यूपी चुनाव 2027: कांग्रेस के बड़े नेता ने ‘LEAK’ किया घोषणा पत्र, जानें किन 13 मुद्दों पर योगी सरकार को घेरने की है तैयारी

यूपी चुनाव 2027: कांग्रेस के बड़े नेता ने ‘LEAK’ किया घोषणा पत्र, जानें किन 13 मुद्दों पर योगी सरकार को घेरने की है तैयारी


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यूपी: कांग्रेस का घोषणा पत्र ‘LEAK’, इन 13 मुद्दों से ‘योगी राज’ पर होगा अटैक

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Congress Manifesto for UP Elections: उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 में कांग्रेस का घोषणा पत्र क्या होगा, इसको लेकर पार्टी प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम ने ज्यादातर बातों को खुलासा पहले ही कर दिया है. गौतम ने उन 13 प्वाइंट का जिक्र किया है जिसे आधार बनाकर कांग्रेस अपना घोषणा पत्र जारी करेगी. उन्होंने बताया कि कांग्रेस यूपी चुनाव में बेरोजगारी, एससी/एसटी के आरक्षण में कटौती, महंगी शिक्षा, राम मंदिर में चढ़ावा चोरी और एसआईआर जैसे मुद्दों पर योगी आदित्यनाथ की सरकार को घेरने की तैयारी कर रही है.

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कांग्रेस के यूपी प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम ने बताया है कि पार्टी किन मुद्दों के दम पर यूपी चुनाव में बीजेपी को घेरेगी.

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर कांग्रेस पूरा जोर लगाए हुए है. कांग्रेस प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम जहां पहले समाजवादी पार्टी से 200 सीटों की डिमांड कर रहे थे, अब उनके सुर बदलने लगे हैं. राजेंद्र पाल गौतम ने कहा है कि उन्होंने यह कभी नहीं कहा कि कांग्रेस 200 से कम सीटों पर नहीं लड़ेगी. उन्होंने कहा वह केवल चाहते हैं कि जब गठबंधन चुनाव के मैदान में उतरे तो कांग्रेस के कार्यकर्ता भी खुद को सम्मानित महसूस करे. समाजवादी पार्टी ने यूपी चुनाव का घोषणापत्र जारी करने के लिए संविधान दिवस यानी 26 नवंबर को दिन चुना है. वहीं राजेंद्र पाल गौतम ने एक इंटरव्यू में उन तमाम मुद्दों के बारे में पहले ही बता दिया जिस लेकर कांग्रेस 2027 के चुनाव में उतरेगी. गौतम ने इतने विस्तार से मुद्दों पर बात की है जिससे यह कहा जा सकता है कि उन्होंने यूपी चुनाव 2027 में कांग्रेस का घोषणा पत्र पहले ही LEAK कर दिया है. आइए उसपर एक नजर डालते हैं.

