Infrastructure: दूदू में बारिश से नहीं टूटेगा संपर्क, 3.15 करोड़ से मजबूत होगा सड़क-ड्रेनेज इंफ्रास्ट्रक्चर

Infrastructure: दूदू में बारिश से नहीं टूटेगा संपर्क, 3.15 करोड़ से मजबूत होगा सड़क-ड्रेनेज इंफ्रास्ट्रक्चर


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Dudu Road Infrastructure Development: राजस्थान के दूदू क्षेत्र में मानसून के दौरान जलभराव और उफनते नालों से होने वाली परेशानी कम करने के लिए सड़क और जल निकासी इंफ्रास्ट्रक्चर मजबूत किया जाएगा. सार्वजनिक निर्माण विभाग ने डिप्टी सीएम डॉ. प्रेमचंद बैरवा की अनुशंसा पर चार प्रमुख सड़कों पर हाई-लेवल पुलिया और कलवर्ट निर्माण के लिए कुल 3.15 करोड़ रुपए की वित्तीय स्वीकृति जारी की है. सेवा-कल्याणपुरा एमडीआर सड़क पर 90 लाख, कल्याणपुरा-मूंगी थला विलेज रोड पर 90 लाख, रसीली-लोरडी बिलों रोड पर 75 लाख और मौजमाबाद-खेड़ी सुआ विलेज रोड पर 60 लाख रुपए खर्च होंगे. इन स्ट्रक्चर से बारिश के पानी की निकासी बेहतर होगी और सड़क कटने, यातायात बाधित होने जैसी समस्याएं कम होंगी. इससे ग्रामीण क्षेत्रों का कनेक्टिविटी इंफ्रास्ट्रक्चर मजबूत होने के साथ किसानों, विद्यार्थियों और जरूरी सेवाओं को भी राहत मिलेगी.

दूदू क्षेत्र में मानसून के दौरान जलभराव और उफनते नालों के कारण ग्रामीणों को होने वाली परेशानी कम करने के लिए इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत किया जाएगा. क्षेत्र की चार प्रमुख सड़कों पर हाई-लेवल पुलिया और कलवर्ट बनाए जाएंगे. डिप्टी सीएम डॉ. प्रेमचंद बैरवा की अनुशंसा पर सार्वजनिक निर्माण विभाग ने इन कार्यों के लिए कुल 3.15 करोड़ रुपए की वित्तीय स्वीकृति जारी की है. नए इंफ्रास्ट्रक्चर से बारिश के दौरान जल निकासी बेहतर होने के साथ गांवों का सड़क संपर्क टूटने की समस्या भी कम होने की उम्मीद है.

बारिश के दिनों में इन मार्गों पर पानी का बहाव तेज होने से कई बार आवागमन घंटों बाधित हो जाता था. सड़क पर पानी जमा होने से दूध की सप्लाई, एंबुलेंस जैसी जरूरी सेवाएं और किसानों की आवाजाही प्रभावित होती थी. पुलिया और कलवर्ट बनने के बाद पानी की निकासी के लिए बेहतर रास्ता मिलेगा. इससे बारिश के दौरान भी इन मार्गों पर यातायात सुचारु रखने में मदद मिलेगी.

सबसे ज्यादा 90 लाख रुपए की स्वीकृति सेवा से कल्याणपुरा के बीच एमडीआर सड़क पर हाई-लेवल कलवर्ट निर्माण के लिए दी गई है. यह मार्ग मुख्य जिला सड़क नेटवर्क का हिस्सा होने के साथ आसपास के कई गांवों को तहसील मुख्यालय से जोड़ता है. हाई-लेवल कलवर्ट बनने से सड़क का इंफ्रास्ट्रक्चर मजबूत होगा और जल निकासी व्यवस्था बेहतर होगी. बरसात के दौरान तेज पानी के बहाव से सड़क कटने और यातायात बाधित होने की समस्या कम होगी. इससे ग्रामीण क्षेत्रों का सड़क संपर्क बेहतर और आवागमन अधिक सुगम होने की उम्मीद है.

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इसके अलावा कल्याणपुरा से मूंगी थला के बीच विलेज रोड पर पुलिया के लिए 90 लाख रुपए मंजूर किए गए हैं. रसीली से लोरडी के बीच बिलों रोड पर 75 लाख रुपए और मौजमाबाद से खेड़ी सुआ के बीच विलेज रोड पर 60 लाख रुपए की स्वीकृति जारी हुई है. यानी चारों सड़कों पर अलग-अलग लागत से ऐसे स्ट्रक्चर तैयार किए जाएंगे, जो बारिश के पानी के तेज बहाव को सड़क के ऊपर से गुजरने से रोकने में मदद करेंगे.

इनमें तीन मार्ग ग्रामीण श्रेणी के हैं. ग्रामीणों के अनुसार इन सड़कों पर बनी नीची रपटों के ऊपर मामूली बारिश में भी पानी का बहाव बढ़ जाता था. कई जगह पानी उतरने तक लोगों को सड़क के दोनों ओर इंतजार करना पड़ता था. इसका सीधा असर किसानों, स्टूडेंट्स, मजदूरों और जरूरी काम से आने-जाने वाले लोगों पर पड़ता था. अब स्थायी निर्माण होने से रोजमर्रा के आवागमन में राहत मिलने की उम्मीद है.

इन पुलियाओं का फायदा खेती-किसानी से जुड़े लोगों को भी मिलेगा. खरीफ और रबी सीजन में किसान फसल को मंडियों तक ले जाते हैं, लेकिन बरसात में रास्ता बाधित होने पर उन्हें अतिरिक्त दूरी तय करनी पड़ती थी या पानी कम होने का इंतजार करना पड़ता था. सड़क संपर्क बेहतर होने से कृषि उपज की आवाजाही के साथ दूध जैसी दैनिक जरूरत की सप्लाई भी प्रभावित होने से बच सकेगी.

पीडब्ल्यूडी अधिकारियों के अनुसार कागजी औपचारिकताएं पूरी होने के बाद टेंडर प्रक्रिया शुरू की जाएगी. विभाग का प्रयास है कि निर्माण कार्य समय पर शुरू कर अगले बारिश के मौसम से पहले पूरा कर लिया जाए. अधिशासी अभियंता पीडब्ल्यूडी फागी संदीप टाटीवाल के अनुसार स्वीकृत कार्य पूरे होने के बाद क्षेत्र का सड़क और जल निकासी इंफ्रास्ट्रक्चर मजबूत होगा. हाई-लेवल पुलिया और कलवर्ट बनने से बरसात के दौरान पानी के बहाव से सड़कों को होने वाले नुकसान और यातायात बाधित होने की समस्या काफी हद तक कम की जा सकेगी.

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