यूपी चुनाव में ‘वोट चोरी’ पर रैलियों की ‘बाढ़’ लाएगी कांग्रेस, प्रियंका गांधी ने आराधना मिश्रा को मोर्चे पर लगाया

यूपी चुनाव में ‘वोट चोरी’ पर रैलियों की ‘बाढ़’ लाएगी कांग्रेस, प्रियंका गांधी ने आराधना मिश्रा को मोर्चे पर लगाया


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Congress Preparing for UP Elections: उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस कथित वोट चोरी के खिलाफ जिला स्तर पर प्रदर्शन करने की तैयारी में है. प्रियंका गांधी ने राजेंद्र पाल गौतम, आराधना मिश्रा मोना और इमरान मसूद को इन आंदोलनों के लिए जगह का निर्धारण करने को कहा है. 20 नवंबर से इन आंदोलनों को शुरू किए जाने की बात कही जा रही है. इस आंदोलन में महंगाई और बेरोजगारी को भी मुद्दा बनाया जाएगा.

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प्रियंका गांधी ने यूपी के शीर्ष नेताओं को वोट चोरी पर रैलियों की प्लानिंग करने को कहा गया है.

राहुल गांधी की अगुवाई में इंडिया गठबंधन की एक नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में कथित वोट चोरी के खिलाफ हुए आंदोलन के बाद अब इसे उत्तर प्रदेश लाने की तैयारी है. उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच कांग्रेस यहां जिला स्तर पर कथित वोट चोरी के खिलाफ आंदोलन का प्लान बनाई है.

कांग्रेस ने आंदोलन के लिए यूपी को क्यों चुना?

कांग्रेस नेताओं के हालिया बयानों पर ध्यान देने पर पता चलता है कि पार्टी हर हाल में उत्तर प्रदेश में खुद को मजबूत करना चाहती है. लगातार 37 साल सत्ता से बाहर रहने के चलते पूरे राज्य में पार्टी सांगठनिक रूप से बिलकुल कमजोर हो चुकी है. प्रदेश अध्यक्ष आराधना मिश्रा मोना भी स्वीकरती हैं कि संगठन को एक दिन में नहीं खड़ा किया जा सकता है.

इसके लिए चरणबद्ध तरीके से काम करने की जरूरत है. माना जा रहा है कि वोट चोरी के खिलाफ जारी आंदोलन को जिलों तक ले जाने के पीछे ये भी एक मकसद है. पार्टी का सोचना है कि इस तरह के आंदोलनों से पुराने कार्यकर्ताओं को एकजुट करने में मदद मिलेगी. कार्यकर्ता देख चुके हैं कि दिल्ली में राहुल गांधी को किस किस्म का समर्थन मिल रहा है. इससे उनमें नये सिरे से उत्साह जाग सकता है, जिसका फायदा आगामी विधानसभा चुनाव में भी देखने को मिल सकता है.

यूपी में कब से रैलियां करेगी कांग्रेस?

3 नवंबर को दिल्ली में प्रियंका गांधी के साथ हुई बैठक में तय हुआ है कि 20 नवंबर से वोट चोरी के खिलाफ यूपी में प्रदर्शन को शुरू किया जाए. इसके लिए यूपी के शीर्ष नेताओं को जिम्मेदारी सौंपी गई है कि वो उन जगहों का चुनाव करके बताएं जहां आंदोलन का अयोजन किया जा सके. पार्टी महासचिव प्रियंका गांधी ने इन आंदोलनों की पूरी रूपरेखा तैयार करने की जिम्मेदारी प्रदेश प्रभारी राजेंद्र पाल गौतम, प्रदेश अध्यक्ष आराधना मिश्रा ‘मोना’ और कार्यकारी अध्यक्ष इमरान मसूद को तैयार करने का जिम्मा सौंपा गया है. चर्चा है कि इन आंदोलनों में कांग्रेस के राष्ट्रीय नेता भी शामिल हो सकते हैं.

इन रैलियों में महंगाई और बेरोजगारी भी होगा मुद्दा

कांग्रेस की तैयारी है कि वोट चोरी के मुद्दे पर उत्तर प्रदेश के जिलों में होने वाले आंदोलनों में महंगाई और बेरोजगारी को भी मुद्दा बनाया जाएगा. कांग्रेस के मीडिया विभाग में अहम पद संभालने वाली प्रियंका गुप्ता और राष्ट्रीय प्रवक्ता अभय दुबे ने आरोप लगाया कि बीजेपी की सरकारों में बेरोजगारी और महंगाई रिकॉर्ड तोड़ रही है. 12 साल में रसोई गैस की कीमतें 128 फीसदी बढ़ी हैं. आटा, चीनी, तेल और दूसरे खाने के सामान भी कई गुना बढ़ गए हैं.



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