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Ladli Behna Yojana: लाडली बहना योजना के तहत मध्य प्रदेश सरकार हर महीने महिलाओं के खाते में पैसे भेजती है, जिससे वह आर्थिक रूप से मजबूत हो सकें. विपक्ष की तरफ से कई बार यह आरोप लगाया जा चुका है कि सरकार इस योजना में छूटी हुई महिलाओं के नाम नहीं जोड़ रही है. अब इस पर बड़ा अपडेट सामने आया है. पता चला है कि राज्य सरकार जल्द ही महिलाओं के नाम जोड़ने के लिए पोर्टल खोलेगी.
लाडली बहना योजना में जुडेंगे नए नाम
मध्य प्रदेश की महिलाओं के लिए एक बड़ी खुशखबरी सामने आई है, जब पता चला है कि लाडली बहना योजना के लिए जल्द ही पोर्टल खुल सकता है और इसमें नए नाम भी जोड़े जाएंगे. इससे वह महिलाएं भी योजना का लाभ उठा सकती हैं, जो इस योजना का लाभ लेने से छूट गई थीं. इससे उन महिलाओं को फायदा होगा, जो पहले आवेदन नहीं कर पाई थीं. उन्हें भी हर महीने आर्थिक मदद मिलेगी और वह आर्थिक रूप से मजबूत बनेंगी. इसका बड़ा संकेत सीएम मोहन यादव की तरफ से दिया गया है.
स्वास्थ्य राज्य मंत्री नरेंद्र शिवाजी पटेल ने कहा कि मुख्यमंत्री मोहन यादव जी ने लाडली बहनों के खाते में एक क्लिक से राशि भेजी है. सीएम यादव ने बताया है कि लाडली बहना योजना में जिन महिलाओं का नाम नहीं जुड़ा है. भविष्य में उनके नाम जोड़े जाएंगे. छूटे हुए नामों का आकलन करने के आदेश दिए गए हैं. हम जल्दी ही पोर्टल खोलने वाले हैं. जब रिपोर्ट ने मंत्री जी से यह पूछा कि पोर्टल कब तक खुल सकता है, तो इस बारे में उन्होंने कहा कि कितनी महिलाएं बची हुई हैं. पहले उनका आकलन किया जाएगा.
लाडली बहना योजना में हर महीने पैसे भेजती है सरकार
लाडली बहना योजना की शुरुआत साल 2023 में की गई थी. इस योजना का मकसद महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत बनाना है. इसके तहत सरकार हर महीने महिलाओं के खाते में पैसे भेजती है. 14 अक्टूबर को मुख्यमंत्री मोहन यादव ने इस योजना की 41वीं किस्त जारी की है और महिलाओं के खाते में 1834 करोड़ रुपए भेजे हैं. इस योजना के तहत सरकार हर महीने 1500 रुपए भेजती है.
क्या बोले मुख्यमंत्री मोहन यादव
इस मौके पर मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने माताओं-बहनों की सुविधा के लिए पक्के मकान और शौचालय बनवाएं हैं. राज्य सरकार ने स्वामित्व योजना के अंतर्गत ग्रामीण क्षेत्रों में मौजूद 50 लाख से अधिक संपत्तियों की फ्री में रजिस्ट्री कराने का संकल्प लिया है. पटवारियों को जो भ्रांतियां थीं. वह दूर कर दी गई हैं. राज्य सरकार गरीबों के जीवन में खुशियां लाने के लिए काम कर रही है. प्रदेश में 21 साल बाद फिर से मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा की बस चलने लगी हैं.