Rajasthan youngest Sarpanch | Sirohi youngest Sarpanch | Rajasthan News

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Rajasthan Sirohi District Young Sarpanch Sangeeta Story : राजस्थान के सिरोही जिले के आबूरोड पंचायत समिति के आमथला ग्राम पंचायत में 21 वर्षीय बीए की छात्रा संगीता कुमारी गरासिया सरपंच बनी हैं. उन्होंने चुनाव में 47 वोटों से जीत हासिल की है. . चुनावी रैली के अलावा घर-घर जाकर लोगों से वोट मांगे. इसके बाद चुनावी परिणाम में उन्होंने 47 वोट से जीत हासिल की थी. संगीता को चुनाव में 836 मिले थे, वहीं उनकी प्रतिद्वंद्वी को 789 वोट मिले थे.

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सिरोही. राजस्थान में पंचायती राज चुनाव में सरपंच पदों पर इस बार कई युवा जेन-जी भी चुनाव जीतकर सरपंच बने हैं. सिरोही जिले के आबूरोड पंचायत समिति के आमथला ग्राम पंचायत में मात्र 21 साल की उम्र में आदिवासी युवती संगीता कुमारी गरासिया सरपंच बनीं है. संगीता कुमारी के पिता एक फैक्ट्री में इंसुलेटर बनाने का काम करते हैं वही संगीता खुद अभी कॉलेज में बीए थर्ड ईयर की छात्रा है.

गांव में चुनाव सरपंच पद सीट के आरक्षण में एसटी महिला सीट आने पर संगीता कुमारी गरासिया और उसके परिवार ने चुनाव लड़ने का फैसला किया. चुनावी रैली के अलावा घर-घर जाकर लोगों से वोट मांगे. इसके बाद चुनावी परिणाम में उन्होंने 47 वोट से जीत हासिल की थी. संगीता को चुनाव में 836 मिले थे, वहीं उनकी प्रतिद्वंद्वी को 789 वोट मिले थे.

पढ़ाई के साथ गांव के विकास के लिए भी प्रतिबद्ध 
संगीता ने लोकल 18 से खास बातचीत में बताया कि वह आबूरोड सरकारी कॉलेज से बीए थर्ड ईयर की पढ़ाई कर रही है. चुनाव में वह सरपंच चुने जाने के बाद अब वह गांव के विकास को लेकर भी प्रतिबद्ध है, इसलिए वह अपनी पढ़ाई पूरी करने के साथ ही गांव की मूलभूत सुविधाओं जैसे सड़क, नाली, बिजली और पानी जैसी सुविधाओं को लोगों तक पहुंचाने का काम करेगी. जिन इलाकों में सड़के टूटी हुई है, वहां सड़के बनवाएगी और जहां अब तक बिजली नहीं पहुंच पाई है उन्हें इलाकों को भी रोशन करेगी.

सामान्य परिवार से सरपंच तक का सफर 
संगीता एक सामान्य आदिवासी परिवार से है. उनके पिता वीरमाराम गरासिया आमथला की मॉडर्न इंसुलेटर फैक्ट्री में इंसुलेटर बनाने का काम करते हैं. सामान्य परिवार से सीधे सरपंच बनने तक का सफर संगीता के लिए अनोखा रहा है. अब वह गांव में उन कार्यों को कार्रवाई जो अब तक नहीं हो सके हैं. खुद शिक्षित होने की वजह से गांव में विकास के साथ सरकारी योजनाओं का लाभ भी ज्यादा से ज्यादा लोगों को मिले.



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