TGT Recruitment 2026: TGT यानी ट्रेंड ग्रेजुएट टीचर भर्ती की तैयारी कर रहे उम्मीदवारों के लिए जरूरी खबर है. सोशल मीडिया पर शिक्षक भर्ती की पात्रता को लेकर एक नोटिस प्रसारित किया जा रहा है जिसमें दावा किया गया है कि TGT पदों पर नियुक्ति के लिए ग्रेजुएशन में संबंधित विषय या विषयों के संयोजन में कम से कम 50 प्रतिशत अंक और शिक्षक पात्रता परीक्षा यानी TET पास होना अनिवार्य होगा.
इस नोटिस के सामने आने के बाद उम्मीदवारों के बीच पात्रता को लेकर भ्रम पैदा हो सकता है हालांकि राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद (NCTE) ने इस मामले में स्पष्ट किया है कि उसकी ओर से ऐसा कोई नोटिस जारी नहीं किया गया है. परिषद ने सोशल मीडिया पर प्रसारित हो रहे नोटिस को फर्जी और भ्रामक बताया है. ऐसे में उम्मीदवारों के लिए जरूरी है कि वे भर्ती की पात्रता से जुड़ी किसी भी जानकारी पर भरोसा करने से पहले उसकी आधिकारिक पुष्टि जरूर कर लें.
TGT भर्ती के नाम पर क्या दावा किया गया?
सोशल मीडिया पर प्रसारित कथित नोटिस में TGT पदों पर नियुक्ति के लिए पात्रता से जुड़े नए नियमों का दावा किया गया था. इसमें कहा गया था कि नोटिस जारी होने की तारीख से सभी स्कूलों में TGT के पद पर नियुक्ति के लिए उम्मीदवारों के पास वैध शिक्षक पात्रता परीक्षा यानी TET की योग्यता होना जरूरी होगा.नोटिस के मुताबिक यह TET संबंधित सरकार की ओर से NCTE द्वारा तय दिशा-निर्देशों के अनुसार आयोजित की गई होनी चाहिए यानी कथित नोटिस में TGT नियुक्ति के लिए TET को अनिवार्य शर्त के रूप में पेश किया गया था.
इसके अलावा इसमें यह भी दावा किया गया कि उम्मीदवार के पास किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से संबंधित विषय या विषयों के संयोजन में ग्रेजुएशन की डिग्री होनी चाहिए और उसमें कम से कम 50 प्रतिशत अंक प्राप्त होने चाहिए. इस तरह कथित नोटिस में TGT भर्ती के लिए दो प्रमुख शर्तें बताई गई थीं-TET की वैध योग्यता और ग्रेजुएशन में कम से कम 50 प्रतिशत अंक.
NCTE TET Notice Fact Check: NCTE ने साफ कर दिया है कि उसने ऐसा कोई नोटिस जारी नहीं किया है.
NCTE ने क्या कहा? नोटिस को बताया फर्जी और भ्रामक
इस मामले पर राष्ट्रीय अध्यापक शिक्षा परिषद (NCTE) ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X के माध्यम से अभ्यर्थियों को सतर्क किया. परिषद ने स्पष्ट किया कि TGT नियुक्ति की पात्रता को लेकर प्रसारित हो रहा यह नोटिस उसकी ओर से जारी नहीं किया गया है.NCTE ने इस नोटिस को फर्जी और भ्रामक बताया है. परिषद की इस सफाई का मतलब है कि सोशल मीडिया पर साझा किए जा रहे दस्तावेज को NCTE का आधिकारिक आदेश मानकर उस पर भरोसा नहीं किया जाना चाहिए.
यहां उम्मीदवारों के लिए एक अहम बात समझना जरूरी है. सोशल मीडिया पर किसी नोटिस का सरकारी दस्तावेज जैसा दिखना अपने आप में उसकी प्रामाणिकता का प्रमाण नहीं है. भर्ती के नियमों में बदलाव या नई पात्रता शर्तों की जानकारी के लिए संबंधित विभाग या संस्था की आधिकारिक सूचना की पुष्टि करना जरूरी है.
क्या TGT भर्ती के लिए ग्रेजुएशन में 50% अंक अनिवार्य हैं?
