अमेरिका की फेडरल जांच एजेंसी FBI ने टॉप-10 भगौड़ों जो लिस्ट जारी की है. उसमें दो भारतीय हैं. गोल्ड़ी बराड़ के अलावा इसमें भद्रेशकुमार चेतनभाई पटेल का भी नाम शामिल है. उनके बारे में भी जानकारी देने वाले को गोल्डी बराड़ जितना ही तकरीबन एक करोड़ इनाम का ऐलान किया गया है. सूची में भारत के अलावा कोलंबिया, होंडुरन, अमेरिका, वियतमान और मैक्सिको के एक-एक वेनेजुएला के दो अपराधियों के नाम शामिल हैं. लिस्ट में एक ठग हसीना भी शामिल है जो बुल्गारिया की रहने वाली है.
गोल्डी बराड़ पहले नंबर पर
FBI की लिस्ट में सतिंदजर जीत सिंह उर्फ गोल्डी बराड़ को पहले नंबर पर रखा गया है. FBI की लिस्ट के मुताबिक उसकी तीन जन्म तिथियां है. पहली 11 मार्च 1994 को दर्ज है, दूसरी उसी साल 11 जून को और तीसरी 6 नवंबर 1994 को. माना जा रहा है कि इन्हीं के जरिए वो जाली दस्तावेज बनाता है. लिस्ट में गोड़ी को लॉरेंस विश्नोई के ऑर्गनाइज्ड क्राइम ग्रुप में कथित भूमिका के लिए वॉन्टेड बताया गया है.
अमेरिकी अधिकारियों के मुताबिक यह गिरोह अमेरिका, कनाडा और साउथ कैलिफॉर्निया में राजनीतिक व धार्मिक हस्तियां की हत्या, गोलीबारी, अपहरण में शामिल है. इसके अलावा हथियारों की तस्करी व हिंसक अपराध के भी इस गैंग पर आरोप लगे हैं. FBI के मुताबिक बराड़ अमेरिका में रहकर उत्तरी अमेरिका में इस समूह को लीड करता है. 1 जुलाई 2026 को लॉस एंजिलिस की अमेरिकी जिला अदालत ने उसके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया था.
कोलंबिया का भगोड़ा विल्वर विलेगास-पालोमिनो
21 अक्टूबर 1981 को जन्मा विल्वर विलेगास पालोमिनो को कार्लोस एल प्रुएर्को के नाम से भी जाना जाता है. वह स्पेनिश भाषा का जानकर है. FBI के मुताबिक उस पर अमेरिकी विदेश विभाग के नारकोटिक्स रिवॉर्ड्स प्रोग्राम के तहत 50 लाख डॉलर तक का इनाम घोषित है. उसे नेशनल लिबरनेशन आर्मी का सदस्य माना जाता है. उस पर कोलंबिया और वेनेजुएला में मादक पदार्थों की गतिविधियों में शामिल होने का आरोप है.
होंडुरन का गुंडा, अमेरिका का हथियार तस्कर
युलान एडोनाय अर्चागा कैरियस होंडुरन का रहने वाला है. अमेरिकी सरकार ने यूलान एडोनाय आर्चागा कारियास की गिरफ्तारी पर 1 करोड़ डॉलर तक का इनाम घोषित किया है. वह स्पेनिश भाषा जानता है. न्यूयॉर्क की संघीय अदालत में उस पर रैकेटियरिंग साजिश, कोकीन की तस्करी के आरोप लगे हैं. वह होंडुरास में एमएस गिरोह का कथित तौर पर शीर्ष नेता है. उस पर अमेरिका तथा मध्य अमेरिका में गिरोह को हथियार और मादक पदार्थ की तस्करी करने का आरोपी माना गया है.
