110 रन पर ऑलआउट पाकिस्तान, फाइनल में श्रीलंका, 430 रन बनाने वाली इंग्लैंड बाहर
Last Updated:
PAK vs SL Highlights: दिलशान मदुशंका ने अपने वनडे करियर का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए 34 रन देकर 5 विकेट लिए, जिससे लाहौर में श्रीलंका को आठ विकेट से शानदार जीत मिली, इसके साथ ही श्रीलंका ने पाकिस्तान के खिलाफ लगातार पांच हार का सिलसिला तोड़ा और फाइनल में उसी प्रतिद्वंद्वी (पाकिस्तान) के खिलाफ अपनी जगह पक्की कर ली.
दिलशान मधुशंका ने पाकिस्तान के खिलाफ झटके पांच विकेट
लाहौर: पाकिस्तान को सिर्फ 110 रन पर लपेटने के बाद आठ विकेट से धमाकेदार जीत के साथ ही श्रीलंका फाइनल में पहुंच गया. इसी के साथ त्रिकोणीय वनडे सीरीज से इंग्लैंड का बोरिया बिस्तर भी बंध गया, जिसने चंद रोज पहले रिकॉर्ड 430 रन बनाकर ऐतिहासिक जीत हासिल की थी. लेफ्ट आर्म पेसर दिलशान मधुशंका ने पांच विकेट लेते हुए पाकिस्तान को 25.3 ओवर में ही ऑलआउट कर दिया और फिर 18.1 ओवर में सिर्फ दो विकेट गंवाकर ही लक्ष्य हासिल कर लिया.
घरेलू मैदान पर पाकिस्तान का दूसरा सबसे छोटा स्कोर
फाइनल 31 अक्टूबर को मेजबान पाकिस्तान और श्रीलंका के बीच खेला जाएगा. ऐसे में 29 अक्टूबर को इंग्लैंड और श्रीलंका के बीच होने वाला मैच सिर्फ औपचारिकता भर रह गया. यह घरेलू मैदान पर पाकिस्तान का दूसरा सबसे कम स्कोर था और श्रीलंका के खिलाफ उनका तीसरा सबसे कम स्कोर. दिलचस्प बात यह है कि घरेलू मैदान पर पाकिस्तान का सबसे कम स्कोर भी श्रीलंका के खिलाफ ही बना था.
191 गेंद पहले ही जीती श्रीलंकाई टीम
कामिंदु मेंडिस 60 गेंदों पर 62 रन बनाकर नाबाद रहे और उन्होंने ही लक्ष्य का पीछा करने में मुख्य भूमिका निभाई. वहीं, पवन रत्नायके ने एक शॉट खेलकर जीत पक्की की, उन्होंने 26 गेंदों पर 23 रन बनाए. किस्मत ने भी श्रीलंका का साथ दिया. पारी की शुरुआत में साद बेग ने विकेट के पीछे कामिंदु का कैच छोड़ दिया था. बाद में अपनी फिफ्टी तक पहुंचने की कोशिश में उन्होंने डीप बैकवर्ड स्क्वायर लेग की तरफ शॉट खेला, लेकिन कैच पकड़ने वाले फील्डर का पैर बाउंड्री लाइन (स्कर्टिंग) पर पड़ गया, जिससे वह आउट होने से बच गए.
110 में से 29 रन बाबर आजम ने बनाए
पाकिस्तान के लिए बाबर आजम ने 33 गेंदों में 29 रन बनाकर सबसे ज्यादा स्कोर किया, लेकिन उनके अलावा केवल तीन अन्य बल्लेबाज ही दहाई के अंक तक पहुंच सके, क्योंकि श्रीलंकाई गेंदबाज़ों ने पाकिस्तानी बल्लेबाजी क्रम को ध्वस्त कर दिया. अब तक शांत चल रहे सहन अराचिगे ने आखिरकार इस मुकाबले में अपनी छाप छोड़ी और दो विकेट चटकाए, जबकि असिथा फर्नांडो, ईशान मलिंगा और दुनिथ वेलालागे को एक-एक विकेट मिला.