नई दिल्ली. भारतीय क्रिकेट टीम का अगला सीमित ओवरों का अभियान न्यूजीलैंड के खिलाफ पांच मैचों की वनडे सीरीज के साथ शुरू होने जा रहा है. इस सीरीज का पहला मुकाबला 4 नवंबर को ऑकलैंड में खेला जाएगा, जो कि आधुनिक क्रिकेट के महान बल्लेबाज विराट कोहली के 38वें जन्मदिन से ठीक एक दिन पहले है. क्रिकेट जगत में चर्चा गर्म है कि यह दौरा न्यूजीलैंड की धरती पर कोहली का आखिरी दौरा हो सकता है. ऐसे में यह दिग्गज खिलाड़ी इस दौरे को यादगार बनाने और क्रिकेट इतिहास में अपने नाम कुछ ऐसे स्वर्णिम अध्याय जोड़ने के लिए पूरी तरह तैयार है, जिन्हें तोड़ पाना आने वाली पीढ़ियों के लिए बेहद मुश्किल होगा.
क्रिकेट के आंकड़ों पर अगर नजर डालें, तो पता चलता है कि विराट कोहली (Virat Kohli) पहले ही अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में अनगिनत रिकॉर्ड अपने नाम कर चुके हैं. वह विपक्षी टीमों के घर में यानी अवे (Away) वनडे मैचों में सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज हैं. कोहली ने इन मुकाबलों में 127 मैचों की 127 पारियों में 53.96 की शानदार औसत से 5,612 रन बनाए हैं. अब इस सीरीज के दौरान उनकी नजरें कुछ ऐसे ऐतिहासिक मुकाम हासिल करने पर होंगी, जो क्रिकेट प्रेमियों लंबे समय तक याद रहेंगे. आइए जानते हैं उन तीन बड़े रिकॉर्ड्स के बारे में, जिन्हें विराट कोहली इस सीरीज या निकट भविष्य में अपने नाम कर सकते हैं.
विदेशी सरजमीं पर रनों की भूख और 50 प्लस का महारिकॉर्ड
विराट कोहली की विदेशी कंडीशन में बल्लेबाजी की भूख जगजाहिर है. विदेशी सरजमीं पर उन्होंने अपनी बल्लेबाजी का लोहा मनवाते हुए अब तक 21 शानदार शतक और 28 अर्धशतक जड़े हैं. वर्तमान में 37 वर्षीय यह दिग्गज खिलाड़ी एक खास उपलब्धि हासिल करने से सिर्फ एक कदम दूर है. वह दुनिया के पहले ऐसे बल्लेबाज बनने की कगार पर हैं, जिन्होंने अवे वनडे मैचों में 50 या उससे अधिक बार पचास (50 प्लस स्कोर) का आंकड़ा छुआ हो. फिलहाल उनके नाम 49 बार पचास से अधिक का स्कोर दर्ज है. इसके साथ ही, कोहली दुनिया के इकलौते ऐसे बल्लेबाज हैं जिनके नाम इन विदेशी मैचों में 20 से ज्यादा शतक दर्ज करने का ऐतिहासिक रिकॉर्ड है.
नंबर 3 पर बल्लेबाजी करते हुए 13,000 वनडे रनों का ऐतिहासिक मील का पत्थर
वनडे क्रिकेट के इतिहास में नंबर-3 की पोजीशन विराट कोहली की पहचान बन चुकी है. इस क्रम पर बल्लेबाजी करते हुए उन्होंने जो रन मशीन का रूप दिखाया है, उसका कोई सानी नहीं है. कोहली अब इस ऐतिहासिक मुकाम से महज 2 रन दूर हैं, जो उन्हें नंबर-3 पोजीशन पर बल्लेबाजी करते हुए 13,000 वनडे रन पूरे करने वाला दुनिया का पहला बल्लेबाज बना देगा.
सचिन तेंदुलकर के खास क्लब में शामिल होने का मौका
इस पोजीशन पर खेलते हुए उन्होंने अब तक 250 पारियों में 61.55 की अद्भुत औसत से 12,988 रन बनाए हैं. हैरानी की बात यह है कि उनके कुल 55 वनडे शतकों में से 48 शतक इसी पोजीशन से आए हैं, साथ ही उनके बल्ले से इस क्रम पर 69 अर्धशतक भी निकले हैं. इस सूची में उनके आसपास दूर-दूर तक कोई नजर नहीं आता. ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान रिकी पोंटिंग (12,662 रन) एकमात्र ऐसे अन्य बल्लेबाज हैं जिन्होंने इस पोजीशन पर 10,000 से अधिक रन बनाए हैं.
सचिन के बराबर शतकों का सफर
दिलचस्प बात यह है कि महान सचिन तेंदुलकर वर्तमान में दुनिया के इकलौते ऐसे बल्लेबाज हैं जिन्होंने किसी एक खास बैटिंग पोजीशन पर 13,000 से ज्यादा रन बनाए हैं (उन्होंने ओपनिंग करते हुए 15,310 रन बनाए थे). अब विराट कोहली इस विशिष्ट क्लब में सचिन के ठीक बगल में अपना नाम दर्ज कराने के मुहाने पर खड़े हैं.
लिस्ट-ए क्रिकेट में शतकों का ‘विराट’ महारिकॉर्ड
अंतरराष्ट्रीय और घरेलू क्रिकेट को मिलाकर बनने वाले ‘लिस्ट-ए’ फॉर्मेट में शतकों का महासंग्राम भी काफी रोमांचक मोड़ पर है. वर्तमान में विराट कोहली और भारत के ही महानतम बल्लेबाज सचिन तेंदुलकर संयुक्त रूप से इस सूची में शीर्ष पर हैं. दोनों के नाम लिस्ट-ए क्रिकेट में 60-60 शतक दर्ज हैं.
क्रिकेट इतिहास में शतकों के बेताज बादशाह बनने की ओर कदम
यदि कोहली इस आगामी सीरीज में या आने वाले समय में एक और शतक जड़ देते हैं, तो वह लिस्ट-ए क्रिकेट के इतिहास में सबसे ज्यादा शतक लगाने वाले दुनिया के इकलौते बल्लेबाज बन जाएंगे और सचिन तेंदुलकर को पीछे छोड़ देंगे. इस रिकॉर्ड की भव्यता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि दुनिया का कोई अन्य बल्लेबाज इस फॉर्मेट में 45 शतकों के आंकड़े के आसपास भी नहीं पहुंच पाया है. जहां तक कुल वनडे शतकों का सवाल है, कोहली के नाम वर्तमान में 55 वनडे शतक दर्ज हैं, जबकि सचिन तेंदुलकर (49) इस मामले में उनके बाद दूसरे पायदान पर हैं.