यूपी चुनाव में सच निकला BJP का आरोप? अखिलेश यादव कर रहे अयोध्या चढ़ावा चोरी की चिंता तो एसटी हसन ने श्रीराम के जन्म स्थान पर ही उठा दिया सवाल

यूपी चुनाव में सच निकला BJP का आरोप? अखिलेश यादव कर रहे अयोध्या चढ़ावा चोरी की चिंता तो एसटी हसन ने श्रीराम के जन्म स्थान पर ही उठा दिया सवाल


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ST Hasan raises questions on Shri Ram Janmabhoomi: यूपी चुनाव में जीत सुनिश्चित करने के लिए समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव लगातार अयोध्या के राम मंदिर में हुए चढ़ावा चोरी को मुद्दा बनाने के प्रयास में लगे हैं. वहीं उन्हीं की पार्टी के पूर्व सांसद एसटी हसन ने श्रीराम जन्मभूमि स्थान पर ही सवाल उठा दिया है. उन्होंने कहा कि श्रीराम भारत में जरूर जन्में थे, लेकिन उसके वास्तविक स्थान का प्रमाण नहीं मिलता है. सपा नेता के बयान पर बीजेपी के नेता और संत समाज आक्रामक हो गया. उनका कहना है कि वह पहले से कहते रहे हैं कि समाजवादी पार्टी सनातन विरोधी है और चुनाव को देखकर अखिलेश यादव ढोंग कर रहे हैं.

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मुरादाबाद से सपा के पूर्व सांसद एसटी हसन ने भगवान श्रीराम के जन्म स्थान पर ही सवाल उठा दिए हैं.

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव अयोध्या के राम मंदिर में हुए चढ़ावा चोरी के मुद्दे को हवा देने में जुटे हैं. साथ ही यह भी दावा कर रहे हैं कि ‘समाजवाद ही सनातन है’. अखिलेश यादव के इन बयानों पर बीजेपी लगातार आरोप लगाती है कि वो केवल चुनावी सनातनी हैं. इसी बीच समाजवादी पार्टी के पूर्व सांसद एसटी हसन ने तो भगवान श्रीराम के जन्म स्थान पर ही सवाल उठा दिया है.

श्रीराम के जन्मस्थान पर क्या बोले एसटी हसन?

भगवान श्रीराम के जन्मस्थान को लेकर मुरादाबाद के पूर्व सपा सांसद एसटी हसन ने कहा- ‘वो भारत में ही पैदा हुए थे. लेकिन किस जगह पैदा हुए थे इसको लेकर वास्तविक जानकारी नहीं है. दक्षिण भारत में भी अयोध्या है, वहां के लोग कहते हैं कि वहां भगवान राम पैदा हुए थे. श्रीलंका से वो करीब भी है.’

पलटवार में बीजेपी ने एसटी हसन को बताया श्रीरामद्रोही

भगवान श्रीराम के जन्मस्थान को लेकर सपा नेता एसटी के आए बयान पर उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने कहा- ‘यह बयान रामद्रोहियों की है. समाजवादी पार्टी के अगर कोई नेता इस तरह का बयान देते हैं तो मुझे कोई आश्चर्य नहीं होता है. लेकिन रामभक्त चुनाव में इनका पूरा हिसाब करेंगे. 2027 के विधानसभा चुनाव में रामभक्त सपा को उनकी हैसियत पर ला देंगे. इनकी साइिकल को पंचर करके सैफई भेज देंगे.’

वहीं एनडीए के घटकदल सुभासपा के अध्यक्ष और योगी सरकार के मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने कहा- ‘सपा के नेता एसटी हसन आरोप लगा रहे हैं, उनको ज्ञान होना चाहिए, पूरी दुनिया और पूरा देश जान गया है, अगर वह पढ़े लिखे नहीं हैं तो पढ़ लिख लें, तब उन्हें पता लग जाएगा कि भगवान श्रीराम कहां पैदा हुए थे. पढ़ने लिखने के बाद पता चलेगा कि उनका व्यक्तित्व क्या था.’

वहीं बीजेपी विधायक अजय सिंह ने चेतावनी भरे लहजे में कहा- ‘एसटी हसन जी अगर मीडिया के माध्यम से मेरी बात आपतक पहुंच रही हो, आप अपने सातवें और 10वें पीढ़ी का नाम बताइए. भगवान त्रेता युग में पैदा हुए थे, लाखों वर्ष से ये सनातनी हिंदू है, जो कहता है कि भगवान श्रीराम अयोध्या में पैदा हुए थे. 500 वर्ष पहले तुलसीदास जी ने रामचरित मानस लिखा.’

सपा नेता के बयान पर संत समाज भी नाराज

वहीं अयोध्या के पीठाधीश्वर तपस्वी छावनी के जगतगुरु परमहंस आचार्य ने कहा- ‘समाजवादी पार्टी का चरित्र उजागर है, सब जानते हैं कि सपा राष्ट्रविरोधी और तुष्टीकरण वाली पार्टी है, हमेशा आतंकवादियों को बचाने की बात और देश विरोधियों का सपोर्ट और रामभक्तों पर गोलियां भी चलवा चुकी है. अगर जानकारी नहीं है तो थोड़ा वेद पुराण पढ़ लिया करें.’

साकेत भवन के पीठाधीश्वर सीताराम दास ने कहा- ‘समाजवादी पार्टी के नेता बिलकुल मानसिक रोग से ग्रसित हैं. ये सब दिमागी नक्सलवाद है. देश में अराजकता और दंगा करने का साजिश कर रहे हैं. मैं अखिलेश यादव से पूछना चाहता हूं कि आप इसी तरह सनातनियों को अपमानित करने का काम कराएंगे. एक तरफ अयोध्या आकर कथा में शामिल होते हो, दूसरी तरफ अपने नेताओं से इस तरह के बयान दिलावाते हो. अगर यही हाल रहा तो 2027 में 27 सीटों पर सिमट जाओगे.’



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