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Indore News: इंदौर के कलेक्टर शिवम वर्मा अपने सुरक्षाकर्मी के साथ ई-स्कूटी चलाकर कार्यालय पहुंचे, तो वहीं पुलिस कमिश्नर संतोष सिंह साइकिल चलाकर अन्य अफसरों के साथ अपने दफ्तर पहुंचे.
कलेक्टर शिवम वर्मा ई-स्कूटी चलाकर कार्यालय पहुंचे.
रिपोर्ट- मिथिलेश गुप्ता, इंदौर. मध्य प्रदेश के इंदौर में आज (मंगलवार) नो कार डे मनाया जा रहा है. पर्यावरण संरक्षण और वाहन प्रदूषण कम करने के संदेश के साथ लोगों से निजी कारों का इस्तेमाल नहीं करने की अपील की गई है. खास बात यह रही कि इस मुहिम में प्रशासन और पुलिस के आला अधिकारी भी शामिल हुए. कलेक्टर शिवम वर्मा टू-व्हीलर से ऑफिस पहुंचे, तो पुलिस कमिश्नर संतोष सिंह साइकिल चलाकर अधिकारियों के साथ कार्यालय पहुंचे. अधिकारियों ने लोगों से भी अपील की कि छोटी दूरी के लिए कार की जगह साइकिल, दोपहिया या पब्लिक ट्रांसपोर्ट का इस्तेमाल करें.
इंदौर में 22 सितंबर को नो कार डे मनाया जा रहा है. पर्यावरण संरक्षण और वाहनों से होने वाले प्रदूषण को कम करने के उद्देश्य से लोगों से एक दिन के लिए निजी कार का इस्तेमाल नहीं करने की अपील की गई है. इसी संदेश को आगे बढ़ाते हुए प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों ने भी कार की जगह वैकल्पिक परिवहन का इस्तेमाल किया. इंदौर के कलेक्टर शिवम वर्मा अपने गार्ड के साथ ई-स्कूटी चलाकर ऑफिस पहुंचे. वहीं पुलिस कमिश्नर संतोष सिंह साइकिल चलाकर अधिकारियों के साथ अपने कार्यालय पहुंचे.
नो कार डे सिर्फ एक दिन का अभियान नहीं
कलेक्टर शिवम वर्मा ने कहा कि नो कार डे सिर्फ एक दिन का अभियान नहीं है बल्कि लोगों को रोजमर्रा की जिंदगी में पर्यावरण के अनुकूल परिवहन अपनाने के लिए जागरूक करने की कोशिश है. 22 सितंबर को दुनिया के कई हिस्सों में कार-फ्री डे के तौर पर यह अभियान चलाया जाता है. इसका मकसद निजी वाहनों का इस्तेमाल कम कर साइकिल, पैदल चलने और सार्वजनिक परिवहन जैसे विकल्पों को बढ़ावा देना है.
इंदौर में पिछले कई साल से चल रही मुहिम
पुलिस कमिश्नर संतोष सिंह ने कहा कि इंदौर में भी पिछले कई वर्षों से नो कार डे को लेकर मुहिम चलाई जा रही है. प्रशासन की अपील है कि लोग छोटी दूरी के सफर में कार की जगह साइकिल, दोपहिया या पब्लिक ट्रांसपोर्ट का इस्तेमाल करें. इससे पर्यावरण संरक्षण के साथ शहर की सड़कों पर निजी वाहनों का दबाव कम करने में भी मदद मिल सकती है.