DSS Rajasthan 2026: राजस्थान में हर पांच साल में सरकार बदलने का रिवाज तोड़ेंगे, मंत्री सुरेश रावत ने विपक्ष को क्या नसीहत दी?

DSS Rajasthan 2026: राजस्थान में हर पांच साल में सरकार बदलने का रिवाज तोड़ेंगे, मंत्री सुरेश रावत ने विपक्ष को क्या नसीहत दी?


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News18 India Diamond Summit Rajasthan: राजस्थान के मंत्री सुरेश रावत ने कहा कि भजनलाल सरकार विकास कार्यों के दम पर हर पांच साल में सरकार बदलने का रिवाज तोड़ेगी और दोबारा सत्ता में आएगी. राजस्थान में करीब 16 से 17 नदियां हैं, लेकिन इनमें से केवल दो ही बारहमासी हैं. यानी ये दो नदियां सालभर बहती हैं. बाकी नदियां मौसमी हैं और उनमें पानी मौसम के हिसाब से आता है. रावत के मुताबिक, भजनलाल सरकार में प्रदेश की नदियों को आपस में जोड़ने और उनके पानी का समुचित उपयोग करने के लिए काम किया जा रहा है.

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मंत्री सुरेश रावत ने विपक्ष को क्या नसीहत दी

जयपुर. राजस्थान में हर पांच साल में सरकार बदलने की परंपरा को लेकर सियासी बयानबाजी एक बार फिर तेज हो गई है. न्यूज18 इंडिया के डायमंड स्टेट समिट में जल संसाधन मंत्री सुरेश रावत ने कहा कि भजनलाल सरकार अपने काम के दम पर इस परंपरा को तोड़ेगी और दोबारा सत्ता में आएगी. उन्होंने दावा किया कि सरकार ने रिकॉर्डतोड़ काम किए हैं और आने वाले चुनाव में जनता विकास के आधार पर फैसला करेगी.

रावत ने राजस्थान की पहचान, पानी की समस्या और नदियों को जोड़ने की योजनाओं पर भी बात की. उन्होंने कहा कि सरकार मरु प्रदेश को हरित प्रदेश बनाने के लिए शिद्दत से काम कर रही है. राजस्थान में पानी की कमी लंबे समय से बड़ी चुनौती रही है. ऐसे में सरकार का जोर नदियों को जोड़ने और उपलब्ध पानी का सही इस्तेमाल करने पर है.

राजस्थान की 16-17 नदियों में केवल दो बारहमासी
जल संसाधन मंत्री ने कहा कि राजस्थान में करीब 16 से 17 नदियां हैं, लेकिन इनमें से केवल दो ही बारहमासी हैं. यानी ये दो नदियां सालभर बहती हैं. बाकी नदियां मौसमी हैं और उनमें पानी मौसम के हिसाब से आता है. रावत के मुताबिक, भजनलाल सरकार में प्रदेश की नदियों को आपस में जोड़ने और उनके पानी का समुचित उपयोग करने के लिए काम किया जा रहा है. उन्होंने कहा कि सरकार की कोशिश है कि राजस्थान में उपलब्ध पानी का बेहतर इस्तेमाल हो सके. मरु प्रदेश को हरित प्रदेश बनाने का लक्ष्य इसी सोच से जुड़ा है. हालांकि, उन्होंने समिट में नदियों को जोड़ने की किसी खास परियोजना या उसके पूरा होने की समय सीमा का जिक्र नहीं किया.

रेगिस्तान राजस्थान की कमी नहीं, खूबसूरती है
राजस्थान के रेगिस्तानी इलाकों को लेकर मंत्री ने कहा कि यहां का रेगिस्तान ही प्रदेश की खूबसूरती है. देश और विदेश से बड़ी संख्या में लोग इसी डेजर्ट को देखने आते हैं. उन्होंने कहा कि अब इसे राजस्थान की कमी के तौर पर नहीं देखना चाहिए, बल्कि यही प्रदेश की खास पहचान और खूबसूरती है. रावत की यह बात राजस्थान की उस पहचान से जुड़ी है, जिसके कारण प्रदेश को देश-दुनिया में अलग जगह मिली है. उन्होंने साफ कहा कि रेगिस्तान को कमजोरी मानने के बजाय इसकी खूबसूरती के रूप में देखा जाना चाहिए.

विपक्ष को दी नसीहत- जनता की नब्ज समझें
विपक्ष को संदेश देते हुए सुरेश रावत ने कहा कि अभी समय रहते देश की जनता की नब्ज समझ लेनी चाहिए. उन्होंने कहा कि उल्टे-सीधे आरोप लगाने से पहले विपक्ष को सोचना चाहिए. रावत ने सरकार के कामकाज का हवाला देते हुए कहा कि भजनलाल सरकार ने रिकॉर्डतोड़ काम किए हैं और इन्हीं कामों के दम पर बीजेपी फिर से सरकार बनाएगी. समिट में मंत्री ने पानी के मुद्दे को राजस्थान के भविष्य से जोड़ते हुए कहा कि सरकार नदियों को जोड़ने और उनके पानी का सही इस्तेमाल करने की दिशा में आगे बढ़ रही है. वहीं, राजनीतिक सवालों पर उन्होंने भरोसा जताया कि इस बार राजस्थान में हर पांच साल में सत्ता बदलने का रिवाज टूटेगा.



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