अब सिर्फ घूमना नहीं, जीना होगा मध्य प्रदेश! एमपी ट्रैवल मार्ट 2026 में एक्सपर्ट ने बताया पर्यटन का नया रास्ता


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MP Travel Mart 2026: एमपी ट्रैवल मार्ट 2026 के दूसरे दिन एक्सपर्ट ने मध्य प्रदेश में MICE टूरिज्म, डेस्टिनेशन वेडिंग, एडवेंचर और अनुभव आधारित पर्यटन को बढ़ावा देने के सुझाव दिए. प्रदेश के 418 ग्रामीण होमस्टे से परिवारों को 27 करोड़ रुपये से ज्यादा की एक्सट्रा आमदनी हुई है.

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इंदौर-भोपाल बनेंगे बड़े आयोजनों के हब, MPTM 2026 में MICE टूरिज्म पर हुई चर्चाZoom

MP Travel Mart 2026: मध्य प्रदेश अब पर्यटकों को केवल ऐतिहासिक और प्राकृतिक जगहें दिखाने तक सीमित नहीं रहना चाहता है, बल्कि उन्हें स्थानीय जीवन, संस्कृति, खानपान और परंपराओं का अनुभव भी देना चाहता है. मध्य प्रदेश ट्रैवल मार्ट (MPTM) के दूसरे दिन आयोजित दो पैनल चर्चाओं में पर्यटन के विकास को लेकर कई सुझाव दिए गए. एक्सपर्ट ने MICE टूरिज्म, डेस्टिनेशन वेडिंग, एडवेंचर टूरिज्म और अनुभव आधारित पर्यटन को भविष्य के लिए महत्वपूर्ण बताया.

इंदौर और भोपाल बन सकते हैं बड़े आयोजन केंद्र
MICE और क्रिएटिव इकोनॉमी पर हुई चर्चा में बताया गया कि भारत में बैठकों, सम्मेलनों और बड़े आयोजनों का बाजार तेजी से बढ़ रहा है. इंदौर और भोपाल में नेशनल और अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रम आयोजित करने की अच्छी संभावनाएं हैं. एक्सपर्ट ने पर्यटन के नए अनुभव विकसित करने पर भी जोर दिया.

डेस्टिनेशन वेडिंग के लिए खास जगहें
खजुराहो, महेश्वर, ओरछा, मांडू और ग्वालियर जैसे शहर शादी समारोहों और बड़े आयोजनों के लिए खास बन सकते हैं. एक्सपर्ट ने स्थानीय भोजन, कला, संस्कृति, हथकरघा और हस्तशिल्प को इन आयोजनों से जोड़ने का सुझाव दिया. इससे स्थानीय लोगों को भी रोजगार मिलेगा.

एडवेंचर टूरिज्म को मिलेगा बढ़ावा
पर्यटन विभाग के सचिव डॉ. इलैयाराजा टी. ने साहसिक पर्यटन को बढ़ावा देने की बात कही है. एक्सपर्ट ने अलग-अलग गतिविधियों के बजाय एक ही जगह पर कई रोमांचक सुविधाएं विकसित करने का सुझाव दिया. MPTM में मोगली थीम वाला डिजिटल इंस्टॉलेशन और 360 डिग्री तकनीक से दिखाए गए पर्यटन स्थल आकर्षण का केंद्र रहे. यहां 34 देशों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया.

ग्रामीण पर्यटन से बढ़ रही आय
प्रदेश में अब तक 418 ग्रामीण होमस्टे स्थापित किए जा चुके हैं. इनमें 34 हजार से ज्यादा पर्यटक ठहर चुके हैं. इससे ग्रामीण परिवारों को 27.33 करोड़ रुपये से ज्यादा की एक्सट्रा आमदनी हुई है. चंदेरी, लाडपुर और सावखानी जैसे गांवों में पर्यटक स्थानीय भोजन, संस्कृति और रहन-सहन का अनुभव ले रहे हैं.



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