लीज डीड से YEIDA की बल्ले-बल्ले, 7 महीने में 327 करोड़ की कमाई, 500 करोड़ पार होने की उम्मीद


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Greater Noida YIEDA News: यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण के लिए जमीन की लीज डीड कमाई का बड़ा जरिया बनकर उभरी है. प्राधिकरण ने महज 7 महीने में लीज डीड के जरिए 327 करोड़ रुपये की कमाई की है.अब चालू वित्त वर्ष के अंत तक यह आंकड़ा 500 करोड़ रुपये के पार पहुंचने की उम्मीद है.

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लीज डीड से हो रहा फायदा. (एआई तस्वीर)

ग्रेटर नोएडा : यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (YEIDA) के राजस्व में लगातार बढ़ोतरी हो रही है. जमीनों की लीज डीड से मिलने वाली स्टांप ड्यूटी ने प्राधिकरण की कमाई को नई ऊंचाई पर पहुंचा दिया है. चालू वित्तीय वर्ष 2026-27 में अप्रैल से अक्टूबर तक महज सात महीनों में YEIDA को स्टांप ड्यूटी के रूप में 327.38 करोड़ रुपये का राजस्व हासिल हुआ है. राजस्व संग्रह की यही रफ्तार बनी रही तो वित्तीय वर्ष के अंत तक यह आंकड़ा 500 करोड़ रुपये के पार पहुंच सकता है. पिछले वर्षों के आंकड़ों से तुलना करें तो प्राधिकरण की आय में लगातार तेजी देखने को मिल रही है.

यीडा क्षेत्र में आवासीय और औद्योगिक गतिविधियों के विस्तार के साथ जमीनों की लीज डीड कराने का सिलसिला भी बढ़ा है. लीज डीड के लिए आवंटियों को स्टांप ड्यूटी जमा करानी होती है. इसी से प्राधिकरण को राजस्व प्राप्त होता है. पिछले कुछ वर्षों में इस मद से होने वाली आय में लगातार इजाफा हुआ है. अब चालू वित्तीय वर्ष के शुरुआती सात महीनों में ही 327 करोड़ रुपये से अधिक की कमाई हो चुकी है.

पिछले वर्षों में भी बढ़ता रहा राजस्व

प्राधिकरण के आंकड़ों पर नजर डालें तो वित्तीय वर्ष 2021-22 में स्टांप ड्यूटी से 37.80 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हुआ था. वर्ष 2022-23 में यह बढ़कर 55.86 करोड़ रुपये हो गया. वित्तीय वर्ष 2023-24 में 68.63 करोड़ रुपये और 2024-25 में 95.87 करोड़ रुपये की आय हुई. इसके बाद वित्तीय वर्ष 2025-26 में राजस्व में बड़ी बढ़ोतरी दर्ज की गई और यह आंकड़ा 368.84 करोड़ रुपये तक पहुंच गया. अब वित्तीय वर्ष 2026-27 में अक्टूबर तक ही 327.38 करोड़ रुपये की आय हो चुकी है.

इन आंकड़ों से साफ है कि पिछले कुछ वर्षों में YEIDA के राजस्व संग्रह में तेजी आई है. खास बात यह है कि चालू वित्तीय वर्ष अभी पूरा नहीं हुआ है, जबकि स्टांप ड्यूटी से होने वाली आय पिछले वित्तीय वर्ष के कुल राजस्व के काफी करीब पहुंच चुकी है. ऐसे में आने वाले महीनों में भी राजस्व संग्रह जारी रहने पर प्राधिकरण के सामने 500 करोड़ रुपये का आंकड़ा पार करने की संभावना है.

पांच साल में 954 करोड़ से अधिक का राजस्व

प्राधिकरण के अनुसार, एक अप्रैल 2021 से 31 अक्टूबर 2026 तक स्टांप ड्यूटी के रूप में 954.38 करोड़ रुपये से अधिक का राजस्व प्राप्त हो चुका है. इस अवधि में राजस्व में लगातार बढ़ोतरी दर्ज की गई है. अधिकारियों का मानना है कि लीज डीड से होने वाली आय में वृद्धि क्षेत्र में बढ़ती रियल एस्टेट और औद्योगिक गतिविधियों का संकेत है. जमीनों के आवंटन और लीज डीड की प्रक्रिया आगे बढ़ने से सरकारी खजाने में भी राजस्व की बढ़ोतरी हो रही है.

औद्योगिक विकास के साथ बढ़ रहा राजस्व

यीडा के सीईओ राकेश कुमार सिंह ने बताया कि यमुना प्राधिकरण क्षेत्र के विकास के साथ सरकारी खजाने को भरने का काम भी कर रहा है. एक अप्रैल 2021 से 31 अक्टूबर 2026 तक प्राधिकरण ने स्टांप ड्यूटी के रूप में 954 करोड़ रुपये से अधिक का राजस्व प्राप्त किया है. उन्होंने कहा कि YEIDA ने खुद को देश के प्रमुख विकास और निवेश क्षेत्रों में स्थापित किया है, जिससे औद्योगिक विकास तेजी से आगे बढ़ रहा है. लीज डीड से होने वाली आय में बढ़ोतरी यीडा के लिए बड़ी उपलब्धि है. चालू वित्तीय वर्ष में सात महीने के भीतर 327.38 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त होना इस तेजी को दर्शाता है. वहीं अधिकारीयों का मानना है कि आने वाले महीनों में भी राजस्व संग्रह की यही स्थिति बनी रहती है तो वित्तीय वर्ष के अंत तक 500 करोड़ रुपये का आंकड़ा पार करना प्राधिकरण के लिए संभव हो सकता है.



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