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Today Mithun Rashifal: आज मंगलवार का दिन मिथुन राशि के जातकों के लिए खास होने वाला है. आज इस राशि के लोग हर क्षेत्र में बेहतर संतुलन बना पाएंगे. वहीं आश्लेषा नक्षत्र रात 10 बजकर 18 मिनट बजे तक प्रभावी रहेगा, इसके मघा नक्षत्र शुरू होगा.
देहरादून: आज 6 अक्टूबर यानी मंगलवार का दिन है. हिंदी पंचांग के अनुसार, आज आश्विन कृष्ण पक्ष की एकादशी तिथि 11 बजकर 36 से 12 बजकर 36 मिनट तक होगी. इसे इंदिरा एकादशी भी कहा जाता है. इसके बाद द्वादशी तिथि की शुरुआत होगी. वहीं आश्लेषा नक्षत्र रात 10 बजकर 18 मिनट बजे तक प्रभावी रहेगा, इसके मघा नक्षत्र शुरू होगा.
देहरादून के ज्योतिषाचार्य संजय बताते हैं कि मंगलवार का दिन साध्य योग है. इस योग का मतलब है संतुलन बनाने वाला योग मिथुन जातक अपने हर जगह संतुलन बना पाएंगे. उन्होंने बताया कि समय गोचर में भी बृहस्पति और मंगल एक साथ बैठे हुए हैं, तो मंगल को हम बोलते हैं कि साहस और बृहस्पति को ज्ञान का कारक माना जाता है. इस समय मिथुन जातक जबरदस्त तरीके से अपने साहस और ज्ञान से कुछ बड़ी उपलब्धि हासिल कर सकते हैं.
साध्य योग में जीवन में संतुलन और सफलता
देहरादून के ज्योतिषाचार्य संजय ने कहा कि आज मंगलवार को साध्य योग बन रहा है. साध्य योग संतुलन बनाने वाला योग माना जाता है, जिससे मिथुन राशि के जातक हर क्षेत्र में बेहतर संतुलन बना पाएंगे. यदि आप किसी काम को पूरा करने की ठान लेते हैं, तो उसमें सफलता अवश्य हासिल करेंगे.
ज्योतिषाचार्य बताते हैं कि गोचर में बृहस्पति और साहस के कारक मंगल की युति बन रही है. नीच का मंगल बृहस्पति के साथ बैठकर आपको साहस और ज्ञान का अनोखा मेल देगा, जिससे आप बड़ी उपलब्धि हासिल कर सकते हैं. इस दौरान आप अपने विचारों और कार्य को सही दिशा देने में सक्षम होंगे और काम पूरा होने के बाद बेहद उत्साहित महसूस करेंगे.
वाणी पर नियंत्रण और अहंकार से बचाव की जरूरत
ज्योतिषाचार्य ने कहा कि बृहस्पति और मंगल का एक साथ होना व्यक्ति में अहंकार भी पैदा कर सकता है. इस समय आपकी वाणी में थोड़ा कठोरपन या ईगो आ सकता है, जिससे आपका और दूसरों का नुकसान हो सकता है. इसलिए अहंकार से बचें और सहयोगियों व दोस्तों के साथ मैत्री भाव रखकर फ्लैक्सिबल बने रहें.
चंद्र-केतु का ग्रहण दोष और पितृ पक्ष के विशेष उपाय
चंद्रमा और केतु के गोचर से बन रहे ग्रहण दोष के कारण मन में फ्रस्ट्रेशन, उदासी या गुस्सा आ सकता है. ऐसे में डिप्लोमेटिक रहकर काम करें. पितृ पक्ष के दौरान गंगा स्नान, पिंडदान और दान-पुण्य करने से पितरों को शांति मिलती है, नकारात्मकता दूर होती है और मोक्ष प्राप्त होता है. आज इंदिरा एकादशी का उपवास करना भी आपके लिए विशेष लाभकारी रहेगा.
Disclaimer: इस खबर में दी गई जानकारी, राशि-धर्म और शास्त्रों के आधार पर ज्योतिषाचार्य और आचार्यों से बात करके लिखी गई है. किसी भी घटना-दुर्घटना या लाभ-हानि महज संयोग है. ज्योतिषाचार्यों की जानकारी सर्वहित में है. बताई गई किसी भी बात का Local-18 व्यक्तिगत समर्थन नहीं करता है.