SI Paper Leak: SOG का बड़ा एक्शन, SI पेपरलीक में पिता-पुत्र और जीजा-साला कनेक्शन, 10 लाख की डील का भी खुलासा

SI Paper Leak: SOG का बड़ा एक्शन, SI पेपरलीक में पिता-पुत्र और जीजा-साला कनेक्शन, 10 लाख की डील का भी खुलासा


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Rajasthan SI Recruitment Paper Leak Case: राजस्थान एसआई भर्ती परीक्षा 2021 पेपरलीक मामले में एसओजी ने दो आरोपियों देवेन्द्र कुमार सैनी और डूंगर प्रकाश बिश्नोई को गिरफ्तार किया है. मामले में रिश्तेदारों को फायदा पहुंचाने के आरोप सामने आए हैं. देवेन्द्र कुमार सैनी पर अपने बेटे रविन्द्र सैनी को परीक्षा में मदद पहुंचाने के लिए लिखित परीक्षा से पहले प्रश्नपत्र लीक कराने में भूमिका निभाने का आरोप है. रविन्द्र लिखित परीक्षा पास कर एसआई के पद पर चयनित हुआ था और वह फिलहाल फरार है. देवेन्द्र पर 10 हजार रुपए का इनाम घोषित था. दूसरी ओर डूंगर प्रकाश बिश्नोई पर अपने जीजा अशोक कुमार के लिए 10 लाख रुपए में पेपर खरीदने का आरोप है. अशोक कुमार को एसओजी पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है. वह एसआई भर्ती की मेरिट में 154वें स्थान पर रहा था. एसओजी के एडीजी विशाल बंसल ने दोनों गिरफ्तारियों की जानकारी दी. इस मामले में अब तक 154 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है.

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राजस्थान एसआई भर्ती परीक्षा 2021 पेपरलीक मामले में एसओजी ने दो आरोपियों को गिरफ्तार किया

जयपुर. राजस्थान में सब इंस्पेक्टर (SI) भर्ती परीक्षा-2021 पेपरलीक मामले में रिश्तों के सहारे सरकारी नौकरी हासिल करने की कोशिशों का एक और खुलासा हुआ है. कहीं बेटे को सब इंस्पेक्टर बनवाने के लिए पिता ने पेपरलीक में मदद की, तो कहीं जीजा को भर्ती परीक्षा में सफल कराने के लिए साले ने 10 लाख रुपए में प्रश्नपत्र खरीदा. राजस्थान पुलिस की स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप ने इस मामले में दो आरोपियों देवेन्द्र कुमार सैनी और डूंगर प्रकाश बिश्नोई को गिरफ्तार किया है. दोनों पर अपने करीबी रिश्तेदारों को एसआई भर्ती परीक्षा में फायदा पहुंचाने के लिए अनियमितताओं में शामिल होने के आरोप हैं.

इनमें देवेन्द्र कुमार सैनी का बेटा रविन्द्र सैनी लिखित परीक्षा पास करने के बाद सब इंस्पेक्टर के पद पर चयनित हुआ था, जबकि डूंगर प्रकाश बिश्नोई ने अपने जीजा अशोक कुमार को परीक्षा में सफलता दिलाने के लिए कथित तौर पर 10 लाख रुपए में पेपर खरीदा था. एसओजी पहले ही अशोक कुमार को गिरफ्तार कर चुकी है. इस तरह जांच में सामने आए दोनों मामले पिता-पुत्र और जीजा-साले के रिश्तों से जुड़े हैं. एसओजी के एडीजी विशाल बंसल ने दोनों गिरफ्तारियों की जानकारी दी है. एजेंसी अब इस बात की जांच कर रही है कि परीक्षा में गलत तरीके अपनाकर चयनित होने वाले अभ्यर्थियों और उन्हें मदद पहुंचाने वाले लोगों की भूमिका किस तरह जुड़ी हुई थी.

बेटे को SI बनवाने के लिए पिता ने की मदद, 10 हजार का था इनाम

एसओजी के एडीजी विशाल बंसल ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी देवेन्द्र कुमार सैनी ने अपने बेटे रविन्द्र सैनी को एसआई भर्ती परीक्षा में फायदा पहुंचाने के लिए कथित तौर पर प्रश्नपत्र लीक कराने में मदद की थी. रविन्द्र ने लिखित परीक्षा पास की और सब इंस्पेक्टर के पद पर चयनित भी हो गया. जांच में देवेन्द्र की भूमिका सामने आने के बाद वह एसओजी के रडार पर था. उस पर 10 हजार रुपए का इनाम भी घोषित किया गया था. अब एसओजी ने उसे गिरफ्तार कर लिया है, जबकि उसका बेटा रविन्द्र सैनी फिलहाल फरार है. जांच एजेंसी उसकी तलाश कर रही है. इस मामले में पिता पर बेटे को परीक्षा में अनुचित लाभ पहुंचाने का आरोप है. जांच के दौरान यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि पेपर लीक की प्रक्रिया में उसकी भूमिका किस स्तर तक थी और इस पूरे मामले में दूसरे लोग भी शामिल थे या नहीं.

जीजा को SI बनवाने के लिए साले ने 10 लाख में खरीदा पेपर

एसओजी के एडीजी ने बताया कि पेपरलीक मामले की दूसरी कड़ी डूंगर प्रकाश बिश्नोई से जुड़ी है. एसओजी के मुताबिक, डूंगर प्रकाश ने अपने जीजा अशोक कुमार को एसआई भर्ती परीक्षा में सफलता दिलाने के लिए कथित तौर पर 10 लाख रुपए में प्रश्नपत्र खरीदा था. इस मामले में अशोक कुमार को एसओजी पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है. अशोक कुमार का चयन भी सब इंस्पेक्टर के पद पर हुआ था और वह मेरिट में 154वें स्थान पर रहा था. अब डूंगर प्रकाश की गिरफ्तारी के बाद जीजा-साले के बीच सामने आया यह कथित पेपर खरीदने का मामला जांच के दायरे में है. एजेंसी इस बात की पड़ताल कर रही है कि प्रश्नपत्र किससे खरीदा गया और इस लेनदेन के पीछे कौन-कौन लोग शामिल थे.

अब तक 154 आरोपी हो चुके हैं गिरफ्तार

एडीजी विशाल बंसल ने बताया ने बताया कि एसआई भर्ती परीक्षा-2021 पेपरलीक मामले में एसओजी लगातार कार्रवाई कर रही है. ताजा गिरफ्तारी के साथ इस प्रकरण में अब तक कुल 154 आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है. एसओजी के एडीजी विशाल बंसल ने गिरफ्तारियों की जानकारी दी. मामले में जांच का दायरा उन लोगों तक पहुंच रहा है, जिन्होंने कथित तौर पर पेपर लीक कराने, खरीदने या अभ्यर्थियों को अनुचित लाभ पहुंचाने में भूमिका निभाई. पिता-पुत्र और जीजा-साले से जुड़े इन दोनों मामलों ने भर्ती परीक्षा में कथित गड़बड़ियों के नेटवर्क की जांच को एक बार फिर चर्चा में ला दिया है. फरार रविन्द्र सैनी की तलाश जारी है और एसओजी की जांच में आगे और तथ्य सामने आने की संभावना है.



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