आप मेरी बुआ मां हैं… आकाश आनंद ने मांगी सार्वजनिक माफी, फिर से पार्टी में आने की लगाई आस

आप मेरी बुआ मां हैं… आकाश आनंद ने मांगी सार्वजनिक माफी, फिर से पार्टी में आने की लगाई आस


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बसपा से निकाले जा चुके आकाश आनंद ने सार्वजनिक तौर पर पार्टी सुप्रीमो और अपनी बुआ से माफी मांगी है. साथ ही उन्होंने अपने ससुर को निकाले जाने के फैसले को सही ठहराया है. उन्होंने लिखा कि BSP मेरे लिए सिर्फ़ एक पार्टी नहीं, मेरा परिवार है.

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आकाश आनंद ने मांगी सार्वजनिक माफी

लखनऊः बहुजन समाज पार्टी से निकाले गए आकाश आनंद ने सार्वजनिक तौर पर अपनी बुआ और बसपा सुप्रीमो मायावती से माफी मांगी है. सोशल मीडिया पर लंबे चौड़े पोस्ट के जरिए आकाश आनंद ने माफी मांगी है. उन्होंने पोस्ट में लिखा, ‘परम आदरणीय बहन जी, आप मेरी राजनैतिक गुरु हैं. मेरी प्रेरणा हैं, और मेरी बुआ मां भी हैं. राजनीति में मैंने जो कुछ सीखा, वो आप से ही सीखा, जो कुछ किया, आपके मार्गदर्शन में किया. इसलिए आज अपनी बात सीधे आपके सामने और पूरे बहुजन समाज के सामने रखना चाहता हूं. पिछले कुछ दिनों से मीडिया और सोशल मीडिया में मेरे बारे में कई तरह की ख़बरें और अफ़वाहें चल रही हैं. मैं साफ़ कर देना चाहता हूँ, मैं किसी दूसरे राजनीतिक दल में नहीं जा रहा. न आज, न कभी.

‘अशोक सिद्धार्थ को पार्टी निकालने का फैसला सही’
इसके अलावा उन्होंने लिखा, ‘BSP मेरे लिए सिर्फ़ एक पार्टी नहीं, मेरा परिवार है. श्री अशोक सिद्धार्थ जी को पार्टी से निकालने और उनके संन्यास का आपका फ़ैसला पूरी तरह उचित है, और मैं उस फ़ैसले के साथ खड़ा हूँ. रिश्ते अपनी जगह हैं, पर मिशन उनसे बड़ा है. व्यक्तिगत और पारिवारिक हितों से ऊपर पार्टी और आंदोलन का हित रखना मेरी ज़िम्मेदारी है. उस समय मैंने ख़ुद को सोशल मीडिया से दूर कर लिया था, इसलिए आपके उस पोस्ट को रिपोस्ट नहीं कर पाया. मेरी उस चुप्पी को ग़लत समझा गया, और अफ़वाहों को जगह मिली. अगर इससे आपको ठेस पहुँची है, तो मैं उसके लिए आपसे क्षमा चाहता हूँ.’

‘मैं अपने आचरण और मेहनत से साफ करूंगा’
इसके अलावा उन्होंने कहा, ‘मैं सिर्फ़ आपके नेतृत्व में फिर से पार्टी और मिशन की सेवा का अवसर चाहता हूँ. विश्वास शब्दों से नहीं, काम से बनता है, और मैं उसे अपने आचरण और अपनी मेहनत से साबित करूँगा. बाबा साहेब का मिशन, मान्यवर साहेब का रास्ता, और आपका नेतृत्व. यही मेरी राजनीति है. जय भीम. जय बसपा.



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