MEA on Strait of Hormuz Sailor Safety। होर्मुज में तिरंगे वाले 6 जहाज, टच में 163 भारतीय… युद्धग्रस्त क्षेत्र का क्‍या स्‍टेटस, MEA ने बताया

MEA on Strait of Hormuz Sailor Safety। होर्मुज में तिरंगे वाले 6 जहाज, टच में 163 भारतीय… युद्धग्रस्त क्षेत्र का क्‍या स्‍टेटस, MEA ने बताया


होमताजा खबरदेश

होर्मुज में 6 जहाज, 163 भारतीय… युद्धग्रस्त ईरान क्षेत्र पर MEA का अपडेट

Last Updated:

भारत ने यूएनजीए में तुर्की के राष्ट्रपति के कश्मीर पर दिए गए बयान को खारिज करते हुए स्पष्ट किया कि इस पर तीसरे पक्ष की कोई भूमिका नहीं है. साथ ही, विदेश मंत्रालय ने बताया कि फारस की खाड़ी में स्‍टेट ऑफ होर्मुज के पास भारत के झंडे वाले 6 जहाज और 163 भारतीय नाविकों वाले 6 विदेशी कार्गो जहाज मौजूद हैं. शिपिंग मंत्रालय इनकी सुरक्षा और आवाजाही पर लगातार नजर रख रहा है.

Zoom

एमईए ने अपना रुख स्‍पष्‍ट किया.

नई दिल्‍ली. फारस की खाड़ी में बढ़ते जियो-पॉलिटिकल टेंशन और संवेदनशील स्‍ट्रेट ऑफ होर्मुज के पास मंडराते संकट के बीच भारत ने अपने समुद्री हितों और नागरिकों की सुरक्षा को लेकर स्थिति स्पष्ट कर दी है. विदेश मंत्रालय (MEA) द्वारा जारी ताजा आंकड़ों के अनुसार, इस युद्धग्रस्त और संवेदनशील क्षेत्र में वर्तमान में भारत के झंडे वाले 6 जहाज सुरक्षित रूप से मौजूद हैं. इसके अलावा, भारत के लिए जरूरी कार्गो लेकर आ रहे 6 विदेशी जहाजों पर कुल 163 भारतीय नाविक सवार हैं, जिनकी सुरक्षा और आवाजाही पर शिपिंग मंत्रालय लगातार पैनी नजर बनाए हुए है.

तुर्की को भारत का जवाब
अंतरराष्ट्रीय कूटनीति और पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच भारत ने एक बार फिर अपनी मजबूत और बेबाक स्थिति दुनिया के सामने रखी. संयुक्त राष्ट्र महासभा (UNGA) के मंच पर तुर्की के राष्ट्रपति रेचप तैयप एर्दोगन द्वारा कश्मीर पर दिए गए अनावश्यक बयान को भारत ने सिरे से खारिज कर दिया है. विदेश मंत्रालय (MEA) ने दो टूक शब्दों में कहा है कि जम्मू-कश्मीर का मामला पूरी तरह से भारत की संप्रभुता और क्षेत्रीय अखंडता से जुड़ा है, जिस पर किसी भी तीसरे पक्ष का कोई अधिकार-क्षेत्र या भूमिका नहीं बनती.

होर्मुज के पास भारतीय जहाजों और नाविकों की स्थिति

• फारस की खाड़ी में भारतीय झंडे वाले जहाज: विदेश मंत्रालय के ताजा आंकड़ों के अनुसार, वर्तमान में फारस की खाड़ी में भारत के झंडे वाले कुल 6 जहाज मौजूद हैं.
• सुरक्षित क्षेत्र में आवाजाही: ये सभी छह जहाज सामरिक रूप से बेहद संवेदनशील माने जाने वाले स्‍ट्रेट ऑफ हॉर्मुज के पश्चिम की ओर सुरक्षित स्थिति में तैनात हैं.
• विदेशी झंडे वाले कार्गो जहाज: इसके अलावा, भारत के लिए जरूरी कार्गो (माल) लेकर आ रहे 6 अन्य विदेशी झंडे वाले जहाज भी इसी क्षेत्र में परिचालन कर रहे हैं.
• भारतीय नाविकों की मौजूदगी: इन सभी 6 विदेशी जहाजों पर कुल 163 भारतीय नाविक (Indian Seafarers) सवार हैं, जिनकी सुरक्षा और संरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता बनी हुई है.
• मंत्रालय की सीधी नजर: भारत का शिपिंग मंत्रालय लगातार इन सभी जहाजों की हर एक गतिविधि और आवाजाही पर बेहद बारीकी से नजर बनाए हुए है.

आतंकवाद पर भारत का कड़ा रुख और वैश्विक कूटनीति

यूएनजीए (UNGA) के मंच से विदेश मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि भारत आतंकवाद के मुद्दे पर किसी भी तरह का दोहरा रवैया बर्दाश्त नहीं करेगा. विदेश मंत्री के बयानों के हवाले से रेखांकित किया गया कि सीमा पार आतंकवाद से सख्ती से निपटने के लिए वैश्विक समुदाय को एकजुट होने की जरूरत है. आतंकवाद का खात्मा तभी संभव है जब तमाम देश आपसी मतभेदों को भुलाकर सामूहिक प्रयास और मजबूत अंतरराष्ट्रीय सहयोग सुनिश्चित करें. एक तरफ जहां भारत अंतरराष्ट्रीय मंचों पर अपने आंतरिक मामलों में बाहरी दखलंदाजी का मुंहतोड़ जवाब दे रहा है, वहीं दूसरी तरफ पश्चिम एशिया के तनावपूर्ण समुद्री इलाकों में फंसे अपने नागरिकों और जहाजों की सुरक्षा को लेकर भी पूरी मुस्तैदी से काम कर रहा है.



Source link