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Nagaur Latest News : राजस्थान के स्कूलों में मासूम बच्चों को पीटने का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है. मासूम बच्चे की पिटाई का ताजा केस नागौर जिले में सामने आया है. यहां पांचवीं कक्षा का एक बच्चा घर से कॉपी लाना भूल गया तो उसका टीचर हैवान बन गया. उसने आव देखा ना ताव और लाठी से बच्चे को पीट-पीटकर अधमरा कर डाला. टीचर की पिटाई से सहमे बच्चे ने पहले तो परिजनों को कुछ नहीं बताया लेकिन जब दर्द हद से गुजर गया तो वह फट पड़ा. बच्चे की हालात देखकर परिजनों के भी पैरों तले से जमीन खिसक गई.
ग्रामीणों ने मांग की है कि आरोपी टीचर के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए.
नागौर. राजस्थान के नागौर जिले से शर्मसार कर देने और दिल को दहला देने वाला सामने आया है. नागौर के सदर थाना क्षेत्र के गोगेलाव गांव स्थित राजकीय स्वामी विवेकानंद मॉडल स्कूल में कक्षा 5 में पढ़ने वाले मासूम छात्र हिमांशु को सिर्फ इसलिए अमानवीय यातनाएं दी गईं क्योंकि वह अपनी नोटबुक (कॉपी) घर भूल आया था. आरोपी टीचर ने न केवल बच्चे को लाठी से पीट-पीटकर अधमरा कर दिया, बल्कि उसके बाल पकड़कर गालियां दीं और किसी को बताने पर जान से मारने और फिर से पीटने की खौफनाक धमकी दी. बीते शनिवार को हुई खौफनाक घटना के बाद पीड़ित इतना दहशत में आ गया कि पहले तो उसने घर पर कुछ नहीं बताया. लेकिन जब उसका दर्द असहनीय हो गया तो वह बिलख-बिलख कर रोने लगा. तब परिजनों को घटना का चला.
जानकारी के अनुसार घटना 26 सितंबर को दोपहर करीब 12:30 बजे की है. पीड़ित छात्र हिमांशु के पिता गोर्धनराम प्रजापत निवासी गोगेलाव ने पुलिस को दी रिपोर्ट में बताया कि शनिवार को उनका बेटा स्कूल गया था. उस दौरान वह जल्दबाजी में अपनी नोटबुक घर पर ही भूल गया. कक्षा में जब टीचर जगदीश भोरा ने उससे कॉपी मांगी तो बच्चे ने ईमानदारी से कहा कि ‘मैं घर भूल गया हूं’. इतना सुनते ही टीचर भोरा का पारा सातवें आसमान पर चढ़ गया और उसने छात्र पर झूठ बोलने का आरोप लगाते हुए गाली-गलौज शुरू कर दी. टीचर ने लाठी से दनादन उसकी पिटाई करनी शुरू कर दी.
रविवार शाम को खुली बर्बरता की पोल
पिटाई के बाद खौफजदा मासूम चुपचाप घर लौट आया. टीचर की धमकी के डर से उसने घर पर किसी को कुछ नहीं बताया. लेकिन शरीर पर पड़ी लाठी की मार इतनी असहनीय थी कि वह ठीक से बैठ भी नहीं पा रहा था. उसका पूरा शरीर असहनीय दर्द से तड़प रहा था. रविवार शाम को जब दर्द बर्दाश्त से बाहर हो गया तो वह बिलख-बिलख कर रोने लगा. माता-पिता ने जब बच्चे को संभालकर पूछा और उसके कपड़े हटाकर देखे तो उनके होश उड़ गए. बच्चे की बेदर्दी से की गई पिटाई के निशान उसके शरीर पर पड़े थे. निशान लाल और नीले हो गए थे.
15 से 20 बच्चों के साथ हो चुकी है ऐसी बर्बरता
घटना की खबर जैसे ही गोगेलाव गांव में फैली तो ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा. ग्रामीण महेंद्र ने बताया कि इस तरह का यह कोई पहला मामला नहीं है. स्कूल के करीब 15 से 20 अन्य मासूम बच्चों के साथ भी इस प्रकार की हरकतें हो चुकी हैं. ग्रामीणों ने मांग की है कि प्रशासनिक अधिकारी इस मामले में जल्द से जल्द सख्त कानूनी कार्रवाई करें ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो.
मामले की गंभीरता को देखते हुए पीड़ित पिता गोर्धनराम प्रजापत ने जिला कलेक्टर नागौर और थानाधिकारी सदर नागौर को लिखित शिकायत सौंपकर आरोपी टीचर के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है. शिकायत पर त्वरित कार्रवाई करते हुए नागौर के सदर थाना पुलिस ने 28 सितंबर को टीचर के खिलाफ केस दर्ज कर लिया है. पुलिस ने आरोपी टीचर के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा कई धाराओं में केस दर्ज किया है. मामले की जांच एएसआई शिवदेवराम को सौंपी गई है. थानाधिकारी गरीबराम ने बताया कि पीड़ित छात्र का मेडिकल मुआयना करवाया लिया गया है. आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी.