मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा की बस में लगी भीषण आग, लोगों ने कूदकर बचाई जान; दूर तक दिखा धुआं

मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा की बस में लगी भीषण आग, लोगों ने कूदकर बचाई जान; दूर तक दिखा धुआं


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Indore News: इंदौर-उज्जैन बायपास पर मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा की लक्जरी बस में अचानक आग लग गई. हादसा इंदौर और सांवेर के बीच हुआ. आग इतनी तेजी से फैली कि फायर ब्रिगेड के मौके पर पहुंचने तक बस पूरी तरह जल चुकी थी. घटना का वीडियो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. फिलहाल आग लगने की वजह सामने नहीं आई है.

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मुख्यमंत्री परिवहन सेवा की बस में लगी भीषण आग

Fire In Bus: मध्य प्रदेश में इंदौर-उज्जैन बायपास पर चलती लक्जरी बस में आग लगने से हड़कंप मच गया. बताया जा रहा है कि मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा की यह बस इंदौर से उज्जैन की ओर जा रही थी. इसी दौरान इंदौर और सांवेर के बीच अचानक बस में आग लग गई. आग लगते ही बस में मौजूद लोगों में अफरा-तफरी मच गई. लोगों ने बस से तुरंत कूदकर अपनी जान बचाई. देखते ही देखते आग ने पूरी बस को अपनी चपेट में ले लिया. शुरुआती जानकारी में पता चला है कि टायर फटने के बाद आग तेजी से फैली और बस पूरी तरह से जलकर खाक हो गई.

सूचना मिलने के बाद फायर ब्रिगेड की टीम मौके के लिए रवाना हुई, लेकिन दमकल के पहुंचने तक बस पूरी तरह जल चुकी थी. लेकिन इसके बाद भी काफी मशक्कत के बाद फायर बिग्रेड वालों ने आग पर काबू पाया है. घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें बस आग की लपटों में घिरी नजर आ रही है. फिलहाल हादसे में किसी के हताहत होने की जानकारी सामने नहीं आई है.

पुलिस कर रही मामले की जांच
डीएसपी सोनू डाबर ने बताया है कि बस जल चुकी है. जैसे ही सूचना मिली है. पुलिस बस तुरंत मौके पर पहुंचा है. मामले की जांच की जा रही है कि बस में आग किस वजह से लगी है. अभी इसका पता नहीं चल पाया है. संबंधित विभाग और पुलिस पूरे मामले की जानकारी जुटा रहे हैं. इस संबंध में पुलिस सीसीटीवी फुटेज चेक कर रही है और कई लोगों से पूछताछ भी कर रही है.

कुछ दिन पहले ही शुरू हुई थी मुख्यमंत्री परिवहन बस सेवा योजना
यह आग मुख्यमंत्री परिवहन बस सेवा की बस में लगी है. इस योजना की शुरुआत सीएम मोहन यादव और नितिन गडकरी ने 25 सितंबर 2026 को की थी. भोपाल में कुल 351 बसों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया था. इस योजना के तहत 2031 तक बसों की संख्या 15000 तक करने का टारगेट रखा गया है. इसके लिए पीपीपी मॉडल अपनाया गया है.

(रिपोर्ट-मिथिलेश गुप्ता)



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