बॉलीवुड एक्टर टाइगर श्रॉफ पर रविवार शाम को जानलेवा हमला हुआ. उन पर दो आरोपियों ने ताबड़तोड़ गोलियां बरसाईं. इस हमले में टाइगर को हल्की चोटें आईं लेकिन उनके ड्राइवर और एक ऑटो रिक्शा चालक गंभीर रूप से घायल हो गए. सीसीटीवी, चश्मदीदों और पुलिस की ओर से मिली जानकारी के मुताबिक आरोपियों ने करीब 45 मिनट तक खड़े होकर टाइगर श्रॉफ का इंतजार किया था और फिर घटना को अंजाम दिया. इस हादसे के बाद तमाम बातें सामने आने के बाद न्यूज18 इंडिया ने ग्राउंड पर पहुंचकर उस घटनास्थल का जायजा लिया जहां शूटआउट की घटना हुई थी. आइए जानते हैं ग्राउंड जीरो से रिपोर्ट….
ग्राउंड जीरो पर मौजूद न्यूज18 इंडिया को चश्मदीदों ने बताया,’बीएमडब्ल्यू में सवार टाइगर श्रॉफ जैसे ही पुष्पा पार्क के पास से गुजरे तो दो आरोपियों ने गोलीबारी की थी, इनमें से एक चलती बाइक पर बैठा हुआ था और दूसरा पास ही खड़ा था. जुहू स्थित पुष्पा पार्क के पास पीपल का पेड़ है, जहां दोनों आरोपी मौजूद थे. जानकारी में सामने आया है कि दोनों आरोपियों ने पीपल के पेड़ के नीचे खड़े होकर करीब 45 मिनट तक इंतजार किया था. इसके बाद जैसे ही वहां से टाइगर श्रॉफ की कार गुजरी एकाएक आरोपियों ने पिस्टल से गोलियां बरसाना शुरू कर दिया. यह पूरी तरह प्लांड हमला था और संभव है कि इसकी तैयारी काफी पहले से की जा रही हो.’
‘शूटआउट करने के बाद बाइक वाला आरोपी दौड़ता है और दूसरा वाला भी उस बाइक पर सवार हो जाता है. इसके बाद वे सामने वाले रास्ते से बाइक को दौड़ाते हुए निकल जाते हैं जो रास्ता सीधे विले पार्ले रेलवे स्टेशन की ओर जाता है. चूंकि इस रास्ते पर वीक डेज में काफी भीड़ होती है लेकिन रविवार के दिन यहां भीड़ नहीं होती है और रास्ता अमूमन खाली रहता है, शायद ये भी वजह है कि रविवार का भी दिन चुना गया हो.’
बता दें कि इस पूरे इलाके में सीसीटीवी कैमरे लगे हैं. यहां सरकारी सीसीटीवी कैमरे भी हैं, जिनमें सड़क पर हुई यह पूरी घटना दर्ज हो गई है. इन्हीं सीसीटीवी के माध्यम से पुलिस ने बाइक कौन सी थी, बाइक का नंबर क्या था और वे किस रास्ते की तरफ भागे थे, ये सभी जानकारी तुरंत निकाल ली.’
‘इन्हीं सीसीटीवी से ही पता चला है कि ये आरोपी विले पार्ले रेलवे स्टेशन की तरफ गए थे और फिर वहीं अपनी बाइक छोड़कर लोकल ट्रेन में बैठ गए. आरोपियों ने घटना देने से पहले पुलिस को चकमा देने की पूरी कोशिश की. यही वजह है कि वे पूरे शहर में बाइक से जाने के बजाय लोकल ट्रेन की मदद से भागे, क्योंकि इस ट्रेन में भीड़ काफी ज्यादा होती है और इसमें आरोपियों का छुपकर भागना आसान होता है.’
इस घटना से साफ है कि यह डराने या धमकाने के लिए की गई घटना नहीं थी, बल्कि यह शूटआउट टू किल था. यानि आरोपियों का हमला जानलेवा था.
चश्मदीदों ने न्यूज18 इंडिया को बताई आंखों देखी.
मैं समोसा खाने गया था, तभी वहां फायरिंग हो गई
चश्मदीद ने बताया, ‘वहां तीन लोग थे जिनमें से एक की गाड़ी पहले से ही रेडी थी, और दूसरे के हाथ में गन थी. जब गाड़ी आगे बढ़ी तो चार राउंड फायरिंग हुई. वहां काफी भीड़भाड़ थी और लोग डरकर चिल्ला रहे थे.
जो लोग पिस्टल से गोली चला रहे थे उनमें से एक ने टोपी पहनी हुई थी, दूसरा खाली सिर था, और तीसरे ने हेलमेट पहना हुआ था जो बाइक से आया था और फिर भाग गया.’
पुलिस ने क्या कहा?
इस बारे में डीसीपी मोहित कुमार गर्ग ने बताया, ‘ये रविवार शाम 7:00 बजे के आसपास की घटना है, जिसमें कुछ लोगों ने जो बाइक पे आए थे, उन्होंने कुछ राउंड फायर किए. मिस्टर टाइगर श्रॉफ वो अपने प्राइवेट काम के लिए यहां पर आए थे. जब वो गाड़ी में बैठ के वापस जा रहे थे, तब की ये घटना है. टाइगर श्रॉफ जी के कोई गोली नहीं लगी है, वो पूरी तरीके से सेफ हैं. और इसमें पुलिस ने, मुंबई पुलिस ने अलग-अलग टीम्स गठित करके आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है. फोरेंसिक टीम ने प्रिलिमिनरी फोरेंसिक एनालिसिस शुरू कर दिया है और ऑलमोस्ट अप्प्रॉक्सिमेटली 15 टीम इसमें अभी काम कर रही हैं. ‘