बीकानेर 51 लाख की ATM कैश वैन लूट में तीसरा इनामी लूटेरा गिरफ्तार, बंदूक की नोक पर हुई थी वारदात

बीकानेर 51 लाख की ATM कैश वैन लूट में तीसरा इनामी लूटेरा गिरफ्तार, बंदूक की नोक पर हुई थी वारदात


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राजस्थान के बीकानेर जिले के पांचू थाना इलाके से एटीएम कैश वैन लूटकांड में पुलिस ने एक और बड़ा एक्शन लिया है. इस सनसनीखेज वारदात में फरार चल रहा 10 हजार रुपये का इनामी बदमाश अशोक जाट आखिरकार पुलिस के शिकंजे में आ गया है. सीआई ईश्वर प्रसाद की टीम ने कार्रवाई करते हुए दावा गांव के रहने वाले इस आरोपी को धर दबोचा है. घटना के बाद से ही पुलिस लगातार आरोपियों की तलाश में जुटी थी.

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बीकानेर. राजस्थान में बीकानेर के पांचू में एटीएम कैश वैन से 51 लाख रुपए की लूट के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है. वारदात में शामिल फरार 10 हजार रुपए के इनामी आरोपी अशोक जाट को गिरफ्तार कर लिया गया है. आरोपी दावा गांव का निवासी है. सीआई ईश्वर प्रसाद की टीम ने यह कार्रवाई की है. फिलहाल पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है.

यह वारदात 5 अगस्त को पांचू थाना क्षेत्र में हुई थी. सारुंडा गांव के पास बदमाशों ने एटीएम में रुपए डालने जा रही कैश वैन को दिनदहाड़े निशाना बनाया और 51 लाख रुपए लूटकर फरार हो गए थे. घटना के बाद पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी थी.

पहले दो आरोपी हो चुके गिरफ्तार

पुलिस इस मामले में पहले ही मुख्य साजिशकर्ता समेत दो आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है. उनके पास से 46 लाख रुपए की नकदी भी बरामद की गई थी. अब फरार आरोपी अशोक जाट की गिरफ्तारी के बाद पुलिस उससे वारदात में शामिल अन्य लोगों और लूट से जुड़े बाकी पहलुओं को लेकर पूछताछ कर रही है.

पीछे से आई बिना नंबर प्लेट की कैंपर

पुलिस के मुताबिक, 5 अगस्त 2026 को सीएमएस इंफो सिस्टम लिमिटेड, बीकानेर की हाला ब्रांच के मैनेजर आदित्य रावत ने इस मामले में रिपोर्ट दर्ज कराई थी. कंपनी अलग-अलग बैंकों से नकदी लेकर एटीएम में डालने का काम करती है. घटना के दिन कंपनी की टीम कैश वैन में रुपए लेकर सारुंडा के लिए निकली थी.

दोपहर करीब 3 बजे टीम सारुंडा से 5 से 7 किलोमीटर पहले सारुंडा रोड पर पहुंची. तभी पीछे से बिना नंबर प्लेट की एक कैंपर गाड़ी आई. उसमें सवार तीन लोगों ने ड्राइवर के सिर पर बंदूक तान दी. इसके बाद कर्मचारियों को जान से मारने की धमकी देकर कैश वैन में रखा कैश बॉक्स लूट लिया. बॉक्स में करीब 51 लाख रुपए थे. वारदात के बाद आरोपी फरार हो गए.

कर्मचारी ने साथियों के साथ मिलकर बनाई लूट की योजना

पुलिस जांच के अनुसार, कैश वैन में नकदी लोड करने की जिम्मेदारी संभालने वाले विक्रमसिंह कस्टोडियन ने अपने साथी श्यामसुंदर और दो अन्य लोगों के साथ मिलकर लूट की योजना बनाई थी. तय योजना के मुताबिक, 5 अगस्त को नोखा से सारुंडा जाते समय रास्ते में कैश वैन को रोकना था. इसके बाद कर्मचारियों को डराकर कैश बॉक्स लूटना था. पुलिस अब मामले में आरोपियों की भूमिका और वारदात से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रही है.



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