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Greater Noida News : ग्रेटर नोएडा में ट्रैफिक जाम से राहत देने के लिए करीब 100 करोड़ रुपये से कई प्रमुख सड़कों को चार से छह लेन का बनाया जा रहा है. सड़क के बीच आ रहे पेड़, बिजली के खंभे और अन्य निर्माण काम में बाधा बन रहे हैं. प्राधिकरण पेड़ों को काटने के बजाय दूसरी जगह लगाने की तैयारी में है, जिसके लिए वन विभाग की मंजूरी का इंतजार है.
ग्रेटर नोएडा में सड़क होगी चौड़ी. (एआई तस्वीर)
ग्रेटर नोएडा : ग्रेटर नोएडा में ट्रैफिक जाम से राहत देने और लोगों का सफर आसान बनाने के लिए कई प्रमुख सड़कों को चौड़ा किया जा रहा है. इसके लिए करीब 100 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं. अल्फा, बीटा, गामा, डेल्टा और नॉलेज पार्क-3 समेत कई इलाकों की सड़कों को चार लेन से बढ़ाकर छह लेन करने की तैयारी है. मगर, सड़क चौड़ीकरण के बीच आ रहे पेड़, बिजली के खंभे और कुछ पक्के निर्माण काम में बाधा बन रहे हैं. खास बात यह है कि काम शुरू होने के बाद भी पेड़ों को दूसरी जगह लगाने के लिए वन विभाग से अनुमति नहीं मिल पाई है.
कहां-कहां चौड़ी हो रही सड़कें?
फिलहाल जगत फार्म से रामपुर रोटरी होते हुए पुराने प्राधिकरण कार्यालय के सामने से 130 मीटर रोड तक सड़क चौड़ी करने का काम चल रहा है. इसके लिए सड़क के बीच बने डिवाइडर को छोटा करके दोनों तरफ एक-एक अतिरिक्त लेन बनाई जा रही है. इसके अलावा सड़क पर नई बिटुमिन लेयर बिछाने, जल निकासी और स्ट्रीट लाइट लगाने या शिफ्ट करने का काम भी किया जाएगा. इसी तरह, नॉलेज पार्क-3 से एलजी चौक और एटीएस डोल्से सोसाइटी होते हुए जाने वाली सड़कों को भी चौड़ा किया जा रहा है. इन सड़कों को मेट्रो लाइन के समानांतर 105 मीटर रोड से जोड़ने वाली प्रमुख सड़कों को भी चार से छह लेन का बनाया जाना है.
सड़क के बीच आ रहे पेड़ और खंभे
एटीएस डोल्से सोसाइटी से जगत फार्म के बीच सड़क चौड़ी करने का काम जारी है. रामपुर जागीर से जगत फार्म के बीच करीब 18 से 20 पेड़ सड़क चौड़ीकरण के रास्ते में आ रहे हैं. वहीं, रामपुर जागीर से एटीएस सोसाइटी और 130 मीटर रोड तक भी दो दर्जन से अधिक पेड़ बाधा बन रहे हैं. कुछ जगहों पर मोबाइल टावर और यूनिपोल के लिए बने पक्के निर्माण भी हटाने होंगे. अगर समय पर अनुमति और बाधाएं हटाने का काम पूरा नहीं हुआ, तो सड़क चौड़ीकरण में देरी हो सकती है. साथ ही सड़क के बीच मौजूद पेड़ और दूसरे निर्माण वाहन चालकों के लिए परेशानी और हादसों का कारण भी बन सकते हैं.
किसान आंदोलन की पहचान बना गेट भी हटेगा
सड़क चौड़ीकरण के दौरान गामा-2 स्थित पुराने प्राधिकरण कार्यालय के सामने लगे गेट को भी हटाया जाएगा. इन गेटों को किसान आंदोलन की पहचान माना जाता है. पुराने प्राधिकरण भवन के सामने कई बड़े किसान आंदोलन हुए थे. उस समय भीड़ को नियंत्रित करने और लोगों को प्राधिकरण कार्यालय तक पहुंचने से रोकने के लिए ये गेट लगाए गए थे. अब सड़क चौड़ीकरण के चलते इन गेटों को हटाने की तैयारी है.
पेड़ काटे नहीं जाएंगे, दूसरी जगह लगाए जाएंगे
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के वरिष्ठ प्रबंधक राजेश कुमार निम के मुताबिक, सड़क चौड़ीकरण के बीच आ रहे पेड़ों को काटने के बजाय दूसरी जगह लगाया जाएगा. इसके लिए 15 साल से अधिक पुराने पेड़ों को ट्रांसलोकेट यानी दूसरी जगह शिफ्ट करने की अनुमति वन विभाग से मांगी गई है. अनुमति मिलने के बाद ही पेड़ों को हटाकर दूसरी जगह लगाया जाएगा. प्राधिकरण इससे पहले नॉलेज पार्क-3 और एलजी चौक के पास 90 से अधिक पेड़ों को दूसरी जगह लगा चुका है. इनमें से 90 प्रतिशत से ज्यादा पेड़ बचाने में सफलता मिली थी. अब इन नई सड़कों पर भी पेड़ों को बचाते हुए चौड़ीकरण का काम पूरा करने की योजना है.