पत्नी की हत्या के आरोप में फरार भद्रेशकुमार चेतनभाई
लिस्ट में दूसरे भारतीय भद्रेश कुमार चेतन भाई पटेल हैं जो मूल रूप से गुजरात में वीरमगान तहसील के कांत्रोडी गांव के रहने वाले हैं. अमेरिका में पटेल डोनट शॉट में करता था. एफबीआई ने उस पर 10 लाख डॉलर का इनाम रखा है. भद्रेश को आखिरी बार न्यूजर्सी में देखा गया था. वह पिछले 10 साल से फरार है. उस पर 12 अप्रैल 2015 को मैरीलैंड के हैनोवर स्थित एक डोनट शॉक में काम करने के दौरान अपनी पत्नी की किसी वस्तुत से हत्या करने का आरोप है.
लॉरेंस-विश्नोई और गोल्डी बराड़ (फोटो-सोशल मीडिया)
एटीएम से नकदी निकालने वाला द इंजीनियर
अनेबाल एलेक्जेंडर कनेलोन को द इंजीनियर के नाम से भी जाना जाता है. वेनेजुएला के रहने वाले इस अपराधी पर 10 लाख डॉलर का इनाम घोषित किया गया है. अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार कैनेलोन अगुइरे एक बड़े अंतरराष्ट्रीय आपराधिक नेटवर्क का कथित नेता है, जो साइबर ठगी करता है. जनवरी 2004 में उसे अपने सहयोगियों के साथ एटीएम में मैलवेयर इंस्टॉल कर एटीएम जैकपॉटिंग करने का भी दोषी पाया गया. इस राशि को उसने मनी लॉन्ड्रिंग कर छिपाया. दिसंबर 2025 में नेब्रास्का की संघीय अदालत ने उसके खिलाफ बैंक धोखाधड़ी की साजिश, बैंक सेंधमारी, कंप्यूटर सिस्टम को नुकसान पहुंचाने, मनी लॉन्ड्रिंग और आतंकवादी संगठनों को सहायता देने की साजिश के आरोपों में गिरफ्तारी वारंट जारी किया था.
अलेक्जेंडर ने चलाईं थीं ताबड़तोड़ गोलियां
अलेक्जेंडर कार्डेनास अमेरिका का ही रहने वाला है जो लॉस एंजिलिस में ताबड़तोड़ गोलियां चलाकर एक व्यक्ति की जान लेने का आरोपी है. उस पर एफअीआई ने 10 लाख डॉलर का इनाम रखा है. वह अक्सर दाढ़ी बढ़ाकर और चश्में पहनकर अपनी पहचान छिपाता है. उस पर 15 अगस्त 2019 को कैलिफोर्निया के सिलमार क्षेत्र में एक बड़े आउटडोर शॉपिंग सेंटर में हुई एक व्यक्ति की हत्या में शामिल होने का आरोप है.
जांच एजेंसियों के अनुसार उसने कथित तौर पर एक सेमी-ऑटोमैटिक पिस्तौल से कई गोलियां चलाईं थीं, जो एक व्यक्ति के सिर में लगी थीं और उसकी मौत हो गई थी. 3 अप्रैल 2020 को लॉस एंजिलिस काउंटी की सुपीरियर कोर्ट ने हत्या के आरोप में उसके खिलाफ गिरफ्तारी वारंट जारी किया था. 2021 में उसके खिलाफ फरार होने के लिए दोबारा वारंट जारी किया गया था.
ट्रुंग डुक लू वियतनाम का भगौड़ा
ट्रुंग डुक लू उर्फ तुहान होआं, फोंग ले, ब्रेंडन लू समेत न जाने कितने नाम रखने वाले ये अपराधी वियतनाम का है. उसके शरीर पर कई टैटू हैं, जसके ऊपर बड़े अक्षरों में एसियन प्राइड लिखा है. उस पर 10 लाख डॉलर का इनाम घोषित किया गया है. ट्रुंग डुक लू का जन्म वियतनाम में हुआ था और किशोरावस्था में वह अमेरिका चला गया था। उसके न्यूयॉर्क सिटी के क्वींस इलाके से मजबूत संबंध बताए जाते हैं. वह बोर्न टू किल नामक स्ट्रीट गैंग का संदिग्ध सदस्य भी माना जाता है. आखिरी वार उसे वियतनाम में ही देखा गया था.
