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Best Golgappa Shop Mau: मऊ में गोलगप्पे खाने के शौकीन लोगों के बीच राजू गुप्ता की चाट की दुकान करीब 30 साल से अपनी पहचान बनाए हुए है. यहां सुबह से शाम तक गोलगप्पे खाने वालों की भीड़ लगी रहती है. दुकानदार राजू गुप्ता के मुताबिक, वह गोलगप्पे घर पर ही सूजी, मैदा और आटे से तैयार करते हैं. इसके पानी में जीरा, इमली, काला नमक, जलजीरा और पुदीना मिलाया जाता है, जो इसका स्वाद बढ़ाता है. खास बात यह है कि यहां 20 रुपये में 8 गोलगप्पे मिलते हैं. राजू की दुकान पर सिर्फ मऊ ही नहीं, आसपास के जिलों से भी लोग स्वाद लेने पहुंचते हैं.
मऊ: गोलगप्पे का नाम सुनते ही कई लोगों के मुंह में पानी आने लगता है. कोई इसके खट्टे-मीठे पानी का शौकीन होता है, तो किसी को इसका चटपटा स्वाद पसंद आता है. मऊ जनपद में राजू गुप्ता की चाट की दुकान भी अपने गोलगप्पों के स्वाद के लिए जानी जाती है. यहां सुबह से शाम तक लोगों की भीड़ लगी रहती है. दुकानदार का कहना है कि वह गोलगप्पे घर पर ही तैयार करते हैं और उन्हें बनाने से लेकर ग्राहकों को खिलाने तक किसी केमिकल का इस्तेमाल नहीं करते. यही वजह है कि उनकी दुकान का स्वाद पिछले करीब 30 साल से लोगों को पसंद आ रहा है.
राजू गुप्ता की दुकान पर गोलगप्पे खाने के लिए सिर्फ मऊ ही नहीं, बल्कि आसपास के जनपदों से भी लोग पहुंचते हैं. यहां एक प्लेट गोलगप्पे की कीमत 20 रुपये है, जिसमें आठ गोलगप्पे दिए जाते हैं. दुकानदार के मुताबिक, उनकी दुकान पर आम लोगों के साथ नेता, जनप्रतिनिधि और अधिकारी भी गोलगप्पे और चाट खाने आते हैं.
30 साल से बरकरार है गोलगप्पों का स्वाद
Local18 से बातचीत में राजू गुप्ता बताते हैं कि वह करीब 30 साल से गोलगप्पे और चाट बनाने का काम कर रहे हैं. इतने सालों से उनकी दुकान के गोलगप्पों का स्वाद एक जैसा बना हुआ है. इसे तैयार करने के लिए सूजी, मैदा और आटे का इस्तेमाल किया जाता है. वह गोलगप्पे घर पर ही बनाते हैं. राजू गुप्ता के मुताबिक, घर पर तैयार किए गए गोलगप्पों का स्वाद रेडीमेड गोलगप्पों से अलग होता है. गोलगप्पे बनाने और ग्राहकों को खिलाने तक किसी केमिकल का इस्तेमाल नहीं किया जाता. उनकी दुकान के स्वाद की वजह से लोगों के बीच इसकी अलग पहचान बनी हुई है. उनका कहना है कि जो लोग एक बार यहां गोलगप्पे खा लेते हैं, वे दोबारा भी खाने के लिए पहुंचते हैं.
जीरा, इमली और पुदीने से तैयार होता है गोलगप्पे का पानी
राजू गुप्ता बताते हैं कि गोलगप्पे का स्वाद बढ़ाने में उसके पानी की भी अहम भूमिका होती है. इसके लिए पानी में जीरा, इमली, काला नमक, जलजीरा और पुदीना डाला जाता है. इन चीजों से पानी को चटपटा और स्वादिष्ट बनाया जाता है. उनका कहना है कि अगर गोलगप्पे के पानी का स्वाद अच्छा नहीं होगा, तो गोलगप्पे खाने में भी उतने स्वादिष्ट नहीं लगेंगे. उनकी दुकान पर 20 रुपये में आठ गोलगप्पे मिलते हैं. यही वजह है कि लोग यहां गोलगप्पे और चाट खाने के लिए पहुंचते हैं.
रोज गोलगप्पे खाने पहुंचते हैं लोग
नगर पंचायत के रहने वाले पूर्व सभासद अदीब अंसारी बताते हैं कि उन्हें राजू गुप्ता के गोलगप्पे काफी पसंद हैं. वह इनका स्वाद लेने के लिए रोज दुकान पर पहुंचते हैं. अदीब अंसारी के मुताबिक, जब भी उन्हें भूख लगती है, तो उन्हें राजू के गोलगप्पों की याद आती है और वह यहां चले आते हैं. वह बताते हैं कि राजू गुप्ता के गोलगप्पे और चाट का स्वाद ऐसा है कि एक बार खाने के बाद बार-बार खाने का मन करता है. इसी वजह से वह रोज यहां आकर गोलगप्पे या चाट खाते हैं.