दुबई से इजराइल जा रही ‘फ्लाईदुबई’ (Flydubai) की फ्लाइट में कॉकपिट हमले के दौरान 174 यात्रियों की जान बचाने वाले भारतीय कैप्टन स्मित मछार को लेकर एक बहुत बड़ी और राहत भरी खबर सामने आई है. संयुक्त अरब अमीरात (UAE) में भारत के राजदूत दीपक मित्तल ने अस्पताल पहुंचकर खुद जांबाज कैप्टन स्मित मछार और उनके परिवार से मुलाकात की है. अबू धाबी स्थित भारतीय दूतावास ने आधिकारिक तौर पर इस मुलाकात की जानकारी देते हुए देशवासियों को कैप्टन की सेहत का बड़ा अपडेट दिया है. दूतावास के मुताबिक, कैप्टन स्मित मछार की सेहत में तेजी से सुधार हो रहा है और वो अब बिल्कुल ठीक हैं.
अस्पताल पहुंचे राजदूत दीपक मित्तल, कैप्टन स्मित के परिवार से मिले
यूएई में भारत के राजदूत दीपक मित्तल ने अस्पताल जाकर न सिर्फ कैप्टन स्मित मछार का हेल्थ अपडेट लिया, बल्कि उनके परिवारजनों से भी मुलाकात की. राजदूत दीपक मित्तल ने कैप्टन स्मित मछार की अदम्य बहादुरी, सूझबूझ और पेशेवर जज्बे की खुलकर तारीफ की.
उन्होंने कैप्टन के परिवार को भरोसा दिलाया कि भारत सरकार और यूएई में मौजूद भारतीय सरकार हर कदम पर उनके साथ खड़ी है. इलाज में किसी भी तरह की कमी न रहे, इसके लिए दूतावास की एक खास टीम अस्पताल प्रशासन और स्थानीय स्वास्थ्य अधिकारियों के साथ लगातार तालमेल बनाए हुए है.
‘कैप्टन स्मित की सेहत में हो रहा है तेजी से सुधार’
अबू धाबी में मौजूद भारतीय दूतावास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर इस मुलाकात की जानकारी शेयर करते हुए लिखा, ‘यूएई में भारतीय राजदूत दीपक मित्तल ने अस्पताल में कैप्टन स्मित मछार और उनके परिवार से मुलाकात की. कैप्टन मछार का स्वास्थ्य अच्छा है और उनकी सेहत में तेजी से सुधार हो रहा है. दूतावास उनके लगातार इलाज और भलाई को सुनिश्चित करने के लिए स्थानीय अधिकारियों के साथ संपर्क में बना हुआ है’.
कैप्टन स्मिथ के लिए जगह-जगह प्रार्थनाएं
कैप्टन स्मिथ दुनिया के नजरों में हीरो बन चुके हैं. इजरायल से लेकर भारत तक उनके जल्द से जल्द ठीक होने की दुआएं की जा रही हैं. इजरायल से प्रार्थनाओं के कई वीडियोज सामने आए हैं, जिसमें लोग कैप्टन स्मिथ की लंबी उमर की कामना कर रहे हैं. इन्हीं दुआओं का असर है कि वो अब तेजी से रिकवर कर रहे हैं. कल रात उनकी सर्जरी हुई थी क्योंकि को-पायलट ने स्मित पर चाकु से कई अटैक किए थे.
भारतीय राजदूत दीपक मित्तल ने बताया है कि कैप्टन स्मित मुस्कुरा रहे थे और हंस रहे थे, जो हमारे लिए और सबसे बढ़कर उनके परिवार के लिए बड़ी राहत की बात है
जब कैप्टन स्मित बने थे 174 जिंदगियों के मसीहा
बता दें कि फ्लाईदुबई की फ्लाइट FZ1073 जब दुबई से तेल अवीव के लिए हवा में उड़ रही थी, तब कॉकपिट में भारतीय मूल के कैप्टन स्मित मछार और ओमान का रहने वाला एक को-पायलट मौजूद थे.
उड़ान के दौरान ही कट्टरपंथी सोच से प्रभावित ओमानी को-पायलट ने अचानक चाकू निकालकर कैप्टन स्मित पर जानलेवा हमला कर दिया था. इस हमले में कैप्टन बुरी तरह जख्मी हो गए और ओमानी पायलट ने प्लेन क्रैश करवाने की कोशिश की. महज 30 सेकंड के भीतर विमान लगभग 14,000 फीट नीचे गिर गया और प्लेन के अंदर बैठे 174 यात्रियों की सांसें अटक गईं.
ऐसी भयानक और जानलेवा स्थिति में भी कैप्टन स्मित मछार ने अपनी हिम्मत नहीं हारी. खून से लथपथ होने के बावजूद उन्होंने कॉकपिट का दरवाजा खोल दिया. दरवाजा खुलते ही केबिन क्रू और यात्रियों ने दिलेरी दिखाते हुए उस खूंखार ओमानी को-पायलट पर धावा बोल दिया और उसे दबोच लिया. उसी फ्लाइट में यात्री के रूप में सफर कर रहे दो अन्य ऑफ-ड्यूटी पायलटों ने तुरंत कॉकपिट संभाला और प्लेन को सुरक्षित रूप से सऊदी अरब में इमरजेंसी लैंड कराया.