वायरल नोटिस में दावा किया गया था कि TGT पदों पर नियुक्ति के लिए संबंधित विषय या विषयों के संयोजन में ग्रेजुएशन के दौरान कम से कम 50 प्रतिशत अंक होना जरूरी होगा लेकिन NCTE ने स्पष्ट किया है कि उसने ऐसा कोई नोटिस जारी नहीं किया है इसलिए केवल इस वायरल नोटिस के आधार पर यह निष्कर्ष नहीं निकालना चाहिए कि TGT भर्ती के लिए ग्रेजुएशन में 50 प्रतिशत अंक की नई अनिवार्य शर्त लागू कर दी गई है.
इसी तरह इस नोटिस को TET की अनिवार्यता से जुड़े किसी नए नियम का प्रमाण भी नहीं माना जा सकता हालांकि इसका यह अर्थ भी नहीं है कि हर TGT भर्ती में ग्रेजुएशन के अंकों या TET से जुड़ी कोई शर्त लागू नहीं होती. वास्तविक पात्रता संबंधित भर्ती के आधिकारिक विज्ञापन, लागू नियमों और संबंधित भर्ती संस्था की अधिसूचना के आधार पर ही तय की जानी चाहिए. NCTE की सफाई विशेष रूप से सोशल मीडिया पर प्रसारित किए जा रहे कथित नोटिस को लेकर है.
TET और TGT को लेकर अभ्यर्थियों को क्या ध्यान रखना चाहिए?
TGT का पूरा नाम ट्रेंड ग्रेजुएट टीचर (Trained Graduate Teacher) है. इस पद पर भर्ती के लिए शैक्षणिक योग्यता, संबंधित विषय में डिग्री, शिक्षक प्रशिक्षण और पात्रता परीक्षा जैसी शर्तें संबंधित भर्ती के नियमों के अनुसार निर्धारित हो सकती हैं इसलिए सभी भर्तियों के लिए एक ही पात्रता मान लेना सही नहीं है.उम्मीदवारों को यह देखना चाहिए कि वे किस राज्य, स्कूल व्यवस्था या भर्ती संस्था की TGT भर्ती के लिए आवेदन कर रहे हैं. इसके बाद संबंधित भर्ती का आधिकारिक नोटिफिकेशन पढ़कर शैक्षणिक योग्यता, न्यूनतम अंक, शिक्षक प्रशिक्षण, TET और अन्य जरूरी शर्तों की जानकारी लेनी चाहिए.यदि किसी सोशल मीडिया पोस्ट में यह दावा किया जाता है कि भर्ती के नियम बदल गए हैं तो उम्मीदवारों को यह जांचना चाहिए कि क्या संबंधित विभाग या संस्था ने अपनी आधिकारिक वेबसाइट अथवा सत्यापित सोशल मीडिया अकाउंट पर ऐसा कोई आदेश जारी किया है.
अभ्यर्थियों के लिए NCTE की सलाह
NCTE ने उम्मीदवारों से अपील की है कि वे TGT पात्रता और भर्ती की अन्य शर्तों से जुड़ी जानकारी के लिए केवल परिषद की ओर जारी आधिकारिक जानकारी पर ही भरोसा करें. सोशल मीडिया पर प्रसारित किसी अपुष्ट नोटिस के आधार पर अपनी पात्रता को लेकर फैसला न करें और न ही उसे आगे साझा करके भ्रम फैलाएं. TGT भर्ती की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों के लिए यह मामला इसलिए महत्वपूर्ण है, क्योंकि पात्रता से जुड़ी गलत जानकारी उनके आवेदन और तैयारी को प्रभावित कर सकती है. किसी फर्जी नोटिस के कारण उम्मीदवार खुद को अपात्र मान सकते हैं या नियमों को लेकर अनावश्यक भ्रम में पड़ सकते हैं. ऐसे में सबसे सही तरीका यही है कि भर्ती से जुड़े किसी भी नए नियम की पुष्टि आधिकारिक नोटिफिकेशन से की जाए. NCTE की ओर से साफ किया गया है कि 50 प्रतिशत ग्रेजुएशन अंक और TET अनिवार्य होने का दावा करने वाला वायरल नोटिस परिषद ने जारी नहीं किया है. उम्मीदवारों को इस कथित नोटिस पर भरोसा करने के बजाय आधिकारिक जानकारी का इंतजार करना चाहिए.