कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) को केरल में बड़ा झटका लगा है. सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर फ्रेडी फ्रांसिस ने रविवार को ऐलान किया कि वह अब सीजेपी के साथ किसी भी आधिकारिक भूमिका में जुड़े नहीं हैं. उन्होंने संगठन की फंड जुटाने की प्रक्रियाओं, कुछ राजनीतिक बयानों और ऐसे फैसलों पर गंभीर असहमति जताई है, जिनके बारे में उनका मानना है कि वे केरल के धर्मनिरपेक्ष और समाजवादी मूल्यों को नुकसान पहुंचा सकते हैं.
फ्रेडी फ्रांसिस ने एक आधिकारिक बयान जारी कर साफ किया कि वह आगे पार्टी की गतिविधियों में शामिल नहीं होंगे. उन्होंने कहा कि वह संगठन के फैसलों, बयानों या भविष्य की गतिविधियों का समर्थन नहीं कर सकते और न ही उनकी जिम्मेदारी ले सकते हैं.
फंडिंग और राजनीतिक बयानों पर जताई नाराजगी
फ्रेडी फ्रांसिस के मुताबिक, सीजेपी की फंड जुटाने की प्रक्रियाओं, कुछ अपरिपक्व राजनीतिक बयानों और कुछ फैसलों को लेकर उनके गंभीर मतभेद हैं. उन्होंने चिंता जताई कि ऐसे फैसले केरल के धर्मनिरपेक्ष-सामाजिक ढांचे को कमजोर कर सकते हैं. उन्होंने अपने बयान में कहा कि वह ऐसे फैसलों और बयानों का समर्थन करने की स्थिति में नहीं हैं. इसी वजह से उन्होंने संगठन से अलग होने का फैसला लिया है.
हालांकि, फ्रेडी फ्रांसिस ने अपने बयान में किसी विशेष फंडिंग गतिविधि, राजनीतिक बयान या फैसले का विस्तृत ब्योरा नहीं दिया. इसलिए उनकी नाराजगी के विशिष्ट कारणों और संबंधित मामलों को लेकर फिलहाल अतिरिक्त जानकारी सामने नहीं आई है.
सीजेपी के शुरुआती चेहरों में शामिल रहे फ्रेडी
फ्रेडी फ्रांसिस उन शुरुआती लोगों में शामिल रहे हैं, जिन्होंने केरल में सीजेपी और उसके युवा आंदोलन को खड़ा करने में भूमिका निभाई. सितंबर में संगठन की राज्य इकाई ने अपनी गतिविधियों का विस्तार शुरू किया था. इसके तहत सभी जिलों में संगठन की मौजूदगी बढ़ाने और स्थानीय सामाजिक तथा राजनीतिक मुद्दों को उठाने की योजना बनाई गई थी.
फ्रेडी फ्रांसिस पूर्व केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर हुए विरोध प्रदर्शनों में भी सक्रिय रहे थे. केरल कौमुदी की रिपोर्ट के मुताबिक, वह इन प्रदर्शनों से जुड़े प्रमुख चेहरों में शामिल थे.
ऐसे में उनका संगठन से अलग होने का ऐलान CJP की केरल इकाई के लिए अहम घटनाक्रम माना जा रहा है. हालांकि, उनके फैसले से संगठन की आगे की रणनीति या गतिविधियों पर क्या असर पड़ेगा, यह अभी स्पष्ट नहीं है.
साथ काम करने वालों का जताया आभार
संगठन से दूरी बनाने की घोषणा के बावजूद फ्रेडी फ्रांसिस ने उन लोगों के सामूहिक प्रयासों की तारीफ की, जिन्होंने उनके साथ काम किया था. उन्होंने बाढ़, विरोध प्रदर्शनों और अन्य पहलों के दौरान टीम के साथ खड़े रहने वाले समर्थकों का आभार जताया.
फ्रांसिस ने कहा कि टीम के तौर पर किए गए काम ने आंदोलन की मौजूदा स्थिति की नींव तैयार की है. उन्होंने सामूहिक प्रयासों और इसमें योगदान देने वाले लोगों पर गर्व भी जताया.
‘संगठन से अलग हुआ हूं, अपने सिद्धांतों से नहीं’
फ्रेडी फ्रांसिस ने साफ किया कि CJP से अलग होने का अर्थ उन मूल्यों से दूरी बनाना नहीं है, जिनमें वह विश्वास करते हैं. उन्होंने कहा कि लोकतंत्र, धर्मनिरपेक्षता और सामाजिक न्याय के प्रति उनकी प्रतिबद्धता पहले की तरह कायम है. उन्होंने यह भी कहा कि भारत के प्रत्येक नागरिक के संवैधानिक अधिकारों और स्वतंत्रताओं की रक्षा के लिए उनका रुख नहीं बदला है.
फ्रांसिस के इस बयान से संकेत मिलता है कि संगठन से अलग होने के बावजूद वह सार्वजनिक और सामाजिक मुद्दों पर अपनी विचारधारा के अनुरूप सक्रिय रहना चाहते हैं.