शेयर बाजार में निवेश करने से अच्छा मुनाफा मिल सकता है, लेकिन इसमें रिस्क भी होता है. बाजार में गिरावट आने पर निवेश की वैल्यू कम हो सकती है. ऐसे में जो लोग अपने पैसे को सुरक्षित तरीके से बढ़ाना चाहते हैं, वे पोस्ट ऑफिस की छोटी बचत योजनाओं पर विचार कर सकते हैं. इन योजनाओं में ब्याज दर और निवेश की अवधि तय नियमों के अनुसार होती है. हालांकि, हर योजना की शर्तें अलग होती हैं और कुछ में पैसा लंबे समय तक जमा रखना पड़ता है.
पोस्ट ऑफिस की योजनाएं उन लोगों के लिए उपयोगी हो सकती हैं जो नियमित बचत करना चाहते हैं या जिन्हें भविष्य में किसी खास जरूरत के लिए पैसा जुटाना है. इनमें लंबी अवधि की बचत, हर महीने आमदनी और तय समय में रकम बढ़ाने जैसे ऑप्शन मिलते हैं.
1. पब्लिक प्रोविडेंट फंड (PPF)
अगर आप लंबे समय के लिए पैसा जमा करना चाहते हैं, तो पब्लिक प्रोविडेंट फंड यानी PPF एक विकल्प है. अक्टूबर से दिसंबर 2026 की तिमाही में इस पर 7.1% सालाना ब्याज मिल रहा है. इसकी अवधि 15 साल होती है. इसमें एक वित्त वर्ष में कम से कम 500 रुपये और अधिकतम 1.5 लाख रुपये जमा कर सकते हैं. जरूरत पड़ने पर कुछ शर्तों के तहत आंशिक निकासी की सुविधा भी मिलती है. PPF में टैक्स बेनेफिट भी मिल सकता है, जो लागू टैक्स नियमों और चुनी गई टैक्स व्यवस्था पर निर्भर करता है.
पीएफ का पैसा जरूरत के समय बड़ी आर्थिक मदद देता है.
2. नेशनल सेविंग्स सर्टिफिकेट (NSC)
निवेश से पहले योजना की अवधि, निकासी के नियम, टैक्स लाभ और लागू ब्याज दरों की जांच जरूर करें.
3. पोस्ट ऑफिस मंथली इनकम स्कीम (MIS)
अगर आप चाहते हैं कि निवेश किए गए पैसे से हर महीने आमदनी हो, तो पोस्ट ऑफिस मंथली इनकम स्कीम पर विचार कर सकते हैं. इस पर फिलहाल 7.4% सालाना ब्याज मिल रहा है और ब्याज हर महीने दिया जाता है. इस रकम का इस्तेमाल घर के खर्च, दवाइयों या दूसरी जरूरतों के लिए किया जा सकता है. इस खाते में एक व्यक्ति अधिकतम 9 लाख रुपये और ज्वाइंट अकाउंट में अधिकतम 15 लाख रुपये जमा कर सकता है. इसकी अवधि पांच साल है.
4. सीनियर सिटीजन्स सेविंग्स स्कीम (SCSS)
यह योजना खास तौर पर 60 साल या उससे अधिक उम्र के लोगों के लिए बनाई गई है. इसमें फिलहाल 8.2% सालाना ब्याज मिल रहा है, जो इन पांच योजनाओं में सबसे अधिक है. ब्याज का भुगतान हर तीन महीने में किया जाता है. इसमें अधिकतम 30 लाख रुपये तक निवेश किया जा सकता है और खाते की शुरुआती अवधि पांच साल होती है. कुछ पात्र निवेशकों को टैक्स छूट भी मिल सकती है. रिटायरमेंट के बाद नियमित आमदनी चाहने वाले लोग इस योजना पर विचार कर सकते हैं.
5. किसान विकास पत्र (KVP)
किसान विकास पत्र उन लोगों के लिए एक ऑप्शन है, जो तय अवधि में अपनी जमा रकम को बढ़ाना चाहते हैं. अक्टूबर-दिसंबर 2026 की तिमाही में इस पर 7.5% सालाना ब्याज मिल रहा है. मौजूदा दर के अनुसार, इसमें निवेश की रकम 115 महीने यानी करीब 9 साल 7 महीने में दोगुनी होती है. इसमें निवेश की शुरुआत 1,000 रुपये से की जा सकती है. हालांकि, निवेश करने से पहले यह समझना जरूरी है कि पैसा लंबे समय तक जमा रहेगा और समय से पहले निकासी पर नियम लागू होते हैं.