बुंदेलखंड एक्सप्रेस-वे किनारे बनने जा रहा इंडस्ट्रियल कॉरिडोर, अब इटावा के युवाओं को घर बैठे मिलेगा रोजगार


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Industrial Corridor Development in Etawah: उत्तर प्रदेश के इटावा में बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के किनारे औद्योगिक विकास को रफ्तार मिलने वाली है. ताखा तहसील में 88.14 हेक्टेयर जमीन पर इंडस्ट्रियल कॉरिडोर विकसित किया जाएगा. कैबिनेट से जमीन यूपीडा को सौंपने के प्रस्ताव को मंजूरी मिल गई है. यहां सड़क, बिजली और दूसरी जरूरी सुविधाएं विकसित की जाएंगी. इसके बाद कंपनियों को उद्योग लगाने के लिए प्लॉट दिए जाएंगे.

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इटावा में बुंदेलखंड एक्सप्रेस-वे किनारे बनने जा रहा इंडस्ट्रियल कॉरिडोरZoom

इटावा के ताखा तहसील में 88.14 हेक्टेयर जमीन पर इंडस्ट्रियल कॉरिडोर विकसित किया जाएगा

इटावा: उत्तर प्रदेश में योगी सरकार के नेत्रत्व में विकास रफ्तार पकड़े हुए है. इटावा जिले की ताखा तहसील में औद्योगिक विकास विभाग की ओर से इंडस्ट्रियल कॉरिडोर स्थापित किया जाएगा. इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के निर्माण के लिए यूपीडा ने 88.14 हेक्टेयर भूमि चिह्नित कर ली गई है. लखनऊ में हुई कैबिनेट बैठक में जमीन यूपीडा को सौंपने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी गई है.

स्वीकृत किए गए प्रस्ताव के अनुसार इटावा की ताखा तहसील के गांव ककरही और भरथना तहसील के ढकपुरा गांव की खाली पड़ी 0.05 और 0.21 हेक्टेयर भूमि को यूपीडा को सौंप दिया जाएगा. जिला प्रशासन की ओर इंडस्ट्रियल कारिडोर के लिए शेष भूमि का अधिग्रहण किया जाएगा. कैबिनेट की मंजूरी के बाद ताखा में औद्योगिक कॉरिडोर की तैयारी तेज कर दी गई है. 88 हेक्टेयर भूमि पर औद्योगिक क्षेत्र विकसित होगा.

जल्द शुरू होगी प्लॉट आवंटन प्रक्रिया

अधिकारियों की ओर से कहा गया है कि जल्द प्लॉट आवंटन की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी. यह बात भी पता चली है कि वाग्माइन एंटरप्राइजेज कंपनी को कॉरीडोर विकसित करने का टेंडर दे दिया गया है. बुंदेलखंड एक्सप्रेसवे के किनारे ताखा क्षेत्र में प्रस्तावित औद्योगिक कॉरिडोर की स्थापना का रास्ता साफ होने के बाद तैयारियां तेज हो गई हैं. कैबिनेट की मंजूरी मिलने के बाद उपजिलाधिकारी विजय प्रकाश मिश्रा ने ककराही में चिह्नित भूमि का निरीक्षण किया. इस दौरान उनके साथ विकास कार्यों से जुड़ी कंपनी के प्रोजेक्ट मैनेजर सुरेंद्र सिंह और लेखपाल पंकज गुप्ता मौजूद रहे.

एसडीएम विजय मिश्रा ने दी जानकारी

करीब 88 हेक्टेयर भूमि पर विकसित होने वाले इस कॉरिडोर में ककराही की 52 हेक्टेयर और भरथना तहसील क्षेत्र की 36 हेक्टेयर भूमि शामिल है. उपजिलाधिकारी विजय मिश्रा ने बताया कि परियोजना के लिए भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया पहले ही पूरी की जा चुकी है. कैबिनेट की मंजूरी के बाद अब निर्माण और औद्योगिक इकाइयों को प्लॉट आवंटित करने की दिशा में आगे की कार्रवाई की जाएगी.

सड़कों के निर्माण के साथ बनाया जाएगा पावर हाउस


यूपीडा की ओर से विकसित किए जाने वाले औद्योगिक क्षेत्र की भूमि को सुरक्षित रखने के लिए चारों ओर घेराबंदी की जाएगी. परिसर के भीतर सड़कों का निर्माण कराने के साथ बिजली आपूर्ति के लिए पावर हाउस भी बनाया जाएगा. आवश्यक आधारभूत सुविधाएं विकसित होने के बाद उद्योग स्थापित करने के इच्छुक निवेशकों को चरणबद्ध तरीके से प्लॉट आवंटित किए जाएंगे.

युवाओं को मिलेगा रोजगार
परियोजना के निर्माण कार्य के लिए वाग्माइन एंटरप्राइजेज कंपनी को टेंडर दिया गया है. निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने स्थल की स्थिति और प्रस्तावित विकास कार्यों का जायजा लिया. औद्योगिक कॉरिडोर विकसित होने से ताखा और आसपास के क्षेत्रों में निवेश को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है. यहां उद्योग स्थापित होने पर स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के अवसर पैदा हो सकते हैं. साथ ही परिवहन, निर्माण और व्यापार जैसी गतिविधियों को भी गति मिलने की संभावना है. इससे क्षेत्र के आर्थिक विकास को बढ़ावा मिल सकता है.

जल्द कॉरिडोर बनाने का काम होगा शुरू
ताखा के उपजिलाधिकारी विजय प्रकाश मिश्रा ने बताया कि सरकार की महत्वाकांक्षी परियोजना के लिए भूमि अधिग्रहण समेत प्रारंभिक प्रक्रियाएं पूरी हो चुकी हैं. कैबिनेट की मंजूरी के बाद अब कॉरिडोर को विकसित करने की आगे की प्रक्रिया शुरू की जाएगी.



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