PM मोदी 11-12 दिसंबर को जाएंगे कनाडा, मार्क कार्नी ने किया तारीखों का ऐलान
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PM Modi Canada Visit: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 11 और 12 दिसंबर को कनाडा के दौरे पर जाएंगे. कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने इसकी पुष्टि की है. भारत और कनाडा के बीच रिश्तों को बेहतर बनाने के साथ व्यापारिक सहयोग बढ़ाने की कोशिशें तेज हो रही हैं. दोनों देशों का लक्ष्य 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को सालाना 70 अरब डॉलर तक पहुंचाना है.
PM Modi Canada Visit : भारत और कनाडा के रिश्तों में जमी बर्फ पिघलती नजर आ रही है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 11 और 12 दिसंबर को कनाडा के दौरे पर जाएंगे. कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने इसकी पुष्टि की है. 2023 में खालिस्तानी अलगाववादी हरदीप सिंह निज्जर की हत्या को लेकर दोनों देशों के बीच तनाव बढ़ गया था. अब व्यापारिक सहयोग बढ़ाने और रिश्तों को पटरी पर लाने की कोशिशों के बीच मोदी का यह दौरा काफी अहम माना जा रहा है. दोनों देशों ने 2030 तक सालाना द्विपक्षीय व्यापार 70 अरब डॉलर तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा है.
कनाडा के प्रधानमंत्री मार्क कार्नी के मुताबिक, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 11 और 12 दिसंबर को कनाडा के दौरे पर जाएंगे. उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी टोरंटो और ओटावा जाएंगे. पीएम कार्नी ने यह भी कहा कि दौरे में दूसरे शहरों को शामिल करने की संभावना पर विचार किया जा सकता है.
क्यों अहम है पीएम मोदी का कनाडा यात्रा
भारत और कनाडा के बीच रिश्तों को बेहतर बनाने की कोशिशों के बीच यह दौरा अहम माना जा रहा है. दोनों देश इस साल के अंत तक व्यापार समझौते को अंतिम रूप देने की दिशा में काम कर रहे हैं. उनका लक्ष्य 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को बढ़ाकर सालाना 70 अरब डॉलर तक पहुंचाना है. कनाडा के अंतरराष्ट्रीय व्यापार मंत्री मनिंदर सिद्धू भी इन दिनों भारत के छह दिवसीय दौरे पर हैं. वहीं, कनाडा की विदेश मंत्री अनीता आनंद ने बुधवार को नई दिल्ली में विदेश मंत्री एस. जयशंकर से मुलाकात की थी.
भारत-कनाडा के बीच क्यों बढ़ गई थी तनातनी
भारत और कनाडा के रिश्तों में 2023 में खालिस्तानी अलगाववादी हरदीप सिंह निज्जर की हत्या के बाद तनाव बढ़ गया था. तत्कालीन कनाडाई प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो ने भारतीय एजेंटों की कथित भूमिका को लेकर आरोप लगाए थे, जिन्हें भारत ने खारिज किया था. दोनों देशों ने एक-दूसरे के छह-छह राजनयिकों को निष्कासित भी किया था. हालांकि, मार्क कार्नी के प्रधानमंत्री बनने के बाद रिश्तों में सुधार और व्यापारिक सहयोग बढ़ाने पर जोर दिया जा रहा है.