उन्होंने कार्यकर्ताओं को संबोधित किया था. इससे पहले पार्टी के राष्ट्रीय और राज्य परिषद से जुड़ी बैठकों में भी उनके संगठनात्मक भूमिका में आने की चर्चा हुई थी. अब निशांत कुमार को आगे करके पार्टी युवा चेहरा पेश करना चाहती है.
निशांत की किया जा रहा प्रोजेक्ट
दरअसल, पार्टी के अंदर निशांत को भविष्य के नेता के तौर पर प्रोजेक्ट किया जा रहा है. बिहार में विधान परिषद चुनाव और संगठन विस्तार के बाद अब यूपी मिशन से जदयू खुद को राष्ट्रीय पार्टी के तौर पर स्थापित करने की कोशिश में है. यूपी में उनका कार्यक्रम ऐसे समय हो रहा है, जब जदयू बिहार से बाहर संगठन विस्तार की कोशिश कर रही है. हालांकि यूपी में चुनावी गठबंधन और सीटों का अंतिम स्वरूप आगे की राजनीतिक बातचीत के बाद ही स्पष्ट होगा.