बार-बार फेसवॉश करना पड़ सकता है भारी, ऑयली स्किन की देखभाल का जानें सही तरीका

बार-बार फेसवॉश करना पड़ सकता है भारी, ऑयली स्किन की देखभाल का जानें सही तरीका


रामपुर: अगर चेहरा धोने के कुछ ही देर बाद फिर से ऑयली नजर आने लगे, माथे और नाक पर तेल चमकने लगे या बार-बार मुंहासे निकलने लगें, तो इसकी वजह ऑयली स्किन हो सकती है. ऐसे में कई लोग चेहरे का तेल हटाने के लिए बार-बार फेसवॉश करते हैं या तरह-तरह के प्रोडक्ट इस्तेमाल करने लगते हैं. लेकिन ऐसा करना हमेशा सही नहीं होता. ऑयली स्किन की देखभाल के लिए जरूरी है कि आप अपनी त्वचा के हिसाब से सही प्रोडक्ट चुनें और रोजाना एक आसान स्किन केयर रूटीन अपनाएं. आयुष चिकित्सा अधिकारी डॉ. मोहम्मद इकबाल से जानिए ऑयली स्किन वालों को किन बातों का ध्यान रखना चाहिए.

बार-बार फेसवॉश करने से बचें

ऑयली स्किन वाले लोगों की सबसे बड़ी परेशानी चेहरे पर जमा अतिरिक्त तेल होता है. इससे छुटकारा पाने के लिए कई लोग दिन में कई बार साबुन या फेसवॉश से चेहरा धोते हैं. कुछ लोग ऐसा फेसवॉश इस्तेमाल करते हैं, जिससे चेहरा खिंचा-खिंचा और रूखा महसूस होने लगता है. लेकिन चेहरे को साफ रखने का मतलब उसकी सारी नमी खत्म करना नहीं है.

डॉ. मोहम्मद इकबाल के मुताबिक, ऑयली स्किन वालों को ऐसा माइल्ड फेसवॉश चुनना चाहिए, जो चेहरे पर जमा तेल और गंदगी को साफ करे और त्वचा को ज्यादा रूखा न बनाए. अगर त्वचा संवेदनशील है या मुंहासे भी निकलते हैं, तो प्रोडक्ट चुनते समय खास ध्यान दें. चेहरे को सुबह और रात साफ करना एक आसान रूटीन हो सकता है.

ब्लैकहेड्स और मुंहासों के लिए मददगार हो सकता है सैलिसिलिक एसिड

ऑयली स्किन की देखभाल में सीरम भी मददगार हो सकता है. खासकर जिन लोगों को ब्लैकहेड्स, बंद पोर्स और मुंहासों की परेशानी रहती है, वे सैलिसिलिक एसिड वाले सीरम के बारे में सोच सकते हैं. यह त्वचा के पोर्स में जमा तेल और गंदगी को साफ करने में मदद करता है.

हालांकि, इसका इस्तेमाल अपनी त्वचा के हिसाब से करना जरूरी है. शुरुआत में इसे कम बार लगाएं और देखें कि त्वचा पर कोई जलन या रूखापन तो नहीं हो रहा. एक साथ कई एक्टिव इंग्रीडिएंट वाले प्रोडक्ट लगाने से बचें. अगर चेहरे पर पहले से काफी जलन या सूजन है, तो खुद से प्रयोग करने के बजाय डॉक्टर से सलाह लें.

ऑयली स्किन पर भी मॉइस्चराइजर लगाना जरूरी

कई लोगों को लगता है कि जब चेहरे पर पहले से तेल आता है, तो मॉइस्चराइजर लगाने की क्या जरूरत है. इसी सोच के कारण वे इसे अपने रूटीन से हटा देते हैं. लेकिन ऑयली स्किन को भी नमी की जरूरत होती है. सही मॉइस्चराइजर त्वचा को हाइड्रेट रखने में मदद करता है.

डॉ. इकबाल के अनुसार, ऑयली स्किन वाले लोग नियासिनामाइड और जिंक जैसे इंग्रीडिएंट वाले प्रोडक्ट चुन सकते हैं. नियासिनामाइड त्वचा की देखभाल और ऑयल को संतुलित रखने में मदद कर सकता है. वहीं, हल्का और नॉन-कॉमेडोजेनिक मॉइस्चराइजर चुनना बेहतर रहता है. यानी ऐसा प्रोडक्ट, जिससे पोर्स बंद होने की संभावना कम हो.

चिपचिपाहट के डर से न छोड़ें सनस्क्रीन

कुछ लोग सोचते हैं कि सनस्क्रीन लगाने से चेहरा और ज्यादा चिपचिपा हो जाएगा, इसलिए वे इसे लगाने से बचते हैं. लेकिन धूप में निकलते समय ऑयली स्किन वालों को भी सनस्क्रीन लगाना चाहिए. बस इसे चुनते समय उसके टेक्सचर पर ध्यान देना जरूरी है.

जेल या हल्के वॉटर बेस्ड टेक्सचर वाला सनस्क्रीन कई लोगों को आरामदायक लग सकता है. ऐसा सनस्क्रीन चुनें, जो ब्रॉड स्पेक्ट्रम हो और कम से कम SPF 30 का हो. बाहर रहने पर जरूरत के मुताबिक इसे दोबारा लगाएं. इससे त्वचा को धूप से होने वाले नुकसान से बचाने में मदद मिलती है.

ऑयली स्किन वाले न करें ये गलतियां

चेहरे पर बार-बार हाथ लगाना, मुंहासों को दबाना, बहुत तेज स्क्रब करना और हर कुछ दिनों में स्किन केयर प्रोडक्ट बदलना ऐसी गलतियां हैं, जिनसे परेशानी बढ़ सकती है. इसी तरह चेहरे को बार-बार धोने से भी त्वचा में रूखापन और जलन हो सकती है.

ऑयली स्किन की देखभाल के लिए महंगे प्रोडक्ट खरीदना जरूरी नहीं है. सही फेसवॉश, हल्का मॉइस्चराइजर, जरूरत के हिसाब से सीरम और सनस्क्रीन से एक आसान रूटीन बनाया जा सकता है. सबसे जरूरी बात यह है कि अपनी त्वचा को समझें और एक साथ बहुत सारे प्रोडक्ट इस्तेमाल करने के बजाय धीरे-धीरे सही विकल्प चुनें.



Source link