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मखाना सिर्फ भूनकर खाने वाला स्नैक नहीं है. इसे दूध, खीर, सब्जी और व्रत के पकवानों में भी शामिल किया जा सकता है. हरियाणवी रेसिपी बनाने वाली बिन्द्रा देवी ने मखाने को रोजमर्रा के खान-पान में शामिल करने के कई आसान तरीके बताए हैं.
मखाना आजकल हेल्दी स्नैक के तौर पर काफी पसंद किया जाता है, लेकिन इसे सिर्फ भूनकर खाने तक सीमित नहीं रखना चाहिए. दरअसल दूध, खीर, सब्जी और व्रत के भोजन में भी इसका इस्तेमाल किया जा सकता है. हरियाणवी रेसिपी बनाने वाली बिन्द्रा देवी ने मखाने को रोजमर्रा के खान-पान में शामिल करने के कई आसान तरीके बताए हैं.
मखाने को हेल्दी स्नैक के तौर पर खाने का सबसे आसान तरीका है इसे ड्राई रोस्ट करना. बिन्द्रा देवी के मुताबिक, कढ़ाई या पैन में धीमी आंच पर मखानों को तब तक भूनें, जब तक वे कुरकुरे न हो जाएं. इसके बाद थोड़ा नमक और काली मिर्च डालकर शाम की चाय के साथ इसका आनंद लिया जा सकता है.
अगर आपको मसालेदार स्नैक्स पसंद हैं तो मखाने को थोड़ा घी या मक्खन डालकर भून सकते हैं. इसमें चाट मसाला, हल्दी, लाल मिर्च पाउडर या काला नमक मिलाया जा सकता है. इससे साधारण मखाना स्वादिष्ट मसाला स्नैक बन जाता है.बिन्द्रा देवी के अनुसार, कम सामग्री में इसे घर पर आसानी से तैयार किया जा सकता है.
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मखाने का इस्तेमाल सिर्फ नमकीन व्यंजनों में ही नहीं होता.इससे स्वादिष्ट खीर भी तैयार की जाती है,इसके लिए मखानों को दूध में अच्छी तरह पकाया जाता है और फिर स्वाद के अनुसार चीनी या गुड़, इलायची और ड्राई फ्रूट्स डाले जाते हैं.त्योहार या खास मौके पर यह पारंपरिक मिठाई के तौर पर भी बनाई जा सकती है.
बिन्द्रा देवी बताती हैं कि मखाने को दूध के साथ भी खाया जा सकता है. दूध में मखाने उबालकर इसे सुबह या रात में लिया जाता है, इसमें स्वाद के अनुसार ड्राई फ्रूट्स भी मिलाए जा सकते हैं. मखाने और दूध का यह संयोजन भोजन में विविधता लाने का एक आसान तरीका है.
मखाने का इस्तेमाल सब्जियों की ग्रेवी में भी किया जा सकता है.बिन्द्रा देवी के अनुसार, मखाने को हल्का भूनकर पीस लें और फिर ग्रेवी में मिलाएं, इससे ग्रेवी को गाढ़ापन और अलग स्वाद मिलता है. मखाना-काजू-मटर की सब्जी या मखाना करी जैसे व्यंजन खास मौकों और दावतों में भी बनाए जाते हैं.
नवरात्र, एकादशी या दूसरे व्रतों के दौरान भी मखाने का इस्तेमाल किया जाता है, इसे घी में भूनकर खाया जा सकता है. इसके अलावा मखाने की पंजीरी या लड्डू भी तैयार किए जाते हैं. व्रत के दौरान लोग अपनी खान-पान की परंपरा और जरूरत के अनुसार मखाने से अलग-अलग व्यंजन बनाते हैं.
हरियाणवी रेसिपी बनाने वाली बिन्द्रा देवी का कहना है कि मखाना ऐसा खाद्य पदार्थ है, जिसे एक ही तरीके से खाने की जरूरत नहीं है.इसे स्नैक से लेकर मिठाई, दूध, सब्जी और व्रत के पकवान तक में इस्तेमाल किया जा सकता है.यही वजह है कि घर की रसोई में मखाने को कई तरह से शामिल किया जा सकता है.