छत्तीसगढ़ में सरकार लगातार बुनियादी ढांचे को बढ़ाने को लेकर काम कर रही है. इसी कड़ी में सरगुजा जिले में गांवों में संपर्क सुविधा बढ़ाने के लिए बबौली-बिलमा मार्ग का डामरीकरण कर रही है. लगभग 2.40 करोड़ रुपए की लागत से को 2.20 किलोमीटर लंबी सड़क को बनाया जा रहा है. इस सड़क के डामरीकरण से करीब 11 गांवों को फायदा होने की उम्मीद जताई जा रही है. इसके अलावा 5 नए पुल पुलियों को भी बनाया गया है. इन नए पुलों के बनने से बारिश के मौसम में गांव के लोगों को काफी राहत मिलेगी. इस सड़क के बनने से शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि और व्यापारिक गतिविधियों के लिए सरगुजा पहुंच अधिक आसान होगी.
इन 11 गांवों को होगा फायदा
बबौली-बिलमा मार्ग के निर्माण से गांव जोरी, अम्बी, कर्री, पड़ौली, चेंगोरी, कुदर, चन्देश्वरपुर, बबौली, बिलमा, रघुपुर और देवसरा गांवों को फायदा होगा. इससे इन गांवों के लोगों कोअस्पतालों और स्थानीय बाजारों तक पहुंचने में सुविधा होगी.
विद्यार्थियों, महिलाओं, बुजुर्गों और मरीजों के लिए बेहतर सड़क संपर्क उपयोगी साबित होगा. सड़क के डामरीकरण से आवागमन ज्यादा सुविधाजनक होगा. ग्रामीण क्षेत्र भी जिले के मुख्यालय के साथ जुड़ सकेंगे.
किसानों को होगा फायदा
बबौली-बिलमा मार्ग से जुड़े गांवों में कृषि आजीविका का प्रमुख आधार है. बेहतर सड़क सुविधा उपलब्ध होने से किसानों को अपनी कृषि उपज बाजारों एवं मंडियों तक पहुंचाने में आसानी होगी. इसके साथ ही खाद, बीज, कृषि उपकरण और दूसरी सामग्रियों को भी ले जाना आसान होगा.
समय की भी होगी बचत
सड़क निर्माण से परिवहन में लगने वाले समय और परेशानियों में कमी आने की उम्मीद है. इससे किसानों के साथ स्थानीय व्यापारियों और छोटे व्यवसायियों को भी लाभ मिलेगा. ग्रामीण क्षेत्रों में आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा मिलेगा.
छत्तीसगढ़ सरकार के लोक निर्माण विभाग द्वारा सड़कों और पुल-पुलियों के निर्माण को गति दी जा रही है. बबौली-बिलमा मार्ग का डामरीकरण पूरा होना इसी दिशा में एक अहम उपलब्धि है. यह सड़क न केवल 11 गांवों के ग्रामीणों की आवाजाही को सुगम बनाएगी, बल्कि शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि और स्थानीय व्यापार के लिए बेहतर संपर्क देगी.