पटना से दिल्ली सहित 5 राज्यों के लिए चलेंगी बसें, दुर्गा पूजा से दीपावली और छठ तक होगा परिचालन

पटना से दिल्ली सहित 5 राज्यों के लिए चलेंगी बसें, दुर्गा पूजा से दीपावली और छठ तक होगा परिचालन


Last Updated:

यदि आप भी दुर्गा पूजा से लेकर दीपावली और छठ पर्व पर अपने गांव-घर, बीवी-बच्चों और माता-पिता सहित परिजनों के साथ त्योहार मनाना चाहते हैं लेकिन, ट्रेन में टिकट की मारामारी अभी से ही मची हुई है तो बस का सफर आपके लिए बढ़िया विकल्प हो सकता है.

Zoom

पटना: 25 सितंबर से दिल्ली सहित पांच राज्यों के लिए त्योहारी बसें चलेंगी. 100 से अधिक त्योहारी बसों का 25 सितंबर से परिचालन शुरू होगा. बीएसआआरटीसी की आधिकारिक वेबसाइट पर टिकट बुकिंग शुरू है. दुर्गा पूजा से छठ तक इन बसों का परिचालन होगा. अब अप्रवासियों को घर लौटने में सहूलियत होगी. डिलक्स, एसी, नॉन एसी सीटर और एसी स्लीपर श्रेणी की बसें इस त्योहारी सीजन में चलेंगी. प्रत्येक बस पर 40 से अधिक यात्री आरामदायक सफर कर सकेंगे. दुर्गा पूजा, दीपावली और छठ पर्व तक बसों का नियमित परिचालन होगा. दिल्ली, हरियाणा, उतर प्रदेश, झारखंड और पश्चिम बंगाल के लिए विशेष बसें चलेंगी.

इन सभी रूट की बसों से जुड़ी अधिक जानकारी के लिए टोल फ्री नंबर 1800-345-7251 जारी किया गया है. पटना से गाजियाबाद का किराया नान एसी सीटर में 1544 रुपये निर्धारित किया गया है. एसी सीटर में किराया 1896 रुपये और एसी स्लीपर बस में यात्रा करने के लिए 2823 रुपये किराया रखा गया है. इसी तरह पटना से वाराणसी के लिए किराया 435 रुपये, 531 रुपये और 601 रुपये रखा गया है. पटना से पानीपत के लिए अलग-अलग बस के हिसाब से 1483 रुपये से लेकर 1811 और 2727 रुपये तक किराया है.

बात करें पटना से पश्चिम बंगाल यानी कोलकाता के किराए की तो यहां भी अलग अलग एसी, नॉन एसी और स्लीपर बसों के हिसाब से 874 रुपये से लेकर 1143 रुपये तक किराया है. पटना से रांची के लिए 567 रुपये सामान्य किराया है. इसी तरह पटना से सिलीगुड़ी के लिए 752 रुपये से किराए की शुरुआत होती है जो 915 रुपये तक जाता है.

गयाजी से कोलकाता का किराया 776 रुपये से लेकर 945 रुपये है. किशनगंज से दिल्ली रूट पर 2000 रुपये से लेकर 3375 रुपये तक किराया है.

आपको बता दें कि यह सुविधा उन लोगों के एक बेहतर विकल्प है जो तिथि-त्योहार पर अपने घर पहुंचना चाहते हैं और अपनों के बीच त्योहार मनाना चाहते हैं. हालांकि, कई बार लोगों को ट्रेन में टिकट और सीट नहीं मिलने की वजह से वह तिथि-त्योहार पर भी अपने घर नहीं जा पाते हैं. अब बसों की सुविधा से लोगों को घर आना जाना आसान होगा.



Source link