भगवान जगनाथ के महाप्रसाद को नॉन-वेज संग परोसा? पुरी में महापान की खबर से बवाल
Last Updated:
Puri Mahaprasad Controversy: पुरी के रेड क्रॉस रोड पर स्थित ‘होटल स्वागत’ में महाप्रसाद को नॉन-वेज खाने के साथ मिलाने और बेचने का गंभीर आरोप लगा है. दो युवकों की शिकायत पर जब जांच की गई तो होटल के अंदर महाप्रसाद से भरे कई मिट्टी के बर्तन मिले. कुंभारपाड़ा पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है. हालांकि होटल मालिक मनोज कुमार दास ने सभी आरोपों से इनकार किया है.
पुलिस मामले की जांच कर रही है. (VIDEO Grab)
आस्था की नगरी पुरी से एक ऐसा दिमाग सुन्न करने वाला मामला सामने आया है जिसे सुनकर किसी के भी पैरों तले जमीन खिसक जाए. ओडिशा के पुरी में स्थित ‘होटल स्वागत’ को लेकर एक ऐसा महा-बवाल खड़ा हुआ है जिसके बारे में जानकर रोंगटे खड़े हो जाएंगे. आरोप यह है कि इस नॉन-वेजिटेरियन होटल में भगवान जगन्नाथ के पवित्र महाप्रसाद के साथ सरेआम खिलवाड़ किया जा रहा था. ग्राहकों को नॉन-वेज खाने के साथ उसी थाली में महाप्रसाद परोसा जा रहा था और उसे चावल-दाल में मिलाकर बेचा जा रहा था. जब इस गंदे खेल का भंडाफोड़ हुआ और होटल के अंदर मिट्टी के बर्तन मिले तो जनता का गुस्सा सातवें आसमान पर पहुंच गया है.
कैसे खुला इस खतरनाक खेल का राज?
यह पूरा मामला तब प्रकाश में आया जब कुछ स्थानीय युवक खाना लेने के लिए इस होटल में पहुंचे थे. पार्सल लेते वक्त जब उन युवकों ने खाने की जांच की तो उन्हें कुछ गड़बड़ और संदिग्ध लगा. पार्सल लेने वाले एक युवक ने खुलकर आरोप लगाया कि महाप्रसाद को चुपचाप चावल, दाल, बेसर और महूरा जैसी चीजों में मिलाकर नॉन-वेज खाने के साथ पैक करके बेचा जा रहा था. शक गहराने पर जब अंदर छानबीन की गई तो होटल के अंदर महाप्रसाद से भरे हुए बड़ी संख्या में मिट्टी के बर्तन भी बरामद किए गए. इस खुलासे के बाद वहां भारी भीड़ जमा हो गई और भगवान के प्रसाद के साथ इस तरह की खिलवाड़ देख हर कोई हैरान रह गया.
पुलिस की एंट्री और होटल मालिक की सफाई
मामला गरमाता देख तुरंत कुंभारपाड़ा पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को संभालते हुए अपनी जांच शुरू कर दी. पुलिस ने होटल से जुड़े तमाम पहलुओं पर पूछताछ और तफ्तीश तेज कर दी है. हालांकि, दूसरी तरफ ‘होटल स्वागत’ के मालिक मनोज कुमार दास ने इन सभी आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए इन्हें झूठा बताया है. कुंभारपाड़ा पुलिस का कहना है कि वे इस पूरे मामले की तह तक जा रहे हैं और पुलिस जांच पूरी होने के बाद ही यह साफ हो पाएगा कि इस घिनौने खेल के पीछे असल सच्चाई क्या है. तब तक पुरी के लोगों और श्रद्धालुओं में भारी रोष देखा जा रहा है.