नई दिल्ली. जियो प्लेटफॉर्म्स लिमिटेड (Jio Platforms Ltd) का आईपीओ इस समय खूब चर्चा में है. आज एंकर निवेशकों के लिए यह इश्यू खुला. बाजार के बड़े खिलाडियों ने इसमें जबरदस्त दिलचस्पी दिखाई है. जियो आईपीओ पर हर कोई बुलिश नजर आ रहा है. देश के जाने-माने निवेशक और एनम ग्रुप (Enam Group) के सह-संस्थापक वल्लभ भंसाली ने इस आईपीओ को पूरी तरह सेफ बताते हुए निवेश का एक आकर्षक अवसर करार दिया है. CNBC-TV18 को दिए इंटरव्यू में भंसाली ने कहा कि बड़े आकार, मजबूत मुनाफे और भविष्य की व्यापक संभावनाओं के चलते यह इश्यू लॉन्ग टर्म के लिए पैसा लगाने वाले निवेशकों के लिए तो परफेक्ट है.
वल्लभ भंसाली नने कहा कि जियो में निवेश करने के पीछे सबसे बड़ा कारण इसका मजबूत कारोबारी ढांचा जियो एक ऐसी कंपनी है जिसका आकार विशाल है, मुनाफा लगातार बढ़ रहा है और इसके कारोबार में भविष्य के प्रदर्शन का अनुमान लगाना काफी आसान है. कंपीटिटर के मुकाबले कंपनी की मजबूत बढ़त इसे बाजार में एक सुरक्षित दांव बनाती है.
30,000 करोड़ का आईपीओ कंपनी के आकार के मुकाबले छोटा
वल्लभ भंसाली ने कहा कि जियो का ₹30,000 करोड़ का आईपीओ निवेशकों को बहुत बड़ा लग सकता है, लेकिन जब आप कंपनी के कुल बाजार पूंजीकरण (Market Cap) और इसके विशाल नेटवर्क को देखते हैं, तो ₹30,000 करोड़ का यह इश्यू वास्तव में कंपनी के आकार के मुकाबले काफी छोटा नजर आता है. उन्होंने कहा है कि यह आईपीओ स्वर्गीय धीरूभाई अंबानी के 30 साल पुराने सपने के धरातल पर उतरने जैसा है.
भारी कैपेक्स का दौर खत्म
भंसाली ने कहा कि जियो अपने विस्तार के लिए जरूरी भारी पूंजीगत खर्च (Capex) का बड़ा हिस्सा पहले ही पूरा कर चुकी है. अब कंपनी का कैश फ्लो मुक्त (Free Cash Flow) होगा, जिसका सीधा फायदा कंपनी की बैलेंस शीट और शेयरधारकों को मिलेगा. वर्तमान में जियो की कुल क्षमता का इस्तेमाल महज 35% के आसपास ही हो रहा है. इसका अर्थ यह है कि भविष्य में बिना बड़े अतिरिक्त खर्च के भी कंपनी के पास विकास और कमाई बढ़ाने के कई मजबूत रास्ते मौजूद हैं.
कंपनी के कारोबारी मॉडल की तुलना वैश्विक दिग्गज Amazon से करते हुए भंसाली ने कहा कि जियो अब सिर्फ एक सिम या टेलीकॉम ऑपरेटर नहीं है. इसने टेलीकॉम, डिजिटल कंटेंट, मनोरंजन, न्यूज, स्पेक्ट्रम और विशाल डिस्ट्रीब्यूशन नेटवर्क को एक ही प्लेटफॉर्म पर एकीकृत कर दिया है. पिछले वर्षों में News, Saavn और Telly जैसे प्लेटफॉर्म्स के साथ-साथ तकनीकी स्टार्टअप्स के रणनीतिक अधिग्रहण ने जियो को आधुनिक तकनीक, लागत दक्षता और आक्रामक मार्केटिंग क्षमता से लैस एक संपूर्ण डिजिटल महाशक्ति बना दिया है.
(Disclaimer: IPO में किया गया निवेश बाजार जोखिमों के अधीन है. यदि आप आईपीओ में पैसा लगाना चाहते हैं तो पहले सर्टिफाइड इनवेस्टमेंट एडवायजर से परामर्श कर लें. आपके किसी भी तरह की लाभ या हानि के लिए लिए News18 जिम्मेदार नहीं होगा.)
(डिस्क्लेमर – नेटवर्क18 और टीवी18 कंपनियां चैनल/वेबसाइट का संचालन करती हैं, जिनका नियंत्रण इंडिपेंडेट मीडिया ट्रस्ट करता है, जिसमें रिलायंस इंडस्ट्रीज एकमात्र लाभार्थी है.)