नई दिल्ली. दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन (DMRC) ने सेंट्रल विस्टा प्रोजेक्ट को धरातल पर उतारने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है. डीएमआरसी ने दो सुरंगों (ट्विन टनल) और चार नए अंडरग्राउंड स्टेशनों के निर्माण के लिए टेंडर जारी कर दिया है. यह 9.913 प्रोजेक्ट सेंट्रल विस्टा कॉरिडोर का हिस्सा है, जिस पर कुल 9 अंडरग्राउंड स्टेशन बनाए जाने हैं. मेट्रो के सेंट्रल विस्टा कॉरिडोर के चालू हो जाने से रोजाना मध्य दिल्ली आने-जाने वाले करीब 60 हजार कर्मचारियों और इंडिया गेट, वॉर मेमोरियल व भारत मंडपम घूमने आने वाले 2 लाख से अधिक सैलानियों को फायदा होगा. वे बिना ट्रैफिक जाम में फंसे मेट्रो से आ-जा सकेंगे.
दिल्ली मास रैपिड ट्रांजिट सिस्टम फेज V(A) के कॉन्ट्रैक्ट EC-04 के तहत कर्तव्य भवन से इंद्रप्रस्थ स्टेशन के बीच अप और डाउन लाइनों के लिए शील्ड टनल बोरिंग मशीन (TBM) की मदद से दो समानांतरसुरंगें खोदी जाएंगी. टेंडर की शर्तों के अनुसार, 42 महीनों के भीतर इन सुरंगों के निर्माण के साथ हीकनेक्टिंग सबवे और एंट्री-एग्जिट गेट भी तैयार करने होंगे. जापान इंटरनेशनल कोऑपरेशन एजेंसी (JICA) इस प्रोजेक्ट के लिए लोन दिया है.
क्या है सेंट्रल विस्टा कॉरिडोर
सेंट्रल विस्टा कॉरिडोर मेट्रो के फेज पांच (ए) के अंतर्गत विकसित किया जा रहा है. यह मजेंटा लाइन का जनकपुरी वेस्ट से आरके आश्रम मार्ग का विस्तार है. यह सेंट्रल विस्टा क्षेत्र से होकर गुजरेगा और सभी कर्तव्य भवनों को जोड़ेगा. इस पर 9,570.40 करोड़ रुपये खर्चे होंगे.
इंडिया गेट से भारत मंडपम तक बनेंगे ये चार नए स्टेशन
इस नए कॉन्ट्रैक्ट के तहत चार अंडरग्राउंड स्टेशन बनाए जाएंगे. ये स्टेशन इंडिया गेट, वॉर मेमोरियल-हाई कोर्ट, भारत मंडपम और बड़ौदा हाउस में बनेंगे. ये चारों स्टेशन दिल्ली के सबसे व्यस्त और प्रशासनिक, न्यायिक और सांस्कृतिक केंद्रों को सीधे मेट्रो नेटवर्क से जोड़ेंगे. इन सभी स्टेशनों को इंटरलिंकिंग सबवे के जरिए इस तरह डिजाइन किया जाएगा कि यात्री सड़क पर आए बिना सीधे कर्तव्य पथ, सुप्रीम कोर्ट, हाई कोर्ट और कन्वेंशन सेंटर तक आ-जा सकें.
सेंट्रल विस्टा कॉरिडोर में होंगे 9 अंडरग्राउंड स्टेशन
सेंट्रल विस्टा कॉरिडोर में कुल 9 अंडरग्राउंड स्टेशन बनाए जाने हैं. इस पूरे रूट में शिवाजी स्टेडियम, कर्तव्य भवन, युगे युगीन भारत, इंडिया गेट, बड़ौदा हाउस, भारत मंडपम, वॉर मेमोरियल, हाई कोर्ट और इंद्रप्रस्थ शामिल रहेंगे. उधर सेंट्रल सेक्रेटेरिएट स्टेशन पर पहले से ही निर्माण कार्य चल रहा है. इसे एक ट्रिपल-इंटरचेंज के रूप में तैयार किया जा रहा है ताकि नई मैजेंटा लाइन एक्सटेंशन को मौजूदा येलो और वायलेट लाइनों से सीधे जोड़ा जा सके.
2 नवंबर को टेंडर के लिए लगेगी बोली
ट्विन टनल और चार स्टेशनों के निर्माण के लिए टेंडर में शामिल होने वाली कंपनियों के लिए 7 अक्टूबर को प्री-बिड मीटिंग रखी गई है. ऑनलाइन बोलियां 2 नवंबर 2026 की सुबह 9 बजे से 9 नवंबर 2026 की दोपहर 3 बजे तक जमा की जा सकेंगी. 10 नवंबर को टेक्निकल बिड खोली जाएगी.