फ्रैक्चर या हड्डियों के लिए औषधि! 45 दिन में तगड़ी कमाई का शॉर्टकट है ये पौधा
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Hadjod Plant benefits: सितंबर का महीना किसानों के लिए नई फसल की संभावनाएं तलाशने का भी समय है. रीवा में हड़जोड़ की बेल इसी वजह से चर्चा में है. कम संसाधनों में तैयार होने वाला यह पौधा कटिंग से आसानी से उगाया जा सकता है और करीब 30 से 45 दिनों में विकसित हो जाता है. हड़जोड़ का उपयोग हड्डियों से संबंधित समस्याओं के काफी फायदेमंद माना जाता है.
रीवा: मध्य प्रदेश में सितंबर का महीना किसानों के लिए खरीफ फसलों की देखभाल के साथ-साथ वैकल्पिक और औषधीय फसलों की संभावनाओं को तलाशने का भी समय है. बढ़ती खेती लागत और पारंपरिक फसलों में सीमित मुनाफे के कारण किसान अब औषधीय पौधों की खेती की ओर ध्यान दे रहे हैं. हड़जोड़ एक ऐसी ही औषधीय बेल है, जिसे कम संसाधनों में घर के गमले या खेत में तैयार किया जा सकता है.
रीवा के अनुसंधान विस्तार वृत्त से जुड़े वनरक्षक उपेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि हड़जोड़ एक गुणकारी औषधीय पौधा है, जिसे कृषि विज्ञान केंद्र में भी तैयार किया गया है. इसकी खासियत यह है कि इसे बीज से तैयार करने के बजाय इसकी छोटी-सी कटिंग से भी नया पौधा विकसित किया जा सकता है.
कटिंग से बेल तैयार करने की विधि
वनरक्षक उपेंद्र प्रताप के अनुसार, सितंबर में हड़जोड़ की कटिंग लगाना आसान माना जाता है. इसके लिए पौधे की एक छोटी शाखा या कटिंग लेकर उसे मिट्टी या गमले में लगाया जा सकता है. अनुकूल परिस्थितियों में कटिंग से नई जड़ और अंकुर निकलने लगते हैं. यह पौधा बेल के रूप में बढ़ता है, इसलिए इसे सहारे की जरूरत पड़ती है.
विकास और देखभाल
वनरक्षक उपेंद्र प्रताप ने बताया कि सामान्य परिस्थितियों में हड़जोड़ को अच्छी तरह विकसित होने में लगभग 30 से 45 दिन लग सकते हैं. इसकी देखभाल में बहुत अधिक पानी या संसाधनों की जरूरत नहीं होती है. हालांकि, व्यावसायिक खेती के लिए स्थानीय मिट्टी, तापमान, पानी और उत्पादन क्षमता का परीक्षण करना आवश्यक है.
पारंपरिक औषधीय उपयोग
हड़जोड़ का पारंपरिक औषधीय उपयोग हड्डियों से संबंधित समस्याओं में बताया जाता है. इसी कारण इसे कई जगह अस्थिसंधान से जुड़े औषधीय पौधे के रूप में भी जाना जाता है. हालांकि, किसी फ्रैक्चर या गंभीर चोट के इलाज के लिए केवल इस पौधे पर निर्भर रहना उचित नहीं है. इसका सेवन या औषधीय इस्तेमाल आयुर्वेदिक चिकित्सक की सलाह से ही किया जाना चाहिए.
रीवा में पौधे की उपलब्धता
औषधीय पौधों में रुचि रखने वाले किसान और आम लोग रीवा में वन विभाग की नर्सरी से हड़जोड़ का पौधा खरीद सकते हैं. यहां इसकी कीमत लगभग ₹47 बताई गई है. एक पौधे या कटिंग से आगे कई पौधे तैयार किए जा सकते हैं, जिससे किसान इसकी खेती की संभावनाएं तलाश सकते हैं.