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Priyanka Meena Penchi: मध्य प्रदेश के गुना में उस समय अजीब स्थिति पैदा हो गई, जब भाजपा विधायक प्रियंका मीणा और भाजपा जिलाध्यक्ष के बीच मंच पर ही जोरदार बहस हुई. बताया जा रहा है कि प्रियंका को अपने समर्थक को मंच पर बिठाना था. लेकिन जब ऐसा नहीं हुआ, तो वह बुरी तरह से गुस्सा हो गईं. फिर उनके गुस्से को देखते हुए भाजपा जिलाध्यक्ष खुद जमीन पर जाकर बैठ गए.
कुर्सी को लेकर भिड़े बीजेपी के नेता
Priyanka Meena Penchi: संगठन से तनातनी और अपने तल्ख तेवरों को लेकर चाचौड़ा की भाजपा विधायक प्रियंका मीणा (पेंची) एक बार फिर सुर्खियों में हैं. सेवा संकल्प अभियान के तहत आयोजित एक कार्यक्रम में उस वक्त हाई-वोल्टेज ड्रामा खड़ा हो गया, जब मंच पर अपने समर्थक मंडल अध्यक्ष को जगह न मिलने से महिला विधायक बुरी तरह बिफर गईं. बात इतनी बढ़ी कि भरे मंच पर विधायक की भाजपा जिला उपाध्यक्ष से तीखी बहस हो गई. विधायक के इस व्यवहार से नाराज होकर पार्टी के जिलाध्यक्ष और जिला पंचायत अध्यक्ष मंच छोड़कर सीधे नीचे जमीन पर जाकर बैठ गए. इसके बाद खेल का मैदान नेताओं की सियासी कुश्ती की वजह से चर्चा में आ गया.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सेवा एवं जनकल्याण के 25 साल के कार्यकाल को समर्पित सेवा संकल्प अभियान के चलाया जा रहा है. इसी के अंतर्गत वाराणसी से वडनगर जल, जन और सेवा संकल्प यात्रा गुना जिले की चाचौड़ा विधानसभा के बीनागंज पहुंची थी. यहां शहर में घूमने के बाद और खेल गतिविधियों के विजेताओं को पुरस्कृत किया गया. फिर स्कूल के कबड्डी मैदान में मुख्य संवाद कार्यक्रम आयोजित किया गया था. कार्यक्रम के दौरान जब अतिथियों का मंच पर आसीन होने का सिलसिला शुरू हुआ, तो चाचौड़ा विधायक प्रियंका मीणा अपने समर्थक बीनागंज मंडल अध्यक्ष रामसेवक मीणा को मंच पर बैठाने की जिद पर अड़ गईं. जब उन्हें मंच पर जगह नहीं मिली, तो विधायक का पारा चढ़ गया. वह मंच पर पहले से बैठे भाजपा जिला उपाध्यक्ष प्रबल प्रताप सिंह उर्फ निक्की से भिड़ गईं और दोनों के बीच सार्वजनिक रूप से जमकर जुबानी तीर चले.
मंच से नीचे उतरे भाजपा जिला अध्यक्ष
भरे मंच पर अपनी ही पार्टी की विधायक का यह उग्र रूप और जिला उपाध्यक्ष से तीखी नोकझोंक देख वहां मौजूद वरिष्ठ नेता हक्के-बक्के रह गए. विधायक के इस व्यवहार से भाजपा जिलाध्यक्ष धर्मेंद्र सिंह सिकरवार और जिला पंचायत अध्यक्ष अरविंद धाकड़ नाराज हो गए. इसके बाद वह तुरंत मंच से नीचे उतर आए और नीचे जमीन पर जाकर बैठ गए. मामले को तूल पकड़ता देख बाद में जिलाध्यक्ष धर्मेंद्र सिकरवार ने सफाई देते हुए कहा कि मंच पर जगह सीमित थी और उन्हें यात्रियों के साथ बैठना था. इसलिए वे नीचे चले गए थे. हालांकि प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार विवाद और गुटबाजी बिल्कुल साफ नजर आ रही थी.
पहले भी मंचों पर तेवर दिखा चुकी हैं प्रियंका मीणा
चाचौड़ा विधायक का यह कोई पहला मामला नहीं है. इससे पूर्व भी संत रविदास समरसता कार्यक्रम में कुर्सी न मिलने पर उन्होंने मंच पर ही भारी नाराजगी जाहिर की थी. वहीं एक अन्य कृषि कार्यक्रम में महिलाओं पर दिए गए बयान को लेकर उनकी गुना के वरिष्ठ भाजपा विधायक पन्नालाल शाक्य से भी भरे मंच पर तीखी तू-तू मैं-मैं हो चुकी है. बीनागंज के कबड्डी मैदान पर हुई इस ताजा सियासी कबड्डी ने एक बार फिर जिले में भारतीय जनता पार्टी की अंदरूनी खींचतान और गुटबाजी को सार्वजनिक कर दिया है.
पूरे मामले पर प्रियंका मीणा पैंची ने कहा कि विवाद जैसी कोई बात नहीं है. मैंने तो सिर्फ मंडल अध्यक्ष को मंच पर बिठाने की बात कही थी. वहीं भाजपा जिलाध्यक्ष धर्मेंद्र सिरकरवार ने कहा कि कुछ बैठने को लेकर बातचीत हो गई थी. मैंने कहा कि सभी लोग यात्रियों के साथ बैठेंगे, तो हम लोग नीचे चले गए थे. संगठन में एकजुटता है. उनके कुछ व्यक्तिगत स्वार्थ हो, तो मैं कह नहीं सकता हूं.