सरगुजा. छत्तीसगढ़ के सरगुजा जिले में बदलते मौसम के साथ किसानों के लिए कमाई का बेहतर विकल्प बटन मशरूम भी है, जिसे आप अभी कंपोस्ट तैयार करके शुरुआती अक्टूबर के महीने में लगा सकते हैं. इसके लिए आपको बड़ी लागत की जरूरत नहीं है. आप बिना एसी के छोटे से कमरे में ही मशरूम उगा सकते हैं. इस दौरान क्या सावधानियां बरतनी चाहिए, कृषि विशेषज्ञ ने किसानों को स्मार्ट ट्रिक्स बताई हैं.
कृषि विशेषज्ञ डॉ वीर सिंह ने लोकल 18 को बताया कि किसानों के लिए अभी कंपोस्ट तैयार करने का समय है. कंपोस्ट बनने में करीब एक महीने का समय लगता है. इसके बाद अक्टूबर या नवंबर में बटन मशरूम की स्पॉनिंग शुरू की जा सकती है. अंबिकापुर और आसपास के क्षेत्रों का ठंडा मौसम बटन मशरूम के लिए अनुकूल रहता है. सामान्य सेटअप में भी किसान इसकी खेती कर सकते हैं. इसके लिए शुरुआत में एसी की जरूरत नहीं होती.
भूसा, चोकर और जरूरी सामग्री से कंपोस्ट तैयार
बटन मशरूम के लिए गेहूं या पैरा का साफ भूसा, गेहूं का चोकर, यूरिया, जिप्सम और कैल्शियम अमोनियम नाइट्रेट जैसी सामग्री की जरूरत होती है. कंपोस्ट तैयार करने के दौरान इसे दो से तीन दिन के अंतराल पर पलटना जरूरी होता है ताकि सामग्री अच्छी तरह सड़कर गुणवत्तापूर्ण कंपोस्ट में बदल सके.
स्पॉनिंग के लिए मचान या प्लास्टिक बैग का इस्तेमाल
करीब एक महीने में कंपोस्ट तैयार होने के बाद इसमें मशरूम के बीज यानी स्पॉन की बुवाई की जाती है. किसान छोटे सेटअप में मचान बनाकर या करीब 18/24 साइज के प्लास्टिक बैग में भी मशरूम उत्पादन कर सकते हैं. इससे कम जगह में भी खेती शुरू करना संभव है.
तीन क्विंटल कंपोस्ट पर कितना खर्च?
डॉ वीर सिंह के मुताबिक, बटन मशरूम में कंपोस्ट तैयार करने की लागत अन्य मशरूम की तुलना में कुछ अधिक हो सकती है. करीब तीन क्विंटल कंपोस्ट तैयार करने में लगभग 3000 से 4000 रुपये तक खर्च आ सकता है. हालांकि बटन मशरूम की बाजार में कीमत और मांग अच्छी होने के कारण किसानों को इससे बेहतर आमदनी की संभावना रहती है.
डेयरी, दुकानों से लेकर होटल और शादी समारोह तक मांग
बटन मशरूम की बिक्री के लिए स्थानीय बाजार में भी अच्छी संभावनाएं हैं. करीब 200 ग्राम की पैकिंग बाजार में लगभग 50 रुपये के आसपास मिलती है. किसान इसे डेयरी, किराना या अन्य स्थानीय दुकानों के अलावा होटल और रेस्टोरेंट में भी बेच सकते हैं. विशेषज्ञ के अनुसार, शादी, जन्मदिन और अन्य आयोजनों में भी बटन मशरूम की मांग बढ़ी है.
कंपोस्ट की गुणवत्ता पर दें सबसे ज्यादा ध्यान
बटन मशरूम उत्पादन की सफलता के लिए कंपोस्ट की गुणवत्ता बेहद महत्वपूर्ण है. कंपोस्ट बनाने के लिए साफ और अच्छी गुणवत्ता वाले भूसे का इस्तेमाल करना चाहिए. भूसा सड़ा-गला नहीं होना चाहिए. कंपोस्ट का ढेर पर्याप्त मात्रा में होना भी जरूरी है क्योंकि कम मात्रा में ढेर होने पर जरूरी तापमान नहीं बन पाता और डीकंपोजिशन की प्रक्रिया प्रभावित हो सकती है.
अच्छे कंपोस्ट की पहचान
विशेषज्ञ के मुताबिक, तैयार कंपोस्ट में करीब 30 से 40 प्रतिशत नमी होनी चाहिए. उसका रंग भूरा होना चाहिए और उसमें अमोनिया जैसी गैस या तेज गंध नहीं आनी चाहिए. कंपोस्ट तैयार होने के दौरान इसे समय-समय पर पलटना भी जरूरी है ताकि पूरी प्रक्रिया सही तरीके से हो सके.