नई दिल्ली (CA Topper Sakshi Chandak Preparation Strategy). चार्टर्ड अकाउंटेंसी देश की सबसे कठिन परीक्षाओं में से एक है. सीए परीक्षा को पास करने के लिए दिन-रात एक करना पड़ता है. लेकिन अगर सही स्ट्रैटेजी, परिवार का साथ और मॉडर्न टेक्नोलॉजी का सही बैलेंस हो तो सीए परीक्षा में रैंक 1 भी हासिल कर सकते हैं. महाराष्ट्र के नासिक की रहने वाली साक्षी चांडक ने सीए इंटरमीडिएट परीक्षा (सितंबर 2026) में 600 में से 502 अंक (83.67%) हासिल किए हैं. उनकी ऑल इंडिया रैंक 1 है.
सीए बनने के लिए 12-14 घंटे की पढ़ाई
इंडिया टुडे को दिए इंटरव्यू में साक्षी चांडक ने बताया कि उनकी सबसे बड़ी ताकत Consistency रही. उन्होंने जुलाई 2025 में सीए इंटर की तैयारी शुरू कर दी थी. वह रोजाना सुबह 5 बजे उठ जाती थीं और रात में 10:30 बजे सोती थीं. दिनभर में छोटे-छोटे स्ट्रैटेजिक ब्रेक्स (नाश्ता, लंच, डिनर) के साथ वह एवरेज 12 घंटे पढ़ाई करती थीं. सीए परीक्षा के आखिरी दिनों में यह समय बढ़कर 14 घंटे हो गया था. साक्षी का मानना है कि लंबे समय तक पढ़ने से ज्यादा जरूरी है कि आप उस दौरान कितने फोकस के साथ पढ़ रहे हैं.
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कठिन विषयों के लिए साक्षी का ‘4-रिविजन फॉर्मूला’
हर विषय की अपनी मांग होती है. सीए टॉपर साक्षी चांडक ने टैक्स के लिए शुरुआत से ही ढेर सारे प्रैक्टिकल क्वेश्चन्स की प्रैक्टिस की. स्ट्रैटेजिक मैनेजमेंट (SM) जैसे याद करने वाले सब्जेक्ट को उन्होंने बार-बार रिवाइज किया. सबसे अहम बात- ऑडिट जैसे कठिन और थ्योरिटिकल विषय के लिए साक्षी ने 4 बार रिवीजन (Phased 4-Revision Strategy) किया. इससे सीए परीक्षा वाले दिन तक वह पूरे सिलेबस पर मजबूत पकड़ बना चुकी थीं.
स्ट्रेस और सेल्फ-डाउट से पाया छुटकारा
पढ़ाई की छुट्टियों (Study Leave) के दौरान सीए परीक्षा का तनाव और खुद की तैयारियों पर शक होना बिल्कुल आम बात है. साक्षी चांडक के साथ भी कुछ ऐसा ही हुआ. लेकिन इस मुश्किल मोड़ पर अपनी मेहनत (कर्म) पर भरोसा रखना, माता-पिता की बातें और टीचर्स का गाइडेंस उनके काम आया. परिवार की तरफ से मिले स्ट्रेस फ्री माहौल ने साक्षी को मेंटल और इमोशनल रूप से मजबूत बनाकर रखा.