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Ujjain Khade Hanuman Temple: स्मार्ट सिटी से मिली जानकारी के अनुसार, विशेष उपकरणों के साथ अफसरों की टीम रात करीब 12:30 बजे खड़े हनुमान मंदिर पहुंची थी. SDM एलएन गर्ग के नेतृत्व में भोपाल से विशेषज्ञों का दल आया था. इस दौरान नगर निगम और पुलिस के अफसर भी मौजूद रहे.
अधिकारियों ने रात करीब 12:30 बजे मंदिर स्कैन किया.
रिपोर्ट- अजय कुमार पटवा, उज्जैन. मध्य प्रदेश के उज्जैन में खड़े हनुमान मंदिर की प्राचीन प्रतिमा को लेकर एक बार फिर चर्चाएं तेज हो गई हैं. मंदिर का मुख्य ढांचा हटाए जाने के करीब डेढ़ महीने बाद देर रात प्रशासनिक टीम आधुनिक मशीनों के साथ मौके पर पहुंची. टीम ने प्रतिमा और उसके आसपास के हिस्से की स्कैनिंग कर जमीन के नीचे की संरचना का पता लगाने का प्रयास किया. हालांकि इस जांच के बाद प्रतिमा को हटाने की दिशा में कोई कदम उठाया जाएगा या नहीं, इसे लेकर प्रशासन ने अब तक कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी है.
स्मार्ट सिटी से मिली जानकारी के मुताबिक, विशेष उपकरणों के साथ अधिकारियों की टीम मंदिर पहुंची थी. एसडीएम एलएन गर्ग के नेतृत्व में भोपाल से विशेषज्ञों का दल आया था. इस दौरान नगर निगम और पुलिस विभाग के अधिकारी भी मौजूद रहे. टीम ने करीब एक से डेढ़ घंटे तक प्रतिमा के आसपास जांच की और तकनीकी माध्यमों से उसके नीचे की स्थिति समझने की कोशिश की.
चूहे-बिल्ली का खेल खत्म करे प्रशासन: BJP पार्षद
भाजपा पार्षद और मंदिर से जुड़े शिवेंद्र तिवारी ने कहा कि रात 12:30 बजे एसडीएम एलएन गर्ग के साथ भोपाल से कुछ लोग आए थे. उनके साथ नगर निगम के भी लोग थे, पुलिस विभाग के भी लोग थे. खड़े हनुमान जी की प्रतिमा की उनके द्वारा स्कैनिंग की गई है. वे लोग लगभग एक से डेढ़ घंटा रुके थे. उनकी रिपोर्ट क्या आती है, वो भविष्य में है लेकिन रात में 12:30 बजे मंदिर आकर मूर्ति की स्कैनिंग करना, गुपचुप करना, यह बात समझ से परे है. वह प्रशासन से अपील करते हैं कि चूहे-बिल्ली का खेल खत्म करे. वे लोग क्या करना चाहते हैं, इसकी घोषणा कर दें ताकि सनातन समाज जो हनुमान जी का अनुयायी है, उनको भी स्पष्ट हो जाए कि प्रशासन चाहता क्या है. देर रात में आना, निगम को आगे करना, पुलिस को आगे करना, यह समझ से परे है.
प्रभु ने फिर किया इशारा
उन्होंने आगे कहा कि आज खड़े हनुमान जी की प्रतिमा का विषय केवल उज्जैन का नहीं है, यहां विराजे बजरंगबली देश-विदेश तक प्रसिद्ध हैं. प्रतिमा को लेकर शासन-प्रशासन कोई भी निर्णय लेता है, तो उसके दूरगामी परिणाम होंगे. चश्मदीदों द्वारा बताया गया कि वहां लाए गए उपकरणों की बैटरी कुछ जगहों पर अपने आप खत्म हो गई. इससे अधिकारी नाराज भी हुए. प्रभु (हनुमान जी) इशारा करते हैं. पहले भी इशारा किया था, रात में भी इशारा किया. कोई घमंड से चूर है. किसी मनुष्य को लगता है कि वो भगवान से बड़ा है, तो भगवान उसे सद्बुद्धि दें. हम तो यह चाहते हैं कि जन-भावनाओं का आदर होना चाहिए. बस ऐसी चीजें रात को करने के बजाय सबके सामने दिन में करें, खुलकर करें ताकि समाज को भी पता चले कि क्या हो रहा है.