फाउस्टो ड्रग्स तस्करी में वॉन्टेड
फाउस्टो इसिड्रो मेजा फ्लोरेस मैक्सिको का रहने वाला है, जिस पर ड्रग्स तस्करी में शामिल होने का आरोप है. उस पर अमेरिकी विदेश विभाग के नारकोटिक्स रिवॉर्ड्स प्रोग्राम के तहत 50 लाख डॉलर तक का इनाम घोषित किया गया है. FBI के मुताबिक वह मेक्सिको के सिनालोआ क्षेत्र में सक्रिय मेजा-फ्लोरेस ट्रांसनेशनल क्रिमिनल ऑर्गेनाइजेशन का चीफ है. वह अमेरिका में बड़ी मात्रा में हेरोइन, मेथामफेटामाइन, कोकीन, फेंटानिल और मारिजुआना की तस्करी करता रहा है. 2 मई 2012 को उसके खिलाफ पहली बार अमेरिकी अदालत में अभियोग दायर किया गया था.
जियोवानी विसेंट पर आतंकी गतिविधि का आरोप
जियोवानी विसेंट मोस्केरा सेरानो वेनेजुएला का रहने वाला है. अमेरिकी विदेश विभाग के ट्रांसनेशनल ऑर्गनाइज्ड क्राइम रिवॉर्ड्स प्रोग्राम के तहत उस पर 50 लाख डॉलर तक का इनाम घोषित किया गया है. उसे मोस्केरा सेरानो को वेनेजुएला से शुरू हुए अंतरराष्ट्रीय गैंग Tren de Aragua का वरिष्ठ नेता माना जाता है.
अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार यह गिरोह अमेरिका और लैटिन अमेरिका में मादक पदार्थों की तस्करी, मानव तस्करी, हथियारों की तस्करी और अन्य हिंसक अपराधों में शामिल रहा है. उसके खिलाफ टेक्सास की संघीय अदालत में विदेशी आतंकवादी संगठन को सहायता देने, कोकीन तस्करी की साजिश और अमेरिका में कोकीन बांटने जैसे आरोप लगे थे.
रुजा इग्नाटोवा: ठगी का जाल बिछाने वाली हसीना
बुल्गारिया की रुजा प्लामेनोवा भी एफबीआई की लिस्ट में शामिल है. उस पर 50 लाख डॉलर तक का इनाम घोषित है. एफबीआई के मुताबिक वह सिक्योरिटी गार्ड के साथ ट्रैवल करती है. एफबीआई के उसके प्लास्टिक सर्जरी कराने या हुलिया बदलने की भी संभावना जताई है. अमेरिकी जांच एजेंसी के मुताबिक 2014 के आसपास से इग्नाटोवा और उसके सहयोगियों ने लोगों को झूठे दावे करके OneCoin में निवेश के लिए प्रेरित किया था.
ऐसे तकरीबन 4 अरब डॉलर से ज्यादा की ठगी की गई थी. अक्टूबर 2017 तक इग्नाटोवा वन कॉइन की चीफ रहीं. इसके बाद वह एथेंस गईं और गायब हो गईं. एफबीई के मुताबिक ऐसा हो सकता है कि इग्नाटोवा ने जर्मन पासपोर्ट का प्रयोग कर संयुक्त अरब अमीरात, रूस, ग्रीस या पूर्वी यूरोप की यात्रा की हो. 12 अक्टूबर 1017 को न्यूयॉर्क की संघीय अदालत ने उनके खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग, सिक्योरिटीज फ्रॉड समेत अन्य आरोप लगाते हुए वारंट जारी किया था.