  1. संविधान और एसआईआर: कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के गठबंधन के लिए संविधान की रक्षा, वोटर लिस्ट के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) और वोट चोरी के आरोप प्रमुख मुद्दे होंगे.
  2. रोजगार: युवाओं को रोजगार और सरकारी नौकरियों में भर्ती का मुद्दा उठाया जाएगा.
  3. आरक्षण: राजेंद्र पाल गौतम ने आरोप लगाया कि 69,000 शिक्षक भर्ती में आरक्षित वर्गों के साथ अन्याय हुआ. एससी, एसटी कैटगरी के हिस्से की 6800 वैकेंसी जनरल कैटेगरी को दे दी. उन्होंने एससी और ओबीसी के आरक्षण को यूपी चुनाव में मुद्दा बनाने की बात कही.
  4. छात्रवृत्ति: उन्होंने छात्रवृत्ति में देरी और इसके लाभार्थियों की संख्या घटने का आरोप लगाते हुए इसे चुनाव में मुद्दा बनाने की बात कही. पहले देश में करोड़ों छात्रों को छात्रवृत्ति मिलती थी, आज यह घटकर पूरे भारत में 36 लाख बच गई है. जबकि देश का बजट लगातार बढ़ रहा है.
  5. किसानों की समस्याएं: हजारो करोड़ रुपये गन्ना किसानों का बकाया, चीनी मिलों का बंद होना और किसानों की आत्महत्या जैसे मुद्दे उठाए जाने पर जोर दिया.
  6. महंगी शिक्षा: सरकारी इंजीनियरिंग, मेडिकल और लॉ कॉलेजों की पढ़ाई के बढ़ते खर्च पर सवाल उठाए जाएंगे. कहा आज इंजीनियरिंग की पढ़ाई कोचिंग सहित करीब 20 लाख में होती है, मेडिकल की पढ़ाई तो करोड़ तक पहुंच जाती है. एनएलयू करने के लिए पहले कोचिंग पर तीन-चार लाख रुपये खर्च करो, उसके बाद एग्जाम पास करते हो तो एक साल की फीस पौने चार लाख रुपये. हॉस्टल, किताबें और ट्रांसपोर्टेशन जोड़कर एनएलयू की डिग्री के लिए 30 लाख रुपये का खर्च है. आज मध्यम वर्ग का भी परिवार सरकारी कॉलेज से भी शिक्षा का खर्च नहीं उठा सकता.
  7. महिला सुरक्षा: उत्तर प्रदेश में महिलाओं के खिलाफ बढ़ते अपराध और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सरकार को घेरने की बात कही.
  8. दलित उत्पीड़न: राजेंद्र पाल गौतम ने दलितों और पिछड़े वर्गों के खिलाफ अत्याचार के मुद्दे को जोरशोर से उठाने की बात कही. दावा किया कि देश में दलित उत्पीड़न के कुल मामलों में 26 प्रतिशत मामले उत्तर प्रदेश के हैं.
  9. कानून-व्यवस्था: उन्होंने पुलिस की कार्यप्रणाली, कथित फर्जी मुठभेड़ों और हिंसा की घटनाओं को लेकर योगी सरकार पर निशाना साधा.
  10. वोटिंग का अधिकार: रामपुर में वोटरों को वोट डालने से रोकने और पुलिस की ओर से बल प्रयोग किए जाने का आरोप लगाया. उन्होंने इसे लोकतंत्र से जुड़ा अहम मुद्दा बताया.
  11. राम मंदिर चढ़ावा विवाद: राजेंद्र पाल गौतम ने राम मंदिर के चढ़ावे में कथित चोरी का मुद्दा उठाया. उन्होंने आरोप लगाया कि मामले की जांच ठीक से नहीं हुई. साथ ही यह भी कहा कि यह मुद्दा गांव-गांव तक पहुंच चुका है, इसलिए कांग्रेस इसे लगातार चुनाव में उठाएगी.
  12. निजीकरण और ठेकेदारी: उन्होंने आरोप लगाया कि निजीकरण और ठेकेदारी प्रथा के कारण आरक्षित वर्गों के रोजगार के अवसर कम हो रहे हैं.
  13. एससी फंड से बने इंजीनियरिंग कॉलेज: उन्होंने आरोप लगाया कि विशेष घटक योजना के तहत बने चार इंजीनियरिंग कॉलेजों को बंद कर दिया गया.

सपा से बात करके घोषणा पत्र तैयार करेगी कांग्रेस

कांग्रेस-सपा का साझा चुनावी घोषणापत्र के सवाल पर राजेंद्र पाल गौतम ने कहा- ‘कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के नेता मिलकर साझा मुद्दों पर चर्चा करेंगे. दोनों दलों की सहमति से कॉमन मिनिमम प्रोग्राम तैयार किया जाएगा. इसके आधार पर साझा घोषणापत्र बनाने की योजना है.’

राम मंदिर चढ़ावा चोरी मामले में सपा के बाद कांग्रेस की ओर से राजेंद्र पाल गौतम ने पत्रकारों से बातचीत की.

राजेंद्र पाल गौतम के मुताबिक, कांग्रेस किसानों, व्यापारियों, वकीलों, छात्रों और विभिन्न सामाजिक वर्गों से संवाद कर रही है. घोषणापत्र तैयार करने में जनता से बातचीत और उसकी जरूरतों को प्राथमिकता देने की बात कही गई है.



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