Last Updated:
Dolly Khanna Portfolio : चेन्नई की रहने वाली डॉली खन्ना भारतीय शेयर बाजार में 1996 से सक्रिय हैं. री-रेटिंग या टर्नअराउंड फेज वाली अच्छी कंपनियों में पैसा लगाने के लिए वे जानी जाती हैं. सितंबर तिमाही में डॉली ने अपने पोर्टफोलियो में रेन इंडस्ट्रीज शेयर को फिर से शामिल किया है.
डॉली खन्ना भारतीय शेयर बाजार में 1996 से सक्रिय हैं.
नई दिल्ली. दिग्गज निवेशक डॉली खन्ना ने एक ऐसे शेयर पर दोबारा दांव लगाया है, जिसे उन्होंने पहले भी खरीदा था, लेकिन बाद में पोर्टफोलियो से बाहर कर दिया. अब एक बार फिर उसी शेयर में मोटा पैसा झोंक दिया है. चालू वित्त वर्ष की दूसरी तिमाही में जिस शेयर को डॉली खन्ना ने अपने पोर्टफोलियो में जगह दी है उसका नाम है रेन इंडस्ट्रीज लिमिटेड (Rain Industries Ltd.). सितंबर 2026 तिमाही के ताजा शेयरहोल्डिंग पैटर्न के मुताबिक, डॉली खन्ना की इस शेयर में 1.7% हिस्सेदारी है. इस स्टैक की बाजार वैल्यू करीब ₹122.7 करोड़ है.
चेन्नई की रहने वाली डॉली खन्ना भारतीय शेयर बाजार में 1996 से सक्रिय हैं. उनका पोर्टफोलियो उनके पति राजीव खन्ना संभालते हैं. बाजार में उनकी पहचान ऐसी पारंपरिक, मैन्युफैक्चरिंग, टेक्सटाइल, केमिकल और शुगर कंपनियों को तलाशने की है, जो अपनी शुरुआती री-रेटिंग या टर्नअराउंड फेज में होती हैं. डॉली खन्ना के पास मार्च 2026 तिमाही में रेन इंडस्ट्रीज का शेयर था. लेकिन जून 2026 तिमाही में यह इस दिग्गज निवेशक के पोर्टफोलियो से गायब हो गया. अब सवाल उठता है कि आखिर अचानक ऐसा क्या बदला कि उन्होंने दोबारा इस कंपनी पर इतना बड़ा भरोसा जताया है?
मुनाफे में 311% का तूफानी उछाल
डॉली खन्ना द्वारा रेन इंडस्ट्रीज शेयर में पैसा लगाने के पीछे सबसे बड़ा ट्रिगर कंपनी के हालिया वित्तीय नतीजे माने जा रहे हैं. 30 जून 2026 को समाप्त तिमाही में कंपनी ने वित्तीय मोर्चे पर जबरदस्त बाउंसबैक दिखाया है. सालाना आधार पर कंपनी का रेवेन्यू ₹4,428.9 करोड़ से बढ़कर ₹5,200.2 करोड़ पर पहुंच गया. वहीं, शुद्ध मुनाफे ₹83 करोड़ से सीधे 311% की छलांग लगाकर ₹341 करोड़ पर पहुंच गया. कंपनी का EBITDA भी ₹617 करोड़ से बढ़कर ₹994 करोड़ हो गया.
बैलेंस शीट सुधारने और कर्ज घटाने पर पूरा जोर
कंपनी सिर्फ मुनाफा कमाने तक सीमित नहीं है, बल्कि अपनी वित्तीय स्थिति को भी दुरुस्त करने में जुटी है. मैनेजमेंट ने आगे के लिए तीन प्राथमिकताएं तय की हैं. कर्ज को तेजी से कम करना, वर्किंग कैपिटल का अनुशासन के साथ प्रबंधन करना और फ्री कैश फ्लो को बढ़ाना. कैपिटल एलोकेशन को लेकर कंपनी अब काफी सतर्क है.
6 महीने में आई 76% तेजी
शेयर बाजार में भी रेन इंडस्ट्रीज के शेयरों ने दम दिखाया है. पिछले 6 महीनों के दौरान इस स्टॉक ने निवेशकों को 76 फीसदी रिटर्न दिया है. एक साल में यह करीब 69% चढ़ा है. मंगलवार को शेयर 1.12% की बढ़त के साथ 220.40 रुपये पर बंद हुआ. 9 दिसंबर 2025 को ₹99.90 के 52-वीक लो पर फिसलने के बाद इसने 7 अगस्त 2026 को ₹252 का 52-हफ्तों का उच्चतम स्तर छुआ था.
क्या करती है कंपनी?
रेन इंडस्ट्रीज मुख्य रूप से कार्बन प्रोडक्ट्स की दिग्गज निर्माता है. यह कैल्साइंड पेट्रोलियम कोक (CPC) और कोल टार पिच (CTP) बनाती है, जिसका मुख्य उपयोग एल्युमीनियम स्मेल्टिंग में होता है. इसके अलावा कंपनी एडवांस्ड मैटेरियल्स, स्पेशियलिटी केमिकल्स और सीमेंट कारोबार में सक्रिय है. सीमेंट सेक्टर में कंपनी अपनी सब्सिडियरी रेन सीमेंट्स के जरिए कारोबार करती है.