पिता मुंबई में चलाते हैं ऑटो, बेटे को UP के टॉप मेडिकल कॉलेज में मिला एडमिशन, दादा ने डांस कर मनाया जश्न

पिता मुंबई में चलाते हैं ऑटो, बेटे को UP के टॉप मेडिकल कॉलेज में मिला एडमिशन, दादा ने डांस कर मनाया जश्न


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NEET UG 2026 Success Story : यूपी के एक ऑटो ड्राइवर का बेटा MBBS डॉक्टर बनेगा. जौनपुर के रहने वाले प्रभात कुमार यादव को किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) में दाखिला मिल गया है. उनके पिता मुंबई में ऑटो चलाते हैं.

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Success Story : प्रभात ने गांव से पढ़ाई और कोटा से कोचिंग की थी.

NEET UG 2026 Success Story : कुछ कर गुजरने का जज्जबा और जुनून हो तो गरीबी और संसाधनों की कमी कामयाबी की राह में रोड़ा नहीं बनती है. उत्तर प्रदेश के जौनपुर जिले के मछलीशहर तहसील के देवकीपुर गांव के प्रभात कुमार ने किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU) में MBBS में एडमिशन लेकर इसे सही साबित किया है. प्रभात एक गरीब परिवार से आते हैं. उनके पिता मुंबई में ऑटो चलाकर परिवार का पेट पालते हैं.

प्रभात के पिता ने हाड़तोड़ मेहनत करके उन्हें पढ़ाया और कोचिंग कराई. पिता के भरोसे पर खरे उतरते हुए प्रभात ने नीट यूजी 2026 परीक्षा में 627 नंबर और ऑल इंडिया 3864 रैंक हासिल की. जिससे उन्हें केजीएमयू, लखनऊ में दाखिला मिला. बता दें कि केजीएमयू देश के टॉप मेडिकल कॉलेजों में से एक है. NIRF में इसकी आठवीं रैंक है.

पिता मुंबई में चलाते हैं ऑटो

प्रभात कुमार यादव और उनके दादा इंद्र बहादुर यादव, मां बंशराजी और भाई-बहनों समेत पूरा परिवार गांव में रहता है. जबकि, उनके पिता महेंद्र कुमार यादव पिछले करीब 20 साल से मुंबई में ऑटो चलाते हैं. वह वहां एक छोटी सी चॉल में रहते हैं. ऑटो चलाकर जो कुछ भी कमाते हैं, भरण-पोषण के लिए परिवार के पास भेज देते हैं.

दादा ने डांस कर मनाई खुशी

बेटे के KGMU में एडमिशन मिलने की खबर मिलते ही पिता महेंद्र कुमार यादव भावुक हो गए. वहीं, प्रभात के दादा भी पोते की सफलता पर फूले नहीं समा रहे हैं. एक वायरल वीडियो में वह डांस करके जश्न मनाते नजर आ रहे हैं. उनका कहना है कि प्रभात ने अपनी सफलता के जरिए अपने पिता की मेहनत और त्याग को सम्मान दिया है.

गांव में पढ़ाई, कोटा में कोचिंग

प्रभात ने शुरुआती पढ़ाई गांव में रहकर ही की. 10वीं कक्षा में उनके 89.44% और 12वीं में 83.44% मार्क्स थे. उन्होंने करीब दो साल तक नीट की तैयारी गांव में ही रहकर की. इसके बाद बेहतर तैयारी के लिए कोटा चले गए. यहां उन्होंने एलन एकेडमी ने फीस में करीब 50% की रियासत दी. इसके बावजूद भी उनके लिए शेष फीस के पैसे जुटाना मुश्किल था. इस कठिन समय में उनके मामा दयाराम यादव ने मदद का हाथ बढ़ाया.

दूसरी बार में शानदार सफलता

प्रभात ने नीट यूजी के पहले प्रयास में 504 अंक हासिल किए थे. जिससे उन्हें सरकारी मेडिकल कॉलेज नहीं मिला था. उन्होंने ईयर ड्रॉप लिया और तैयारी जारी रखी. नीट यूजी 2026 में उन्होंने काफी अच्छा प्रदर्शन किया और 627 मार्क्स हासिल किए. उनकी ऑल इंडिया 3864 रैंक थी.



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