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Bihar Aaj Ka Mausam: बिहार में मौसम पूरी तरह साफ और शुष्क बना हुआ है. किसी भी जिले के लिए बारिश का कोई अलर्ट जारी नहीं किया गया है. तापमान 35 डिग्री तक पहुंच सकता है. कृषि वैज्ञानिकों ने किसानों को इस शुष्क मौसम में सरसों और चना की बुआई शुरू करने की सलाह दी है.
बिहार वेदर अपडेट(सांकेतिक फोटो)
पटना: बिहार में मानसून की विदाई के बाद अब मौसम पूरी तरह साफ और सामान्य होने लगा है. राज्य के किसी भी जिले के लिए फिलहाल विभाग की ओर से कोई चेतावनी जारी नहीं की गई है. मौसम विभाग के अनुसार, आने वाले दिनों में बारिश की कोई संभावना नहीं है और प्रदेशभर में मौसम आमतौर पर शुष्क बना रहेगा. हालांकि, बीच में हल्के बदलाव देखने को मिल सकते हैं, जिसका असर खेती-किसानी और आम जनजीवन पर पड़ रहा है.
14 से 18 अक्टूबर तक रहेगा शुष्क मौसम
- डॉ. राजेंद्र प्रसाद केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय, पूसा के ग्रामीण कृषि मौसम सेवा केंद्र और भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) से मिली जानकारी के मुताबिक, 14 से 18 अक्टूबर तक उत्तर बिहार समेत पूरे राज्य में मौसम मुख्य रूप से शुष्क रहने के आसार हैं. इस दौरान व्यापक बारिश की कोई उम्मीद नहीं है. हालांकि, मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि 17 और 18 अक्टूबर के आसपास कुछ स्थानों पर बहुत हल्की छिटपुट बारिश हो सकती है, लेकिन इससे मौसम में कोई बड़ा बदलाव नहीं आएगा.
35 डिग्री तक पहुंच सकता है अधिकतम
- तापमान राज्य में इन दिनों दिन के समय हल्की धूप और गर्मी महसूस की जा रही है. पूर्वानुमान के अनुसार, इस अवधि में अधिकतम तापमान 30 से 35 डिग्री सेल्सियस के बीच रह सकता है, जबकि न्यूनतम तापमान 20 से 25 डिग्री सेल्सियस के आसपास दर्ज किया जा सकता है. सुबह के समय हवा में नमी यानी सापेक्ष आर्द्रता 70 से 85 प्रतिशत तक रहने की संभावना है, जो दोपहर में घटकर 45 से 55 प्रतिशत तक आ जाएगी.
- बीते दिन यानी मंगलवार के तापमान पर नजर डालें तो कैमूर जिला सबसे गर्म रहा, जहां अधिकतम तापमान 36.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. इसके अलावा पटना का तापमान 32.8 डिग्री, गया का 32 डिग्री, दरभंगा का 34.6 डिग्री, भागलपुर का 32.6 डिग्री और मुजफ्फरपुर का तापमान 32.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया. इस दौरान दक्षिण-पूर्वी दिशा से पूरबा हवा चलने की संभावना है, जिसकी गति आठ से 10 किलोमीटर प्रति घंटे तक रह सकती है.
किसानों के लिए खेती की तैयारियों का सही समय
- मौसम के शुष्क रहने और खेतों में सही नमी को देखते हुए कृषि वैज्ञानिकों ने किसानों को कृषि कार्यों में तेजी लाने की सलाह दी है. यह समय रबी फसलों की तैयारियों को अंतिम रूप देने का है. कृषि विशेषज्ञों के अनुसार, किसान भाई सरसों की बुआई अक्टूबर के तीसरे सप्ताह तक हर हाल में पूरी कर लें. वहीं, चना की बुआई 15 अक्टूबर से शुरू करने की बात कही गई है. किसानों को सलाह दी गई है कि वे स्थानीय मौसम की स्थिति और खेत की नमी को ध्यान में रखकर ही बुआई की योजना बनाएं, ताकि फसलों की शुरुआत समय पर और बेहतर तरीके से हो सके.
बदलते मौसम में सेहत का रखें विशेष ख्याल
- दिन की तेज धूप और रात के समय हल्की ठंडक के इस दौर में मौसमी बीमारियों का खतरा काफी बढ़ गया है. तापमान में आ रहे इस उतार-चढ़ाव के कारण सर्दी, जुकाम, वायरल बुखार और खांसी जैसी समस्याएं आम हो जाती हैं. डॉक्टरों का कहना है कि इस बदलते मौसम में बच्चों और बुजुर्गों को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है. सुबह और शाम के वक्त हल्की ठंडक से बचाव करें और खानपान में सेहतमंद चीजों को शामिल करें ताकि किसी भी तरह की स्वास्थ्य परेशानी से बचा जा सके.