ट्रेन में सिर्फ टिकट होना काफी नहीं, पास व कोटे वाले जरूर रखें ये कागज, वरना TTE वसूलेगा जुर्माना

ट्रेन में सिर्फ टिकट होना काफी नहीं, पास व कोटे वाले जरूर रखें ये कागज, वरना TTE वसूलेगा जुर्माना


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फर्जीवाड़े और गलत तरीके से कोटे का फायदा उठाने वालों पर नकेल कसने के लिए रेलवे सख्‍त चेकिंग अभियान चलाएगा. यह अभियान अगले पूरे एक महीना चलेगा. सेंट्रल यात्रियों ने कोटे से टिकट बुक करने वाले यात्रियों को अपनी पहचान के ओरिजिनल दस्‍तावेज साथ लेकर यात्रा करने की अपील की है.

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फोन में रखी फोटो या फोटोकॉपी मान्‍य नहीं होती है.

नई दिल्‍ली. सेंट्रल रेलवे 1 अक्टूबर से 31 अक्टूबर तक सख्‍त टिकट-चेकिंग अभियान चलाया जा रहा है. यह विशेष चेकिंग सिर्फ बड़े रेलवे स्टेशनों के एंट्री-एग्जिट गेट तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि प्लेटफॉर्म्स, लंबी दूरी की ट्रेनों और लोकल ट्रेनों के कोचों में भी टीटीई की टीमें औचक निरीक्षण करेंगी. अगर आपने किसी खास कोटे, रेलवे पास या रियायती किराए के तहत ट्रेन टिकट बुक कराया है और सोच रहे हैं कि सिर्फ कन्फर्म टिकट दिखाकर आराम से सफर पूरा हो जाएगा, तो सावधान हो जाइए. रेलवे ने स्पष्ट कहा है कि ऐसे यात्रियों को अपनी पात्रता साबित करने वाला असली पहचान पत्र (Original ID) साथ रखना होगा. ऐसा न होने पर जुर्माना वसूल किया जा सकता है.

मंगलवार को जारी एक आधिकारिक बयान के मुताबिक, टिकट-चेकिंग स्टाफ यात्रियों की पात्रता की जांच करेगा और रियायत या कोटे के तहत यात्रा करने वालों से ओरिजिनल पहचान पत्र दिखाने के लिए कहेगा. यह चेकिंग रेलवे स्टेशनों और लोकल ट्रेनों, दोनों जगहों पर की जाएगी. सेंट्रल रेलवे ने एक बयान में यात्रियों से अपील की है कि वे वैध टिकट और जरूरी दस्तावेजों के साथ यात्रा करें और यात्रा को सुचारू रूप से पूरा करने के लिए टिकट चेकिंग स्टाफ का सहयोग करें.

ऐप से होगी टिकटों की जांच

टिकट-चेकिंग स्टाफ जरूरत पड़ने पर टीटीई ऐप का इस्तेमाल करके टिकटों (बिना रिजर्वेशन वाले टिकटों सहित) की असलियत की जांच कर सकता है. रियायती टिकट या खास रिजर्वेशन कोटे के तहत यात्रा करने वाले यात्रियों को अपनी पात्रता साबित करने के लिए तय किया गया असली पहचान पत्र साथ रखना होगा.

ये आईडी हैं मान्‍य

मान्य पहचान पत्रों में आधार, पासपोर्ट, पैन, ड्राइविंग लाइसेंस, वोटर आईडी, सरकारी फोटो आईडी, स्टूडेंट आईडी, फोटो वाली बैंक पासबुक और लैमिनेटेड फोटो वाला बैंक क्रेडिट कार्ड शामिल हैं. यात्रियों को असली दस्तावेज साथ रखना चाहिए. सिर्फ फोटोकॉपी या फोन में सेव की गई दस्तावेज की इमेज पर निर्भर नहीं रहना चाहिए.

ई-पास या प्रिविलेज टिकट ऑर्डर (पीटीओ) वाले यात्रियों को तय किया गया असली पहचान पत्र साथ रखना होगा और यह पक्का करना होगा कि यात्रा शुरू करने से पहले ई-पास या पीटीओ को सही तरीके से बदलकर यात्रा के लिए जरूरी ‘अथॉरिटी टू ट्रैवल’ में बदल लिया गया हो. ग्रुप रिजर्वेशन का इस्तेमाल करने वाले यात्रियों को भी पात्रता साबित करने के लिए जरूरी दस्तावेज दिखाने होंगे. जब एक से ज्यादा लोगों के लिए टिकट रिजर्व किया जाता है तो कम से कम एक यात्री के पास जरूरी असली पहचान पत्र होना चाहिए.

अब बढ़ चुका है जुर्माना

जो यात्री अपनी पात्रता साबित नहीं कर पाते या जरूरी दस्तावेज नहीं दिखा पाते, उन पर लागू रेलवे नियमों के तहत कार्रवाई हो सकती है. उन्हें ज्यादा अतिरिक्त शुल्क भी देना पड़ सकता है. ‘जन विश्वास (प्रावधानों में संशोधन) अधिनियम, 2026’ के तहत बदलावों के बाद, 20 जून 2026 से बिना टिकट या अनधिकृत तरीके से यात्रा करने पर न्यूनतम जुर्माना 250 से बढ़ाकर 500 रुपए कर दिया गया है.



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