Mandla News: मंडला में धोखाधड़ी का एक मामला सामने आया है, जहां लोगों से पैसे डबल करने के नाम पर लिए गए. इसके बाद आरोपी शहर से भाग गए. बाद में बहुचर्चित डबल मनी मामले में पुलिस ने मुख्य आरोपी राजिक समेत कुल 6 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है. पुलिस ने इनके पास से करीब 65 लाख रुपये का मशरूका बरामद किया है. ठगों का फॉर्मूला सीधा था. शुरुआत में कुछ लोगों को पैसा डबल करके बांटा. इसके बाद भरोसा जीता और जब पूरे शहर से करोड़ों रुपये ऐंठ लिए, तो रातों-रात शहर छोड़कर भाग निकले. यह कहानी बिल्कुल फिल्म हेरी फेरी-2 जैसी है, जहां पैसे डबल करने का ऑफर का आता है, लेकिन बाद में वह लोग गायब हो जाते हैं.
शुरुआत में भरोसा जीतने के लिए लौटाया पैसा
दरअसल मंडला में पिछले कुछ समय से रकम दोगुनी करने का एक बड़ा खेल चल रहा था. ठगों ने लोगों को झांसा दिया कि अगर वे एक लाख रुपये जमा करेंगे, तो उन्हें अगले महीने दो लाख रुपये मिलेंगे. शुरुआत में विश्वास जीतने के लिए कुछ लोगों को मुनाफा भी लौटाया गया. जब सैकड़ों लोग इस लालच के जाल में फंस गए और करोड़ों रुपये जमा हो गए. तो मुख्य आरोपी अपने साथियों के साथ फरार हो गया. पीड़ितों के अनुसार कई परिवारों ने अपने गहने गिरवी रखकर और ब्याज पर कर्ज लेकर एजेंटों के जरिए लाखों रुपये लगाए थे.
पुलिस ने जाल बिछाकर सिंडिकेट को किया बेनकाब
आरोपी लग्जरी कारों में राज्यों की सीमाएं लांघते हुए होटलों में छिपते फिर रहे थे. मंडला पुलिस की टीम ने जाल बिछाया, लगातार पीछा किया और सरगना राजिक समेत पूरे सिंडिकेट को बेनकाब कर दिया. एसपी राजेश रघुवंशी ने बताया कि शिकायत दर्ज होने के बाद अब तक 50 से अधिक लोग पुलिस के संपर्क में आए हैं, जिनके बयान दर्ज किए जा चुके हैं. उनके साथ धोखाधड़ी हुई है. पुलिस के अनुसार मुख्य आरोपी ने करीब पांच अन्य लोगों को अपने साथ जोड़कर लोगों को रकम दोगुनी करने का भरोसा दिलाया और पैसा लेकर उसका कथित तौर पर सर्कुलेशन किया.
मामला दर्ज होने के बाद जब पुलिस हरकत में आई तो शिकायत सामने आने तक आरोपी फरार हो चुके थे. इसके बाद पुलिस टीम ने तकनीकी जानकारी और अन्य माध्यमों से उनकी तलाश शुरू की. आरोपी अलग-अलग वाहनों से देश के कई शहरों में जाते और होटल में रुकते थे. इसके बाद पुलिस को चकमा दे रहे थे. मंडला पुलिस ने विशेष टीम गठित कर आरोपियों की तलाश में नागपुर, गोंदिया, मुंबई और बालाघाट सहित कई स्थानों पर दबिश दी. जहां अलग -अलग ठिकानों से इन्हें गिरफ्तार किया है.
बालाघाट का रहने वाला है मुख्य आरोपी
इस डबल मनी कांड का मुख्य आरोपी राजिक कुरैशी इंजीनियरिंग का छात्र है और बालाघाट का रहने वाला है. अब्दुल समीर शेख, निवासी गोंदिया (महाराष्ट्र) है. इसके साथ ही वारदात में शामिल मोहसिन, रासिद खान, साजिद खान और इमरान शेख को भी गिरफ्तार किया है. लोगों को डबल मनी का आईडिया देकर निवेश कराते थे. अब तक करीब पौने दो करोड़ रुपये की धोखाधड़ी की पुष्टि हुई है. पुलिस ने आरोपियों के पास से 32 लाख रुपए नकद, तीन स्कूटी, एक मारुति ब्रेजा कार, एक हुंडई अल्काजार कार और एक मोबाइल फोन बरामद किया है. जब्त संपत्ति की कुल अनुमानित कीमत 66.50 लाख रुपए बताई गई है. जांच में पुलिस को यह भी पता चला कि हुंडई अल्काजार कार पहले गिरवी रखी गई थी. पुलिस के मुताबिक कथित धोखाधड़ी से प्राप्त रकम में से करीब 1 लाख रुपए नकद देकर कार छुड़ाई गई थी.
पुलिस ने आरोपियों से शुरू की पूछताछ
पुलिस ने आरोपियों को रिमांड पर लेकर पूछताछ शुरू कर दी है. निवेशकों से ली गई रकम, लेन-देन, संपत्तियों और मामले से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की जांच की जा रही है. पुलिस अधीक्षक राजेश रघुवंशी ने अपील की है कि यदि किसी दूसरे व्यक्ति के साथ भी पैसा दोगुना करने के नाम पर धोखाधड़ी हुई है. तो वह सामने आकर पुलिस को जानकारी दे. पुलिस का कहना है कि शिकायत मिलने पर कार्रवाई की जाएगी.