IMD अलर्ट: दिल्ली में अभी थमेगी नहीं बारिश! 50 KM की रफ्तार से चलेंगी हवाएं
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Delhi Rain Alert: दिल्ली के साथ-साथ नोएडा, गुरुग्राम, गाजियाबाद और फरीदाबाद में भी बारिश की संभावना बनी हुई है. सड़कों पर जलभराव से पीक आवर्स के दौरान ट्रैफिक जाम की परेशानी खड़ी हो सकती है. 17 अक्टूबर से मौसम फिर शुष्क होने के आसार हैं.
दिल्ली-एनसीआर में 16 अक्टूबर को भी बारिश के आसार है.
Delhi Rain Alert: दिल्ली-एनसीआर में 15 अक्टूबर को मौसम ने अचानक करवट ले ली. राजधानी दिल्ली में बादल छाए रहे और कई इलाकों में तेज गरज के साथ तेज बारिश हुई. इसे देखते हुए भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने ऑरेंज अलर्ट जारी किया है और आगे भी बारिश, बिजली और तेज हवाओं की चेतावनी दी है. मौसम विभाग ने शुक्रवार, 16 अक्टूबर को भी दिल्ली में गरज के साथ बारिश का अनुमान जताया है, जिससे संकेत मिलता है कि यह गीला मौसम एक दिन और जारी रह सकता है.
आईएमडी ने उत्तर और उत्तर-पश्चिम दिल्ली के कुछ हिस्सों में मध्यम से तेज बारिश की चेतावनी दी थी, जिसके साथ 40-50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलेंगी और 60 किमी प्रति घंटे तक के झोंके आ सकते हैं. राजधानी के अन्य हिस्सों में भी हल्की बारिश और गरज के साथ बौछारें पड़ने की संभावना है. यह ऑरेंज अलर्ट मौसम में अचानक आए बदलाव के बीच आया है, जिससे पिछले कुछ दिनों की गर्मी से राहत मिली है. आईएमडी ने दिन भर बादल छाए रहने और मध्यम बारिश का अनुमान जताया है.
अधिकतम तापमान करीब 29 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की उम्मीद है, जो इस हफ्ते की शुरुआत में दर्ज तापमान से कम है. यह बारिश पश्चिमी विक्षोभ से जुड़ी है, जो भारत के पश्चिम के क्षेत्रों से पूर्व की ओर बढ़ने वाली एक मौसम प्रणाली है और देश के उत्तरी हिस्सों में बारिश और गरज के साथ बौछारें ला सकती है. आगे भी दिल्ली और आसपास के इलाकों, जिनमें नोएडा, गुरुग्राम, गाजियाबाद और फरीदाबाद शामिल हैं, में बारिश हो सकती है. हालांकि, बारिश की तीव्रता और वितरण क्षेत्र के हिसाब से अलग-अलग हो सकता है.
आईएमडी के पूर्वानुमान के अनुसार, शनिवार, 17 अक्टूबर से मौसम शुष्क होने की संभावना है. दिल्ली में आंशिक रूप से बादल छाए रहने की उम्मीद है, और अधिकतम तापमान बढ़कर लगभग 32 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है. रविवार को मौसम मुख्य रूप से साफ होने की संभावना है और दिन के तापमान में और बढ़ोतरी होने की उम्मीद है. सड़कों पर जलभराव से पीक आवर्स के दौरान यात्रियों की रफ्तार भी धीमी हो सकती है. बारिश से हवा में मौजूद कुछ धूल अस्थायी रूप से धुल सकती है. हालांकि, दिल्ली की हवा की गुणवत्ता में कोई सुधार बारिश की तीव्रता और उसके बाद की हवा की स्थिति पर निर्भर करेगा.