सीवान पटाखा फैक्ट्री ब्लास्टः इमारत बनी मलबा, 5 की मौत, चश्मदीद बोले- किसी का हाथ नहीं मिला, तो किसी का पैर गायब


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Siwan Firecracker Factory Blast: सीवान में शुक्रवार को दिल दहलाने वाला हादसा हुआ. पटाखा फैक्ट्री ब्लास्ट में पांच लोगों की दर्दनाक मौत हो गई. कई लोग घायल हो गए. धमाका इतना जोरदार था कि इमारत टूटकर गिर गई और मलबे में लाशें दब गईं. रेस्क्यू के वक्त मौजूद लोगों का कहना है कि ब्लास्ट में मृतकों की लाशें क्षत-विक्षत हो गईं. विस्फोट की वजह से अंग दूर-दूर जाकर गिरे.

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सीवान ब्लास्टः इमारत बनी मलबा, 5 की मौत, चश्मदीद बोले- अंग बिखरे पड़े मिले...Zoom

सीवान में पटाखा फैक्ट्री ब्लास्ट पर चश्मदीद क्या बोले?

सीवानः “किसी का हाथ कहीं पड़ा था, तो किसी का पैर कहीं. मलबे में शव पड़े थे. ऐसा मंजर हमने कभी नहीं देखा.” पटाखा फैक्ट्री में भीषण विस्फोट के बाद घटनास्थल का मंजर बयां करते हुए चश्मदीदों ने यह बात कही. धमाका इतना तेज था कि मकान बुरी तरह क्षतिग्रस्त होकर मलबे में बदल गया. हादसे में अब तक 5 लोगों की मौत हो चुकी है. जबकि कई लोग घायल हैं. घटना सीवान के जामो थाना में अलमापुर गांव की है. हादसे के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई. सीवान के डीएम विजय प्रकाश मीणा और एसपी भारत सोनी मौके पर पहुंचे.

पटाखा बनाने के दौरान हुआ जोरदार विस्फोट
अलमापुर गांव में अमीरुद्दीन के मकान में पटाखा बनाने का काम किया जा रहा था. इसी दौरान अचानक जोरदार धमाका हुआ. विस्फोट की आवाज दूर तक सुनाई दी और मकान का बड़ा हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया. धमाके के बाद आसपास के लोग मौके पर जुट गए. पुलिस और प्रशासन की टीम ने पहुंचकर रेस्क्यू शुरू किया. चश्मदीदों के मुताबिक, धमाके के बाद घटनास्थल पर बेहद भयावह मंजर था. मकान के मलबे में शव और उनके अंग बिखरे पड़े थे. स्थानीय लोगों ने बताया कि धमाके की तीव्रता इतनी अधिक थी कि इमारत बुरी तरह टूट गई. हादसे के बाद से गांव में मातम पसरा है.

अब तक 5 लोगों की मौत की पुष्टि
प्रशासन की ओर से जारी जानकारी के अनुसार, हादसे में तीन लोगों की मौत की शुरुआती पुष्टि की गई थी. बाद में मृतकों की संख्या बढ़कर पांच हो गई. घटना के समय मकान में कितने लोग मौजूद थे और कितने लोग घायल हुए, इसकी पूरी जानकारी जुटाई जा रही है. प्रशासन की प्राथमिकता घायलों को इलाज मुहैया कराने और घटनास्थल पर राहत-बचाव कार्य पूरा करने की है. डीएम विजय प्रकाश मीणा ने बताया कि मकान में पटाखा बनाने की सूचना मिल रही थी और इसी मकान में विस्फोट हुआ है. वहीं, एसपी भारत सोनी के मुताबिक, स्थानीय लोगों से मिली जानकारी के आधार पर विस्फोट के समय मकान में सात लोगों के मौजूद होने की बात सामने आई थी. मामले में पटाखा निर्माण के लाइसेंस और अन्य दस्तावेजों की भी जांच की जा रही है.

थानाध्यक्ष और चौकीदार सस्पेंड
हादसे के बाद पुलिस विभाग ने कार्रवाई करते हुए जामो थानाध्यक्ष धीरज कुमार और चौकीदार चंद्रिका माझी को निलंबित कर दिया है. मामले की जांच के लिए महाराजगंज एसडीपीओ अमन के नेतृत्व में टीम गठित की गई है. एसपी और डीएम खुद घटनास्थल पर मौजूद रहकर स्थिति का जायजा लेते रहे. पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि मकान में पटाखा बनाने का काम किस तरह किया जा रहा था और इसके लिए जरूरी अनुमति ली गई थी या नहीं. स्थानीय लोगों ने पटाखा निर्माण के लिए लाइसेंस होने की बात कही है, लेकिन पुलिस दस्तावेजों की जांच के बाद ही इसकी पुष्टि करेगी.

FSL टीम कर रही जांच
विस्फोट के कारणों का पता लगाने के लिए एफएसएल की टीम भी घटनास्थल पर पहुंची. जांच में यह देखा जा रहा है कि धमाका किन परिस्थितियों में हुआ, मकान में पटाखा बनाने के लिए क्या व्यवस्था थी और सुरक्षा मानकों का पालन किया जा रहा था या नहीं. पुलिस मामले में प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है. सीवान के अलमापुर गांव में हुए इस हादसे ने कई परिवारों को गहरे सदमे में डाल दिया है. पांच लोगों की मौत के बाद गांव में शोक का माहौल है.



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